Bindayaka Police Station Case: लिव-इन में रह रही महिला की हत्या, आरोपी भतीजा क्राइम सीरियल देखकर छुपाता रहा सबूत

जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर के बिंदायका थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां गर्भवती महिला किरण रावत की हत्या कर उसकी लाश को मकान के लॉन में ही गाड़ने वाले मुख्य आरोपी को पुलिस ने धर दबोचा है. पुलिस ने मंगलवार को कड़ी मशक्कत के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. खास बात यह है कि मृतक महिला रिश्ते में आरोपी की चाची लगती थी, जिसे वह उत्तर प्रदेश से भगाकर जयपुर ले आया था. यह सनसनीखेज मामला प्रेस्टीज कॉलोनी का है, जहां 27 सितंबर को 32 वर्षीय किरण का शव गड़ा हुआ बरामद किया गया था.
🕵️️♂️ यूपी के बाराबंकी का रहने वाला है आरोपी प्रवेश, डेढ़ साल से संपर्क में थे दोनों
पकड़े गए आरोपी की पहचान प्रवेश रावत उर्फ हग्गू (22) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बाराबंकी का रहने वाला है. पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी अपनी चाची लगने वाली किरण रावत के संपर्क में पिछले डेढ़ साल से था. इसी साल जनवरी में वह किरण को भगाकर जयपुर ले आया था और बिंदायका इलाके की प्रेस्टीज कॉलोनी में किराए का मकान लेकर लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगा था. आरोपी यहां एक फैक्ट्री में मजदूरी का काम करता था.
⚖️ शुक के चक्कर में की गई खौफनाक वारदात: पेट में पल रहे बच्चे को लेकर था संदेह
शुरुआती पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी प्रवेश को इस बात का गहरा शक था कि गर्भवती किरण के पेट में पल रहा बच्चा उसका नहीं है. इसी शक के चलते 23 सितंबर को उसने किरण की गला दबाकर हत्या कर दी. हत्या के बाद उसने घर के आंगन (लौन) में ही गड्ढा खोदकर शव को दअपना दिया. इसके बाद आरोपी ने अपनी मां को फोन करके झूठ बोला कि किरण ने आत्महत्या कर ली है, इसलिए उसने शव को यहीं दफना दिया है. किरण के पास मोबाइल फोन न होने के कारण परिजनों से उसका कोई संपर्क नहीं बचा था.
🦝 बदबू फैलने पर खुला राज, धार्मिक यात्रा का नाटक कर छिपाता रहा सबूत
घटना का खुलासा तब हुआ जब 27 सितंबर को कॉलोनी के मकान से तेज बदबू फैलने लगी और पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी. पुलिस ने जब छानबीन की तो किराएदार प्रवेश अचानक पैसे उधार लेकर फरार हो चुका था. पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस और मोबाइल लोकेशन के आधार पर उसे उत्तर प्रदेश में ट्रेस कर लिया और आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे से धर दबोचा. जांच में यह भी चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि आरोपी क्राइम सीरियल देखता था और हत्या के बाद शक से बचने के लिए सामोद बालाजी की धार्मिक यात्रा पर चला गया था, ताकि किसी को उस पर शक न हो.





