ब्रेकिंग
सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: कर्नाटक में UAPA मामलों की रोजाना सुनवाई के लिए बनेगा अलग स्पेशल कोर्ट जस्टिस यशवंत वर्मा मामले में बड़ी कार्रवाई, राज्यसभा में पेश की गई 3 सदस्यीय जांच समिति की रिपोर्ट देहरादून-मसूरी मार्ग पर सड़क चौड़ीकरण के दौरान भीषण भूस्खलन, सड़क पर गिरा भारी मलबा जालंधर के अवतार नगर में सनसनीखेज डबल मर्डर, कलयुगी युवक ने अपनी पत्नी और पिता की हत्या कर मचाया हड़क... 'जंतर-मंतर सीजन-2' का जल्द होगा आगाज: CJP फाउंडर अभिजीत दिपके का बड़ा ऐलान, हॉल न मिलने पर भाजपा पर ... नोएडा में 'स्पेशल 26' स्टाइल में 29 लाख की भीषण लूट, फर्जी GST अधिकारी और पुलिसकर्मी बनकर 5 शातिर गि... बिहार में शराबबंदी लागू होने के एक दशक बाद फिर छिड़ी बहस, NCAER रिपोर्ट के बाद जीतन राम मांझी का बड़... जालोर में गोमाता के प्रति अनूठी आस्था, 'राधा' गाय पहनती है 10 किलो चांदी के गहने, बन रहा 1 करोड़ का ... ग्रेटर नोएडा में भारी बारिश से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट में जलभराव, अखिलेश यादव ने सरकार पर कसा तंज बांकीपुर विधायक प्रशांत किशोर का 10 हजार नौकरियों का बड़ा ऐलान, बिहार के सियासी गलियारों में मचा हड़...
मध्यप्रदेश

प्रदेश में मेहमान बनकर आए हाथियों को बोझ मानना ही पड़ गया भारी, पर सरकार ने इसके लिए कभी बजट ही नहीं दिया…

 जबलपुर। हमेशा अपने बाघों को लेकर चर्चा में रहने वाला बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व इन दिनों हाथियों की मौत को लेकर सुर्खियों में है। करीब छह साल पहले बांधवगढ़ में हाथी मेहमान बनकर आए थे। यहां वातावरण उन्हें इतना पसंद आया कि उन्होंने इसे अपना नया घर ही बना लिया।

वर्ष 2018 में बसने की नीयत से मध्य प्रदेश पहुंचा था

दुनिया का सबसे बड़ा गार्डनर हाथी जब वर्ष 2018 में बसने की नीयत से मध्य प्रदेश पहुंचा तो आम ग्रामीणों, किसानों की तरह ही वन अधिकारियों ने भी उसे अपने लिए संकट ही महसूस किया।

गांव के लोगों को भी हाथियों के साथ रहने की आदत डालनी होगी

जंगलों के आसपास बसने वालों के लिए जब हाथी समस्या बनने लगे तो प्रदेश के वन अधिकारियों को बताया गया कि न सिर्फ उन्हें बल्कि गांव के लोगों को भी हाथियों के साथ रहने की आदत डालनी होगी।

अधिकारियों का रुख भी हाथियों के प्रति सकारात्मक नहीं रहता है

  • पिछले छह सालों में कुछ हद तक इस बात को वन अधिकारी तो समझने लगे।
  • अभी भी वन अधिकारी गांव के लोगों को यह जरूरी बात नहीं समझा सके हैं।
  • मुख्य वजह सरकार का सारा फोकस और बजट प्रोजेक्ट टाइगर के लिए होता है।
  • इसी कारण अधिकारियों का रूख भी हाथियों के प्रति सकारात्मक नहीं रहता है।

संक्रमण से बचाने की जिम्मेदारी वन विभाग की ही होती है

जब पार्क प्रबंधन प्रोजेक्ट टाइगर के लिए जंगल से लगे गांवों में मवेशियों का टीकाकरण कराता है तो निश्चित तौर पर जंगल से लगे खेतों में होने वाली फसलों को भी इस तरह के संक्रमण से बचाने की जिम्मेदारी वन विभाग की ही होती है।

Related Articles

Back to top button