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महाराष्ट्र

हवन कुंड बना मौत का कारण! घी डालने के लिए झुकी महिला की ओढ़नी में लगी आग, भीषण रूप से झुलसने के बाद मौत, महाराष्ट्र में दुखद हादसा

महाराष्ट्र के डोंबिवली (पूर्व) के तिलकनगर में हवन कुंड में घी डालते समय एक महिला आग की लपटों में बुरी तरह झुलस गई. दो सप्ताह तक चले इलाज के बाद सोमवार सुबह उसकी मौत हो गई. मृतका की पहचान सरिता निरंजन ढाका (उम्र 33 वर्ष) के रूप में हुई है. यह हादसा नवरात्रि के आठवें दिन हुआ था.

सरिता ढाका अपने पति निरंजन इंदरलाल ढाका (36) के साथ तिलकनगर स्थित शिव पैराडाइज बिल्डिंग में रहती थीं. नवरात्रि की अष्टमी के दिन बिल्डिंग परिसर में विशेष हवन पूजा का आयोजन किया गया था. इस पूजा में कई परिवार शामिल हुए थे. धार्मिक परंपरा के अनुसार, हवन कुंड में घी और धूप डालकर देवी पूजा की जा रही थी. इस दौरान सरिता ने सिर पर पतली ओढ़नी ओढ़ रखी थी और वह भी हवन कर रही थी.

आग की चपेट में आने से महिला झुलसी

इसी बीच, सरिता हवन कुंड में घी डालने के लिए झुकी. उसी समय आग की लपटें अचानक ऊपर की ओर उठीं, और सरिता के सिर पर रखी ओढ़नी को चपेट में ले लिया. थोड़ी ही देर में ओढ़नी में लगी आग उसके पूरे शरीर में फैल गई.

मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत आग बुझाने की कोशिश की और शरीर पर पानी डाला, लेकिन तब तक वह गंभीर रूप से झुलस चुकी थी. तुरंत डोंबिवली एमआईडीसी स्थित एम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया. दो सप्ताह तक इलाज जारी रहा, लेकिन सोमवार सुबह सरिता ने दम तोड़ दिया.

महिला की मौत से मचा कोहराम

वहीं, तिलकनगर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की. पुलिस ने इस मामले को भारतीय दंड संहिता की धारा 174 (आकस्मिक मृत्यु) के तहत दर्ज किया है. सरिता की मौत के बाद तिलकनगर में मातम छा गया है. पड़ोसी इस हादसे से गहरे सदमे में हैं. स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से अपील की है कि भविष्य में इस तरह के धार्मिक आयोजनों के दौरान सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए जाएं, ताकि श्रद्धालुओं की जान को खतरा न हो.

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