Bastar Weather Update: दंतेवाड़ा और जगदलपुर में आंधी-बारिश से गिरा पारा; बीजापुर में आकाशीय बिजली से 10 मवेशियों की मौत

दंतेवाड़ा/जगदलपुर/बीजापुर: छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में शनिवार शाम को अचानक मौसम का मिजाज बदल गया और तेज कड़कड़ाती हवाओं के साथ जोरदार बारिश हुई। काफी देर तक मूसलाधार बारिश का यह दौर चलता रहा, जिससे पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी झेल रहे लोगों को बड़ी राहत मिली है। बारिश और ठंडी हवाओं के चलते पूरा मौसम सुहाना हो गया है। हालांकि, तेज आंधी और पानी के चलते ग्रामीण इलाकों से कुछ नुकसान होने की भी खबरें लगातार आ रही हैं। गौरतलब है कि जिले में पिछले कई दिनों से पारा 42 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ था, लेकिन इस ताजा बारिश की वजह से मौसम में नरमी आई है और तापमान काफी नीचे चला गया है।
🍃 गीदम से किरंदुल तक बदला मौसम का मिजाज: आंधी के कारण कई जगह बिजली गुल, प्रशासन ने जारी किया अलर्ट
इस झमाझम बारिश का सीधा असर दंतेवाड़ा मुख्य शहर सहित गीदम, बचेली, किरंदुल, कटेकल्याण, कुआकोंडा और आसपास के अन्य ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर देखने को मिला। इन सभी इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई और स्थानीय लोगों ने घरों से बाहर निकलकर इस सुहाने मौसम का खुलकर मजा लिया। हालांकि, तेज हवाओं और पेड़ों के गिरने के चलते कई अंदरूनी संवेदनशील जगहों पर बिजली आपूर्ति (पावर सप्लाई) पूरी तरह बाधित हो गई है, जिसे बिजली विभाग द्वारा युद्धस्तर पर ठीक करने का काम जारी है। जिला प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से लोगों से विशेष अपील की है कि वे भारी बारिश और कड़कड़ाती बिजली के दौरान बड़े पेड़ों और लोहे के खंभों के आसपास बिल्कुल न खड़े हों।
🌾 गर्मी से मिली राहत लेकिन अन्नदाता हुआ परेशान: जगदलपुर में फसलों और तेंदूपत्ता को पहुंचा भारी नुकसान
दूसरी ओर, जगदलपुर में भी तेज हवाओं के साथ हुई इस बेमौसम बारिश की वजह से मौसम बेहद खुशनुमा हो गया और गर्मी व उमस से बेहाल नागरिकों ने चैन की सांस ली। स्थानीय लोगों ने बताया कि शनिवार शाम से शुरू हुई यह बारिश रुक-रुककर रात 9 बजे तक लगातार होती रही। इस बारिश से आम जनता को गर्मी से राहत जरूर मिली है, लेकिन बस्तर के किसान इस बेमौसम बारिश से काफी चिंतित और दुखी हैं। खेतों में खड़ी और कटी रखी फसलों को इस बारिश से काफी नुकसान पहुंचा है। मौसम विभाग ने पूर्व में ही बस्तर के कई इलाकों में अंधड़ और बारिश की संभावना जताई थी। इस स्थिति को देखते हुए वन विभाग ने जंगलों में संग्रहित तेंदूपत्ता को सुरक्षित रखने के लिए कड़े इंतजामों की बात कही है, क्योंकि बारिश की वजह से सूख रहे कीमती तेंदूपत्ता के खराब होने का खतरा बढ़ गया है।
⚡ बीजापुर के भैरमगढ़ में गिरी आकाशीय बिजली: चपेट में आने से 10 मवेशियों की दर्दनाक मौत, मुआवजे की मांग
इस मौसमी बदलाव के बीच बीजापुर जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जहां भैरमगढ़ में आकाशीय बिजली (गाज) गिरने से कई बेजुबान मवेशियों की दर्दनाक मौत हो गई। यह दर्दनाक घटना भैरमगढ़ विकासखंड के ग्राम पतरापारा पंचायत की है। ग्रामीणों के मुताबिक, शनिवार रात को आकाशीय बिजली की सीधी चपेट में आने से कुल 10 मवेशियों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि जिस वक्त आसमान में बिजली कड़क रही थी, उस वक्त डर के मारे सभी मवेशी एक पेड़ के नीचे जमा थे। रविवार सुबह जब ग्रामीण अपने मवेशियों को देखने जंगल की तरफ पहुंचे, तो उन्होंने पाया कि सभी की मौत हो चुकी थी। इस भारी आर्थिक नुकसान के बाद दुखी ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से तत्काल सर्वे कराकर उचित आर्थिक मुआवजा दिए जाने की गुहार लगाई है।






