ब्रेकिंग
Rajnath Singh South Korea Visit: सियोल में गरजे राजनाथ सिंह—'भारत को विकसित देश बनने से दुनिया की को... Alwar Car Suffocation Death: अलवर में दिल दहला देने वाला हादसा; कार में बंद होने से दो मासूम सगी बहन... Muzaffarpur Crime News: मुजफ्फरपुर में दिनदहाड़े प्रोपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या; मुंह और सीने मे... NEET UG Paper Leak: पेपर लीक मामले पर बड़ी कार्रवाई; संसदीय समिति ने NTA प्रमुख और शिक्षा मंत्रालय क... Kashmir Offbeat Tourism: दिल्ली-जयपुर की 44°C गर्मी से राहत; कश्मीर के 12,000 फीट ऊंचे 'रजदान पास' प... Bihar Politics JDU Row: जेडीयू में बड़ा घमासान; आनंद मोहन का नीतीश कुमार पर हमला—'थैली पहुंचाने वाले... Mumbai-Ahmedabad Bullet Train: बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट में बड़ी कामयाबी; भरूच में रेलवे ट्रैक के ऊपर 1... Kashmir Weather Update: कश्मीर में भी टूटा गर्मी का रिकॉर्ड; मई में जून-जुलाई जैसी तपिश, श्रीनगर में... NEET Paper Leak 2026: नीट पेपर लीक मामले के आरोपी शिवराज मोटेगावकर पर बड़ा एक्शन; पुणे में RCC क्लास... Ujjain Garbage Cafe: उज्जैन में कचरे के बदले मिलेगी चाय, कॉफी और भरपेट खाना; नगर निगम खोलने जा रहा 3...
देश

महाराष्ट्र में बंधक रहे 52 मजदूर सुरक्षित लौटे घर, सोलापुर में इस तरह ढाया जा रहा था जुर्म

कटनी: महाराष्ट्र में बंधक बनाए गए मध्य प्रदेश के 52 मजदूरों को रिहा करवा लिया गया। इन मजदूरों से सोलापुर में जोर जबरदस्ती मजदूरी करवाई जा रही थी। जैसे ही इस बात की खबर कलेक्टर प्रियंक मिक्ष बहोरीबंद को मिली उन्होंने तुरंत एसडीएम सिसोनिया मामले की जांच के निर्देश दिए। एसडीएम ने बंधक मजदूरों से व्यक्तिगत रुप से बात की और पूरी जानकारी ली। इसके बाद सोलापुर पुलिस की मदद से तुरंत मजदूरों को चुंगल से छुड़वाया और शुक्रवार की देर रात करीब 2 बजे सकुशल कटनी जिले स्लीमनाबाद लाया गया। सीएम शिवराज सिंह चौहान ने भी इस मामले में कलेक्टर और एसडीएम की तारीफ की है।

दरअसल, जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर को जानकारी मिली कि मध्य प्रदेश के कटनी जिले के 52 मजदूरों को दिहाड़ीदारी का झांसा देकर महाराष्ट्र के सोलापुल जिले के कंदल गांव में रखा गया है। मजदूरों से अत्याधिक काम कम पैसे देकर जोर-जबरजस्ती से कराया जा रहा है।। इसके बाद 5 जनवरी को मजदूरों के परिजनों ने जनसुनवाई में शिकायत की थी। इसके बाद प्रशासन जागा और कार्रवाई में लग गया। कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने शिकायत को गंभीरता से लिया और मामले में एक्शन लिया। मजदूरों की रिहाई में सोलापुर एसपी तेजस्वी सतपोटे, इन्सपेक्टर महाराष्ट्र पुलिस नितिन थेटे और एसडीएम टीकमगढ़ सौरभ सोनवाने का खास योगदान रहा।

जानकारी के मुताबिक, स्लीमनाबाद थाना के धनवाही और कारीपाथर के मजदूरों को करीब 45 दिन पहले स्थानीय दलालों की मदद से महाराष्ट्र के सोलापुर लगभग 70 मजदूरों को चार सौ रूपये दिन के हिसाब से गन्ना कटाई के लिए ले जाया गया। लेकिन वहां जाकर मालिक की असलियत का पता चला वह उनसे मारपीट करता व मजदूरों को बंधक बनाकर रखने लगा।

PunjabKesari

इस दौरान न तो मजदूरों को काम के पैसे देता न ही दवाई दारू और मोबाइल का इस्तेमाल भी नहीं करने देता था। इस घटना की जानकारी मजदूरों ने स्थानीय लोगों को दी। जिसके बाद धीरे धीरे मामले में खुलासे होने लगे। इसके बाद विधायक प्रणय पांडेय, जनपद सदस्य एड. विकास पांडेय, स्थानीय समाजसेवी अभिलाष पांडेय, विवेक पौराणिक, अभिषेक उपाध्याय, महेंद्र कुमार सहित अन्य के सहयोग से मजदूरों की घर वापसी हुई।

Related Articles

Back to top button