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फाटक पर न लगे जाम इसलिए ब्रिज निर्माण पर है फोकस

इस वित्तीय वर्ष 22 ओवरब्रिज, अंडरब्रिज व सबवे का किया निर्माण दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे जोन में सुरक्षित परिचालन के साथ आम नागरिकों की सुरक्षा का भी ख्याल रखा जा रहा है। यही वजह है कि अन्य कार्यों के साथ-साथ रेल प्रशासन धीरे-धीरे फाटक बंद कर, उनकी जगह पर ओवरब्रिज, अंडरब्रिज व सबवे का निर्माण करा रहा है। निर्माण के बाद अब इन फाटकों पर जाम नहीं लगता।

इतना ही नहीं ट्रेनें भी बिना रुके गंतव्य के लिए रवाना हो जाती हैं। रेल के व्यापक नेटवर्क होने के कारण रेलवे और सड़क मार्ग जगह- जगह एक दूसरे को क्रास करते हैं। सड़क रेलवे लाइन को जहां क्रास करती है, वहां पर सड़क यातायात के सुगम, संरक्षित और निर्बाध यातायात के लिए लेवल क्रासिंग गेट बनाए गए हैं।

रेलवे लाइन पर ट्रेन चलने के समय लेवल क्रासिंग गेट को बंद कर दिया जाता है और ट्रेन को सुरक्षित पास करने के बाद रोड यातायात को खोल दिया जाता है , ताकि सड़क मार्ग से गुजरने वाले राहगीर गंतव्य तक सुरक्षित पहुंच सकें। ट्रेन परिचालन भी निर्बाध और संरक्षित रूप से होता रहे। समय के साथ दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में रेलवे के आधारभूत संरचनाओं में वृद्धि होने के कारण इन लेवल क्रासिंग गेट पर यातायात प्रभावित होता है।

सड़क मार्ग से वाहनों के लगातार गुजरने के कारण गेट से पहले सिग्नल पर ट्रेन रुक जाती है तो कभी ट्रेन के लगातार चलते रहने के कारण पर सड़क मार्ग से गुजरने वाले राहगीरों को इंतजार करना पड़ता है। खासकर व्यस्त राजमार्गों या शहर के मध्य में स्थित लेवल क्रासिंग गेट पर यह समस्या गंभीर हो जाती है। विकसित होते शहर, गांव, कस्बे की बसाहट लगातार बढ़ रही है।

सड़क मार्ग के परिवहन की संरक्षा को बेहतर करने व असुविधा को कम करने के लिए व्यस्त समपारों की जगह इस समस्या के समाधान के लिए उपलब्ध संसाधनों और प्राथमिकता के आधार पर रेलवे द्वारा लिमिटेड हाइट सबवे, ओवरब्रिज, अंडरब्रिज निर्माण किया जा रहा है। पिछले वित्तीय वर्ष में आठ ओवरब्रिज और 14 अंडर ब्रिज का निर्माण किया गया।

इस वित्तीय वर्ष में 15 ओवरब्रिज व 36 अंडरब्रिज का लक्ष्य

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में 145 ओवरब्रिज व 452 अंडर ब्रिज और लिमिटेड हाइट सबवे हैं। पिछले वित्तीय वर्ष में आठ ओवरब्रिज व 14 अंडरब्रिज का निर्माण किया गया। इस वित्तीय वर्ष में 15 ओवरब्रिज, 36 अंडर ब्रिज व लिमिटेड हाइट सबवे का निर्माण का लक्ष्य है। उनमें से पांच ओवरब्रिज व अंडरब्रिज का कार्य पूरा हो गया है।

लाइन के दोनों क्षेत्र को जोड़ने में सेतु का करते हैं काम

रोड ओवरब्रिज व अंडर ब्रिज से राजमार्ग और पटरियों के बीच फाटक से गुजरने की आवश्यकता नहीं पड़ती। इसके अलावा फाटक बंद होने ट्रैफिक जाम की समस्या भी दूर हो जाती है और लोगों को इंतजार भी नहीं करना पड़ता। ट्रेनों की औसत गति में वृद्धि भी होती है। इसके साथ ही यात्रा में कम समय लगता है। इसका एक लाभ यह भी है कि रेलवे ट्रैक के दोनों ओर के क्षेत्र आपस में जुड़ जाते हैं।

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