ब्रेकिंग
Dhamtari Maratha Community: मराठा पारा में जीवंत हुई सदियों पुरानी संस्कृति; महालक्ष्मी पूजा में उमड... Chhattisgarh CM Visit: रायगढ़ के बनोरा आश्रम में सीएम साय ने खाया पंगत में प्रसाद; 8 एकड़ में बने आध... Ranchi TB Free Mission: टीबी मुक्त झारखंड के लिए NHM की बड़ी पहल; 350 NCC कैडेट्स बने 'माई भारत वॉलि... Katras Coalfield Threat: धनबाद में भू-धंसान प्रभावित परिवारों को अटल क्लिनिक में मिली शरण; बेलगड़िया... Surender Koli Death Mystery: हरिद्वार में मृत मिले सुरेंद्र कोली को लेकर पीड़ित परिवार का आरोप, 'जान... FDA Alert Maharashtra: इंदौर की कंपनी द्वारा निर्मित पैरासिटामोल व टेल्मिसर्टन टैबलेट्स की जांच रिपो... Beneshwar Dham News: डूंगरपुर में भारी बारिश से टापू बना प्रसिद्ध बेणेश्वर धाम; त्रिवेणी संगम उफान प... Maharashtra Railway Infrastructure: मुकुटबन-गडचांदूर के बीच बनेगी 38 किमी नई रेल लाइन; ₹493 करोड़ की... UP Crime & Accident News: तेज रफ्तार कार बिजली के खंभे और पेड़ से टकराई, दो दोस्तों की दर्दनाक मौत स... Surender Koli Suicide News: निठारी कांड के चर्चित आरोपी सुरेंद्र कोली की संदिग्ध मौत, हरिद्वार में ल...
देश

शरद पवार ने बढ़ाई कांग्रेस की मुश्किलें, सहयोगी दल उठा रहे सवाल

मुंबई। महाराष्ट्र और देश की सियासत में शरद पवार एक बार फिर से चर्चा में आ गए हैं। जानकारों की मानें तो समझ में ही नहीं आ रहा कि शरद पवार आखिर किसके साथ हैं? क्या वह महाविकास अघाड़ी के साथ हैं या फिर उनके दिमाग में कुछ और ही चल रहा है? दरअसल शरद पवार ने कुछ दिन पहले यह बयान दिया था कि देश में मंहगाई, बेरोजगारी और बिगड़ता लॉ एंड आर्डर जैसे बड़े मुद्दे हैं। इसलिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डिग्री के ऊपर सवाल या विवाद खड़ा करने से असली समस्या खत्म नहीं होगी। पवार ने कहा कि किसी की डिग्री उनके लिए राजनीतिक मुद्दा नहीं है। महाराष्ट्र में बेमौसम बारिश की वजह से फसल बर्बाद हो चुकी है। लिहाजा ऐसे मुद्दों पर चर्चा होनी चाहिए। पवार के इसी बयान की वजह से उनके ही सहयोगी दल उनपर सवाल उठा रहे हैं।
उनसे यह भी पूछा जा रहा है कि सही मायने में वो किसके साथ हैं। वहीं कांग्रेस और उद्धव ठाकरे गुट की राय भी पवार से मुख्तलिफ है। एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार के दो बयानों ने एमवीए में कुछ समय के लिए दरार दाल दी थी। जिसमें पहला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की डिग्री का मामला और दूसरा अडानी मामले में जेपीसी की जगह सुप्रीम कोर्ट की कमिटी की निगरानी में जांच वाला बयान। पवार ने यह भी कहा था कि अडानी समूह के बारे में जिस हिंडनबर्ग की रिपोर्ट को लेकर विपक्ष द्वारा इतना हल्ला मचाया जा रहा है। जबकि उस कंपनी की खुद की कोई क्रेडिबिलिटी नहीं है।
गौरतलब है ‎कि कुछ दिन पहले अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के महासचिव जयराम रमेश ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट की ओर से बनी समिति का जांच का दायरा बहुत सीमित है और यह प्रधानमंत्री मोदी और अरबपति व्यवसायी के बीच गहरी सांठगांठ को सामने नहीं ला सकती। महाराष्ट्र में भी कांग्रेस नेता दबी जुबान में शरद पवार के रुख पर सवाल खड़े कर रहे हैं। हालांकि, उद्धव ठाकरे गुट के नेता संजय राउत ने कहा है कि शरद पवार के रुख से महाराष्ट्र के साथ-साथ देशभर में विपक्षी एकता में दरार नहीं आएगी।

Related Articles

Back to top button