बड़वानी के पानसेमल में कांग्रेस को करारा झटका, डेढ़ सौ कार्यकर्ता बीजेपी में शामिल

बड़वानी : जिले के पानसेमल में कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है. 150 से अधिक कार्यकर्ता भाजपा में शामिल हो गए. इस प्रकार 100 परिवारों के वोट अब बीजेपी को मिलेंगे. इन लोगों ने विकास कार्यों की समस्याएं बताकर कांग्रेस छोड़ी. पानसेमल विधानसभा सीट पर कांग्रेस को ये बड़ी क्षति मानी जा रही है. कांग्रेस को एक बार फिर बड़ा नुकसान झेलना पड़ा है. ये सभी कांग्रेस के सक्रिय कार्यकर्ता थे, जिन्होंने बीजेपी ज्वाइन की.
कांग्रेस नेताओं से नाराज होकर पार्टी बदली
भाजपा में शामिल हुए ग्रामीणों ने बताया “कई वर्षों से उनके गांवों में सड़क, बिजली, पुलिया और अन्य मूलभूत सुविधाओं का काम या तो रुका हुआ है या शुरू ही नहीं हुआ. कांग्रेस नेताओं, पूर्व विधायक और वरिष्ठ पदाधिकारियों से कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन केवल आश्वासन मिले, काम नहीं हुआ. लगातार उपेक्षा से ग्रामीणों में नाराज़गी थी. इसी के चलते उन्होंने पार्टी छोड़ने का निर्णय लिया.” शकाराम भंडारी ने बताया “बीजेपी के विकास कार्यों से प्रेरित होकर हम लोगों ने पार्टी बदली है.”
पानसेमल विधायक ने दिया विकास कार्य कराने का भरोसा
पानसेमल विधायक श्याम बर्डे ने अपने कार्यालय पर सभी नए कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए कहा “भाजपा परिवार में आने वाले हर कार्यकर्ता का सम्मान है. हमारी सरकार का लक्ष्य हर गांव और हर व्यक्ति तक विकास पहुंचाना है. अब इन गांवों में रुके हुए विकास कार्य तेजी से पूरे कराए जाएंगे.”
गांव में विकास के लिए बीजेपी में शामिल
गोंगवाड़ा निवासी रविंद्र भंडारी ने बताया “गांव में सालों से बुनियादी समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं. सड़क नहीं, बिजली की दिक्कत, पुलिया अधूरी है. हर बार सिर्फ तारीखें मिलती थी. पूर्व गृह मंत्री बाला बच्चन और अन्य नेताओं से कई बार मुलाकात की, लेकिन नतीजा शून्य रहा. अब भाजपा में शामिल होकर उम्मीद है कि हमारे गांव को विकास मिलेगा.” जानकारों का कहना है इतने बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं का पार्टी बदलना आने वाले समय में भाजपा की ग्रामीण पकड़ और मजबूत करेगा.
गांव में विकास के लिए बीजेपी में शामिल
गोंगवाड़ा निवासी रविंद्र भंडारी ने बताया “गांव में सालों से बुनियादी समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं. सड़क नहीं, बिजली की दिक्कत, पुलिया अधूरी है. हर बार सिर्फ तारीखें मिलती थी. पूर्व गृह मंत्री बाला बच्चन और अन्य नेताओं से कई बार मुलाकात की, लेकिन नतीजा शून्य रहा. अब भाजपा में शामिल होकर उम्मीद है कि हमारे गांव को विकास मिलेगा.” जानकारों का कहना है इतने बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं का पार्टी बदलना आने वाले समय में भाजपा की ग्रामीण पकड़ और मजबूत करेगा.
