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Supreme Court on Officer Dispute: रोहिणी सिंदूरी और डी रूपा मौदगिल विवाद; SC ने जस्टिस कुरियन जोसेफ को नियुक्त किया मध्यस्थ

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने IAS रोहिणी सिंदूरी और IPS डी रूपा मौदगिल के बीच लंबे समय से चल रहे कानूनी और सार्वजनिक विवाद को सुलझाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। शीर्ष अदालत ने मामले को मध्यस्थता (Mediation) के लिए भेज दिया है और इसके लिए सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज जस्टिस कुरियन जोसेफ को मध्यस्थ नियुक्त किया है।

👩‍💼 ‘उत्कृष्ट अधिकारी हैं, करियर बर्बाद न करें’

जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा और जस्टिस संजीव सचदेवा की पीठ ने दोनों वरिष्ठ अधिकारियों के प्रति गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वे दोनों ही अपने क्षेत्र की उत्कृष्ट अधिकारी हैं। कोर्ट ने उन्हें चेतावनी दी कि उनकी आपसी कानूनी लड़ाई उनके करियर को गंभीर नुकसान पहुँचा सकती है। अदालत ने स्पष्ट आदेश दिया है कि मध्यस्थता प्रक्रिया के दौरान दोनों पक्षों के बीच चल रही कानूनी कार्रवाई पर रोक रहेगी।

📂 विवाद की जड़: फेसबुक पोस्ट से कोर्ट तक का सफर

यह विवाद फरवरी 2023 में शुरू हुआ था, जब डी रूपा ने सोशल मीडिया पर रोहिणी सिंदूरी के खिलाफ कई आरोप लगाए थे। इसमें निजी तस्वीरें साझा करने और अघोषित संपत्ति बनाने जैसे गंभीर आरोप शामिल थे। इसके जवाब में सिंदूरी ने मानहानि का मुकदमा दायर किया था। मामला तब और उलझ गया जब 2024 के अंत में डी रूपा ने एक नई शिकायत दर्ज की, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया कि सिंदूरी ने उन्हें ‘मानसिक रूप से अस्वस्थ’ बताया है।

⏳ समाधान की अंतिम कोशिश

इससे पहले कर्नाटक हाई कोर्ट ने भी दोनों पक्षों को मामले को सौहार्दपूर्ण ढंग से सुलझाने का अवसर दिया था, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। अब सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि जस्टिस कुरियन जोसेफ की अध्यक्षता में होने वाली मध्यस्थता से इस लंबे झगड़े का अंत हो सकेगा। दोनों पक्षों को अब जस्टिस जोसेफ के सामने पेश होने का निर्देश दिया गया है।

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