ब्रेकिंग
🚨 लातूर के औसा में स्कूल में वीडियो बनाने पर CJP संस्थापक अभिजीत दीपके पर FIR दर्ज लखनऊ KGMU में MBBS इंटर्न्स की भूख हड़ताल: ₹12,000 से बढ़ाकर ₹30,000 स्टाइपेंड करने की मांग, गेट पर ... बेंगलुरु के डोड्डाबल्लापुर में बड़ी कार्रवाई: पाकिस्तान स्थित गैंग से जुड़े 28 वर्षीय AC टेक्नीशियन ... बीजेपी की नई राष्ट्रीय टीम की पहली बैठक: वंदे मातरम् पर देशव्यापी अभियान का ऐलान, Gen Z से जुड़ेंगे ... जयपुर में जर्जर स्कूल पर एक्शन: पुराने भवन से 50 मीटर दूर ग्रामीण के मकान में शिफ्ट हुई कक्षाएं, 16 ... संभाजीनगर ट्रिपल डेथ केस: आईफोन की जिद या कोई और वजह? DCP रत्नाकर नवले बोले- जांच पूरी होने तक अफवाह... बिहार के DMCH में अमानवीयता की हद: गार्ड ने टूटे पैर वाले लावारिस मरीज को जमीन पर घसीटा, अधीक्षक ने ... 71 की उम्र में मेगास्टार चिरंजीवी का बॉक्स ऑफिस पर दबदबा, संक्रांति 2027 पर रिलीज होगी 'काका' पहलगाम हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद पर NIA का शिकंजा: लाहौर भेजा जाएगा समन, गैर-मौजूदगी में चलेगा ट... 'मर्द औरतों को कंट्रोल क्यों करना चाहते हैं?': राहुल गांधी ने पुणे में छात्राओं से किया सीधा संवाद, ...
खेल

इतनी उम्मीदें मत पालो कि दिल ही टूट जाए, भारत के विश्व कप फाइनल हारने पर बोले कपिल देव

गुरूग्राम : भारत को पहली बार 1983 में विश्व कप दिलाने वाले पूर्व कप्तान कपिल देव ने इस महीने वनडे विश्व कप फाइनल में आस्ट्रेलिया के हाथों भारत की छह विकेट से हार पर कहा कि अत्यधिक हाइप से दिल टूटते हैं लिहाजा संतुलन बनाए रखना जरूरी है। उन्होंने कहा कि भारतीय प्रशंसकों को इतना दबाव नहीं बनाना चाहिये और क्रिकेट को दूसरे खेल की तरह ही लेना चाहिए।

उन्होंने यहां कपिल देव ग्रांट थोर्नटन आमंत्रण गोल्फ टूर्नामेंट के पहले टी आफ कार्यक्रम से इतर कहा, ‘इतनी उम्मीदें मत पालिये कि दिल टूट जाएं। संतुलन बनाना जरूरी है। दूसरी टीमें भी भारत विश्व कप खेलने आई थी। इतनी हाइप मत बनाइए। हमें खेल को खेल की तरह ही लेना चाहिए। जो मैच के दिन अच्छा खेलता है, उसका सम्मान करिए। हम ज्यादा ही जज्बाती हैं।’

भारत ने लगातार दस मैच जीते लेकिन फाइनल में हार गया। पिछले दस साल में भारत आठ आईसीसी टूर्नामेंटों में से सात में नॉकआउट में हार गया है। कपिल ने कहा, ‘आज के खिलाड़ी ही बता पाएंगे कि वे कितना दबाव महसूस करते हैं। हम सिर्फ अनुभव कर सकते हैं।’ उन्होंने कहा, ‘भारत जीतता है तो अच्छा लगता है। हमें कुछ कमियों पर ध्यान देना होगा। जीत के बाद भी कमियां रहती हैं और अहम यह है कि उन्हें दूर किया जाए।’

कपिल ने कहा, ‘भारत ने लगातार दस मैच जीते। क्या यह काफी नहीं है। हमें दूसरी टीमों को भी देखना चाहिए। तुलना करने की जरूरत नहीं है। यह देखना चाहिए कि हमने अच्छा खेला या नहीं। हमने बहुत अच्छा खेला और बस फाइनल का दिन हमारा नहीं था।’ उन्होंने कहा, ‘दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड को देखिए। इंग्लैंड तो गत चैम्पियन था लेकिन सातवें स्थान पर रहा।’

उन्होंने फाइनल में हार के बाद भारतीय ड्रेसिंग रूम में जाकर खिलाड़ियों को ढांढस बंधाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा की। उन्होंने कहा, ‘प्रधानमंत्री हौसलाअफजाई नहीं करेंगे तो कौन करेगा। वह देश के नंबर एक व्यक्ति हैं और उनका समर्थन पाना अच्छा लगता है।’ उन्होंने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में विराट कोहली और रोहित शर्मा के भविष्य पर टिप्पणी से इनकार करते हुए कहा, ‘यह चयनकर्ताओं का काम है और उन्हीं पर छोड़ देना चाहिए। हर बात पर टिप्पणी करना अच्छा नहीं है। वे जिम्मेदार हैं और उन्हें जो ठीक लगता है, वह करना चाहिए।’

Related Articles

Back to top button