ब्रेकिंग
Delhi Fire News: मायापुरी इंडस्ट्रियल एरिया की फैक्ट्री में लगी भीषण आग, दमकल की 11 गाड़ियां मौके पर... Tiger Shroff Firing Case: अभिनेता टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामले में मुंबई पुलिस की बड़ी कार्रवाई, हरियाण... Afzal Ansari Hospitalized: समाजवादी पार्टी सांसद अफजाल अंसारी की अचानक तबीयत खराब, लखनऊ के मेदांता अ... Uttarakhand News: दलेर मेहंदी कॉन्सर्ट विवाद पर आया सीएम धामी का बयान, मंत्री सुबोध उनियाल के साथ हु... Bigg Boss 20 Weekend Ka Vaar: स्काउट ओपी और लव गिल की नजदीकियों पर भड़कीं गर्लफ्रेंड काश्वी हिरानंदा... TRAI New OTP Rules: फोन पर आने वाले ओटीपी नियमों में जल्द होगा बड़ा बदलाव, ऑनलाइन ठगी रोकने के लिए ट... Delhi News: एमसीडी के 4,000 एमटीएस कर्मचारियों को बढ़ा हुआ वेतन, सीएम रेखा गुप्ता ने दी 52 करोड़ के ... Jharkhand BJP News: रांची में बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन का जोरदार स्वागत, कार्यसमिति की बै... Patna News: महिला थाने में हाई-वोल्टेज ड्रामा, प्रेमी के चक्कर में प्रेमिका ने बचपन की दोस्त की नाक ... Ranchi Dacoity Case Solved: रांची में 60 लाख की डकैती का सनसनीखेज खुलासा, महिला समेत 6 आरोपी गिरफ्ता...
छत्तीसगढ़

रायपुर में अपराधियों पर नजर रखने वाले ITMS कैमरे ठप: 100 से ज्यादा बंद, धुंधली फुटेज से पुलिस परेशान

रायपुर (छत्तीसगढ़): राजधानी में अपराध नियंत्रण, बदमाशों की शिनाख्त और वारदातों के बाद उनके भागने के रूट को ट्रैक करने के उद्देश्य से स्थापित किए गए इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) के कैमरे अब पुलिस के लिए ही बड़ी चुनौती बन चुके हैं।

शहर के मुख्य चौराहों से लेकर आउटर व सीमावर्ती क्षेत्रों तक लगे 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरे लंबे समय से बंद पड़े हैं। जो कैमरे चालू स्थिति में हैं, उनसे मिलने वाली तस्वीरें भी अत्यधिक धुंधली हैं। इस तकनीकी बदहाली के कारण शहर में होने वाली लूट, डकैती, चोरी, चेन स्नेचिंग और हिट एंड रन जैसे गंभीर मामलों की विवेचना सीधे तौर पर प्रभावित हो रही है।

🖥️ आईसीसीसी (ICCC) में स्क्रीन ब्लैक: लेंस पर धूल से नहीं दिख रहे नंबर प्लेट

तकनीकी खराबी और जांच में आ रही रुकावटें:

  • ब्लैक स्क्रीन की समस्या: वारदात घटित होने के उपरांत जब पुलिस टीमें इंटीग्रेटेड सिटी कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) पहुंचकर फुटेज खंगालती हैं, तो अधिकांश प्रमुख लोकेशनों के कैमरों की स्क्रीन पूरी तरह ब्लैक (बंद) मिलती है।

  • चेहरे और नंबर अस्पष्ट: कई सक्रिय कैमरों के लेंस पर धूल जमने और तकनीकी खराबी के चलते बदमाशों के चेहरे और उनके वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर स्पष्ट रूप से नहीं पढ़े जा रहे हैं।

  • सिग्नलों का मेंटेनेंस ठप: कैमरों के साथ-साथ प्रमुख चौराहों पर लगे ट्रैफिक सिग्नलों के मेंटेनेंस का कार्य भी समय पर नहीं हो पा रहा है, जिससे यातायात नियंत्रण और सुरक्षा निगरानी दोनों व्यवस्थाएं चरमरा गई हैं।

Related Articles

Back to top button