Delhi Electric Buses: दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा, 150 नई इलेक्ट्रिक बसें और 13 नए मॉनिटरिंग स्टेशन शुरू

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण पर प्रभावी नियंत्रण पाने और स्वच्छ सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में दिल्ली सरकार ने मंगलवार को एक बड़ा कदम उठाते हुए 150 नई इलेक्ट्रिक बसें सड़क पर उतार दी हैं। केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आनंद विहार अंतरराज्यीय बस अड्डे (ISBT) से हरी झंडी दिखाकर इन बसों को रवाना किया। इस अवसर पर राजधानी में वायु गुणवत्ता की सटीक निगरानी के लिए 13 नए एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन भी शुरू किए गए, जिन्हें मिलाकर अब दिल्ली में कुल मॉनिटरिंग स्टेशनों की संख्या बढ़कर 60 हो गई है।
इस विशेष कार्यक्रम के दौरान आनंद विहार ISBT, नंद नगरी, रोहिणी सेक्टर-37, नांगलोई और केशोपुर में आधुनिक ईवी (EV) चार्जिंग स्टेशनों का भी भव्य उद्घाटन किया गया। इस मौके पर केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा, दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा और परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह सहित कई प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे।
🎛️ ICCC बना प्रदूषण के खिलाफ वॉर रूम, एआई तकनीक से हो रही निगरानी
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने शास्त्री पार्क स्थित दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (DPCC) के इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) का निरीक्षण करने के बाद बताया कि यह सेंटर प्रदूषण के खिलाफ एक मजबूत ‘वॉर रूम’ के रूप में काम कर रहा है।
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रियल-टाइम मॉनिटरिंग: इस केंद्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीक, आधुनिक सीसीटीवी कैमरों और बॉडी कैमरों की मदद से प्रदूषण फैलाने वाले विभिन्न कारकों पर पैनी नजर रखी जा रही है।
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विभिन्न गतिविधियों पर नजर: इसके जरिए 700 से अधिक निर्माण स्थलों, मैकेनिकल रोड स्वीपर्स, एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशनों और वायु रक्षक टीमों की गतिविधियों की लगातार समीक्षा की जा रही है। सड़क की धूल, ट्रैफिक जाम, खुले में कचरा या बायोमास जलाने जैसी घटनाओं को रोकने के लिए संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित कर समयबद्ध कार्रवाई की जा रही है।
⚡ इलेक्ट्रिक बसों का बेड़ा बढ़कर हुआ 5,238, हाई-पावर चार्जिंग स्टेशन की सुविधा
परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने जानकारी दी कि इन 150 नई बसों के शामिल होने के बाद अब दिल्ली में इलेक्ट्रिक बसों की कुल संख्या बढ़कर 5,238 हो गई है। वर्तमान में राजधानी के कुल बस बेड़े में करीब 6,988 बसें शामिल हैं, जिनमें 1,750 सीएनजी (CNG) बसें भी हैं। सरकार का लक्ष्य वित्त वर्ष 2028-29 तक बसों की कुल संख्या बढ़ाकर लगभग 14,000 करने का है।
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आधुनिक सुविधाएं: ये नई इलेक्ट्रिक बसें पूरी तरह वातानुकूलित (AC) और लो-फ्लोर हैं, जिनमें यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा के लिए सीसीटीवी कैमरे, पैनिक बटन, रियल-टाइम ट्रैकिंग और दिव्यांग यात्रियों के अनुकूल विशेष इंतजाम किए गए हैं।
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चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर: आनंद विहार ISBT पर 240 किलोवाट और 60 किलोवाट क्षमता के हाई-पावर चार्जर लगाए गए हैं, जहाँ 1,600 केवीए का सब-स्टेशन भी बनाया गया है। इन चार्जिंग स्टेशनों का उपयोग इलेक्ट्रिक बसों के साथ-साथ निजी इलेक्ट्रिक वाहन भी कर सकेंगे।
सरकार द्वारा शुरू किए गए 13 नए कंटीन्यूअस एम्बिएंट एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशनों के माध्यम से PM 2.5 और PM 10 जैसे प्रमुख प्रदूषकों की निरंतर निगरानी की जाएगी, जिससे शहर के हर कोने की हवा की गुणवत्ता के सटीक आंकड़े समय पर मिल सकेंगे।





