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सर्दियों में नवजात का रखें खास ख्याल! ये 5 लक्षण हो सकते हैं इंफेक्शन का संकेत, भूलकर भी न करें डॉक्टर के पास जाने में देरी

नवजात बच्चों में जन्म के बाद करीब एक महीने का समय विशेष देखभाल का होता है. इस दौरान उनमें किसी भी तरह का इंफेक्शन तेज़ी से फैल सकता है. कई मामलों में इसके लक्षण माता- पिता को पता नहीं चल पाते हैं. ऐसे में अगर इलाज न मिले तो यह खतरनाक साबित हो सकता है. कुछ मामलों में माता- पिता को लक्षण समझ में तो आते हैं, लेकिन वह इनको खांसी- जुकाम मानकर नजरअंदाज कर देते हैं.

ऐसे में डॉक्टरों ने उन लक्षणों के बारे में बताया है जो नवजात बच्चों में इंफेक्शन और बीमारी का संकेत होते हैं.

क्या होते हैं बच्चों में इंफेक्शन के संकेत

गाजियाबाद के जिला अस्पताल में पीडियाट्रिक विभाग में डॉ. विपिनचंद्र उपाध्याय बताते हैं कि नवजात बच्चे के जन्म के बाद उसकी देखभाल बहुत ध्यान से करने की जरूरत होती है. बच्चे के शरीर में छोटी भी परेशानी गंभीर हो सकती है. ऐसे में कुछ लक्षणों पर ध्यान देना जरूरी है. अगर नवजात बच्चे को 100 डिग्री से ज्यादा है तो उसको नजरअंदाज न करें. इसकी पहचान ऐसी होती है कि बच्चे के हाथ, पैर, सिर और पेट सब गर्म रहता है. इस स्थिति में बच्चे की बगल में थर्मामीटर रखकर बुखार की जांच होती है. 100 से ज्यादा है तो डॉक्टर से सलाह लें

दूध न पीना

अगर नवजात बच्चे दूध नहीं पी रहा है तो यह गंभीर संकेत है. बच्चा आमतौर पर हर कुछ घंटों में फीड करता ही है. जब सो रहा है तो अलग बात है, लेकिन जगा हुआ है तो वह फीड करता है. अगर बच्चा ऐसा नहीं कर रहा है और वह सुस्त है तो यह भी इंफेक्शन की ओर इशारा करता है. इसी के साथ अगर बच्चा लगातार रो रहा है तो इसको भी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.

बार-बार उल्टी दस्त होना भी बच्चे में संक्रमण का संकेत होता है.

बच्चे में इंफेक्शन क्यों होता है?

बैक्टीरिया या वायरस का संपर्क में आना

बच्चे को गंदे हाथों से छूना

बच्चे की इम्यूनिटी कमजोर होना

समय से पहले बच्चे का जन्म

बचाव के लिए क्या करें?

नवजात बच्चे को ज्यादा लोग न टच करें

अगर बच्चे को टच कर रहे हैं तो पहले हाथ जरूर धो लें

साफ कपड़े और बिस्तर का इस्तेमाल करें

टीकाकरण समय पर कराएं

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