ब्रेकिंग
आदरणीय प्रधानमंत्री महोदय,शिक्षा मंत्री महोदय और तमाम राज्यों के सीएम साहब के नाम खुला पत्र सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: कर्नाटक में UAPA मामलों की रोजाना सुनवाई के लिए बनेगा अलग स्पेशल कोर्ट जस्टिस यशवंत वर्मा मामले में बड़ी कार्रवाई, राज्यसभा में पेश की गई 3 सदस्यीय जांच समिति की रिपोर्ट देहरादून-मसूरी मार्ग पर सड़क चौड़ीकरण के दौरान भीषण भूस्खलन, सड़क पर गिरा भारी मलबा जालंधर के अवतार नगर में सनसनीखेज डबल मर्डर, कलयुगी युवक ने अपनी पत्नी और पिता की हत्या कर मचाया हड़क... 'जंतर-मंतर सीजन-2' का जल्द होगा आगाज: CJP फाउंडर अभिजीत दिपके का बड़ा ऐलान, हॉल न मिलने पर भाजपा पर ... नोएडा में 'स्पेशल 26' स्टाइल में 29 लाख की भीषण लूट, फर्जी GST अधिकारी और पुलिसकर्मी बनकर 5 शातिर गि... बिहार में शराबबंदी लागू होने के एक दशक बाद फिर छिड़ी बहस, NCAER रिपोर्ट के बाद जीतन राम मांझी का बड़... जालोर में गोमाता के प्रति अनूठी आस्था, 'राधा' गाय पहनती है 10 किलो चांदी के गहने, बन रहा 1 करोड़ का ... ग्रेटर नोएडा में भारी बारिश से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट में जलभराव, अखिलेश यादव ने सरकार पर कसा तंज
महाराष्ट्र

महाराष्ट्र में ED का ‘ऑपरेशन क्लीन’: FCRA नियमों के उल्लंघन पर ताबड़तोड़ कार्रवाई, विदेशी धन के दुरुपयोग का पर्दाफाश।

महाराष्ट्र में एक बड़े विदेशी फंडिंग घोटाले को लेकर ईडी ने बीते सप्ताह बड़ी कार्रवाई की थीजांच एजेंसी का ये एक्शन गुरुवार को नंदुरबार जिले के अक्कलकुवा और मुंबई में हुआ थाजिसमें जामिया इस्मालिया इशातुल उलूम (JIIU) ट्रस्टयमनी नागरिक अल-खदामी खालेद इब्राहिम सालेह और अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ चल रही जांच के तहत 12 ठिकानों पर छापेमारी की गई थी.

इस मामले की शुरुआत अक्कलकुवा पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर और 11 अप्रैल 2025 को दाखिल की गई चार्जशीट के बाद हुई थी. आरोप है कि ट्रस्ट के जरिए विदेशों से आए पैसों को गलत तरीके से ऐसे संगठनों तक पहुंचाया गया, जिनके पास एफसीआरए (Foreign Contribution Regulation Actकी अनुमति ही नहीं थी.

2024 में रद्द हुआ था रजिस्ट्रेशन

गौरतलब है कि गृह मंत्रालय ने 15 जुलाई 2024 को ही जामिया इस्मालिया इशातुल उलूम ट्रस्ट का एफसीआरए रजिस्ट्रेशन रद्द कर दिया था. मंत्रालय की जांच में पाया गया था कि ट्रस्ट नियमों का उल्लंघन करते हुए विदेशी फंड को अन्य गैरFCRA पंजीकृत एनजीओ को भेज रहा थाछापेमारी के दौरान टीमों ने कई दस्तावेpडिजिटल डेटा और फंडिंग से जुड़े रिकॉर्ड अपने कब्जे में लिए हैं.

कई लोगों से पूछताछ जारी

अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई का मकसद यह पता लगाना है कि विदेशी धन किस तरह और किन-किन चैनलों के माध्यम से आगे भेजा गयाजांच एजेंसियों के अनुसारट्रस्ट से जुड़े कुछ लोग विदेशों में बैठे व्यक्तियों के संपर्क में थे और उन्हीं के निर्देश पर पैसा आगे बढ़ाया जा रहा था. अभी तक इस मामले में कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है लेकिन कई लोगों से पूछताछ जारी है.

उधर, ईडी ने केआईआईएफबी मसाला बॉन्ड मामले में केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन, पूर्व वित्त मंत्री थॉमस इसाक और मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव केएम अब्राहम को 466 करोड़ रुपये का फेमा कारण बताओ नोटिस जारी किया है. ईडी ने विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम के प्रावधानों के तहत यह नोटिस जारी किया था.यह जांच केआईआईएफबी द्वारा मसाला बॉन्ड के जरिए 2 हजार करोड़ रुपये जुटाने और फेमा मानदंडों के अनुपालन से जुड़ी है.

Related Articles

Back to top button