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पंजाब

कातिल चाइना डोर का कहर! युवक के चेहरे और नाक पर आए दर्जनों टांके, मौत के मुंह से बचकर लौटा पीड़ित

लुधियाना: पाबंदी के बावजूद बिक रही कातिल चाइना डोर मासूमों और राहगीरों के लिए काल बनी हुई है। ताजा मामला चंडीगढ़ रोड स्थित जमालपुर चौक का है जहां एक युवक इस खूनी डोर का शिकार हो गया। रैंबो डाइंग में काम करने वाला गुरप्रीत सिंह अपनी पत्नी के साथ स्कूटर पर जा रहा था, तभी अचानक हवा में प्लास्टिक डोर उसके चेहरे पर काल बनकर लिपटी और पलक झपकते ही उसकी नाक का मांस काट दिया। हादसा इतना भयानक था कि जैसे ही डोर गुरप्रीत के चेहरे पर लगी, उसने खुद को बचाने के लिए हाथ आगे किया। गला कटने से तो बच गया, लेकिन कातिल डोर ने उसकी नाक और हाथ को बुरी तरह लहूलुहान कर दिया। आनन-फानन में उसे नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसकी नाक के नीचे 20 टांके और हाथ पर 5 टांके लगाए हैं। पीड़ित की हालत देख परिवार का बुरा हाल है।

सिर्फ कागजों तक सीमित है पुलिस की कार्रवाई

शहर में हर दिन हो रहे इन हादसों ने पुलिस प्रशासन के दावों की पोल खोल दी है। लोगों का कहना है कि पुलिस केवल खानापूर्ति के लिए छोटे-मोटे पर्चे दर्ज करती है, जबकि बड़े डोर सप्लायर बेखौफ होकर मौत का यह सामान बेच रहे हैं। जमालपुर जैसे व्यस्त इलाके में हुए इस हादसे ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि सडक़ों पर चलना अब सुरक्षित नहीं रह गया है।

लोगों में भारी रोष, कब थमेगा मौत का सिलसिला

इलाका निवासियों और राहगीरों ने प्रशासन के खिलाफ गुस्सा जाहिर करते हुए कहा कि प्लास्टिक डोर का कहर लगातार जारी है लेकिन लोगों ने भी इसे इस्तेमाल करना बंद नहीं किया है। चंद रुपयों के लालच में दुकानदार और पतंगबाजी के शौकीन लोग दूसरों की जिंदगी दांव पर लगा रहे हैं। अब सवाल यह उठता है कि क्या प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी के बाद ही गहरी नींद से जागेगा?

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