ब्रेकिंग
कांग्रेस नेता तुकाराम चंद्रवंशी के खिलाफ FIR, गुंडागर्दी और छेड़छाड़ के आरोप धमतरी के मगरलोड में धान उपार्जन में लापरवाही बरतने वाला खाद्य निरीक्षक निलंबित बार बालाओं का अश्लील डांस बीजेपी के लिए कला है तो ये उनकी संस्कृति है, छत्तीसगढ़ की नहीं: दीपक बैज छत्तीसगढ़ में जारी रहेंगे श्रम सुधार, श्रमिकों को मिली 800 करोड़ रुपये से ज्यादा की मदद: लखन लाल देव... जबलपुर कृषि विश्वविद्यालय में डॉ अखिल जैन देंगे व्याख्यान, 5 लाख किसानों को दे चुके हैं निशुल्क प्रश... बालोद में धान खरीदी को लेकर कांग्रेस नाराज, कलेक्टर से मिलकर दर्ज कराई शिकायत कोंडागांव में धान उठाव नहीं होने से किसान परेशान, नेशनल हाईवे पर लगाई गाड़ियां, सैकड़ों वाहन फंसे धान खरीदी केंद्र में हुई अनियमितता पर एक्शन, ऑपरेटर और समिति प्रबंधक बर्खास्त साध्वी हर्षा गंगा में डुबकी लगा मौनी अमावस्या पर फैशन मॉडल बन होंगी प्रकट, उतारेंगी भगवा चोला गांव की महिला को प्रेग्नेंसी से गंभीर खतरा, प्रोटोकॉल छोड़ हाल जानने पहुंचे सागर कलेक्टर
देश

पता नहीं राणे का कांग्रेस में शामिल होने का फैसला गलत था या बड़ी भूल: पवार

नई दिल्ली: मुम्बई पूर्व शिवसेना नेता नारायण राणे के कांग्रेस में शामिल होने के फैसले पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार ने कहा कि पता नहीं यह फैसला एक गलती थी या एक बड़ी भूल। राणे 2005 में कांग्रेस में शामिल हुए थे जबकि उनके पास राकांपा में शामिल होने का भी विकल्प था।

राणे की आत्मकथा के विमोचन के मौके पर पवार ने शुक्रवार कहा,  उन्होंने कांग्रेस को चुना। मैं नहीं बता सकता कि यह एक गलती थी या एक बड़ी भूल। राकांपा प्रमुख ने कहा कि कांग्रेस द्वारा तब उन्हें मुख्यमंत्री बनाए जाने का वादा करने पर मैंने राणे से कहा था कि कांग्रेस इस तरह काम नहीं करती। उन्होंने कहा, च्च् कांग्रेस इस तरह काम नहीं करती। मुझे पता है क्योंकि मैंने अपने जीवन का लंबा समय उनके साथ बिताया है।

वहीं राणे ने कहा, जब मैं विधायक बना तब मैं मंत्री बनना चाहता था और जब मैं मंत्री बना तो मैं मुख्यमंत्री बनना चाहता था और बना भी। अब मैं सांसद हूं लेकिन अपनी इच्छा से नहीं। राणे ने कहा कि उनको बुरा लगता है कि उनके जीवन का अधिकतर समय बर्बाद हो गया और अब भी बर्बाद हो रहा है। इस समारोह में केन्द्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद थे। राणे ने 2017 में कांग्रेस छोड़ च्महाराष्ट्र स्वाभिमान पक्ष का गठन किया था और बाद में वह सत्तारूढ़ भाजपा के सहयोगी बन गए। अभी वह भाजपा की टिकट पर राज्यसभा के सदस्य हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button