ब्रेकिंग
अमृतसर एयरपोर्ट पर दिखा संदिग्ध ड्रोन, 7 फ्लाइट्स हुईं डायवर्ट; जांच में सामने आया बड़ा सच Batala News: ब्याह पंचमी से पहले शरारती तत्वों की करतूत, गुरु नानक देव जी व माता सुलखनी जी के होर्डि... डीपीएस इंदिरापुरम में हर्षोल्लास से मना शिक्षक दिवस: शिक्षकों के समर्पण और योगदान का हुआ सम्मान जालंधर नगर निगम कमिश्नर बदले, IAS संदीप ऋषि की जगह PCS सुरिंदर सिंह संभालेंगे कमान अमृतसर में ड्रोन गतिविधि के बाद आदमपुर एयरपोर्ट पर हाई अलर्ट: SSP हरविंदर विर्क ने दिए सुरक्षा बढ़ान... पंजाब और चंडीगढ़ में सरकारी कर्मचारियों का पूर्ण काम बंद: आज एक दिवसीय भूख हड़ताल, आम जनता परेशान Punjab Election 2027: पंजाब चुनाव को लेकर BJP का मास्टरप्लान, अक्टूबर में PM मोदी का 3 दिवसीय दौरा; ... लुधियाना में बेखौफ झपटमारों पर जनता का फूटा गुस्सा: बुजुर्ग महिला की बाली छीन रहे बदमाश को रंगे हाथ ... इस्लाम गंज में सवारी बिठाने को लेकर खूनी संघर्ष: ऑटो चालक पर तेजधार हथियारों से जानलेवा हमला Punjab Politics: 'बयानबाजी से पहले आंकड़े पढ़ें बाली', जालंधर भाजपा अध्यक्ष ने करतारपुर कॉरिडोर व AI...
मध्यप्रदेश

लापरवाही की इंतहा ! इलाज के लिए अस्पताल में तड़पता रहा शख्स, 2 घंटे बाद बेटी की गोद में तोड़ा दम

गुना  : गुना जिले के आरोन थाना क्षेत्र में अज्ञात वाहन ने बाइक सवार को टक्कर मार दी, जिसमें घायल होने के बाद उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने आरोन सिविल अस्पताल में पदस्थ स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाया है।

जानकारी के मुताबिक विदिशा जिले के आनंदपुर थाना अंतर्गत ग्राम ओकलीखेड़ा निवासी 35 वर्षीय राकेश अहिरवार सोमवार को गुना जिले के मोतीपुरा में एक परिचित को छोड़ने आए थे। वापस लौटते समय सुबह 11 बजे उन्हें गुना-आरोन रोड पर स्थित ग्राम माता मूडऱा के पास अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी। दुर्घटना में घायल राकेश को अज्ञात शख्स आरोन सिविल अस्पताल छोड़कर चला गया और किसी तरह परिजनों को सूचना भेज दी। दुर्घटना होने पर लगभग 2 घंटे बाद आरोन सिविल अस्पताल पहुंचे परिजनों ने देखा कि राकेश अहिरवार का उपचार शुरु नहीं किया गया और वह बुरी तरह तड़प रहा था। आरोप है कि चिकित्सकों ने सुनवाई करने की बजाए राकेश को कई घंटों तक तड़पने के बाद जिला अस्पताल रैफर कर दिया। जहां लाने के लिए मृतक के परिजनों को एम्बुलेंस तक नहीं मिली।

राकेश ने गुना आते समय अपनी 15 वर्षीय बेटी ज्योति अहिरवार की गोद में ही दम तोड़ दिया। पिता की मौत से दुखी बेटी का जिला अस्पताल में रो-रोककर बुरा हाल था। मंगलवार को पुलिस ने राकेश अहिरवार के शव का पोस्टमार्टम करा दिया है। बताया जा रहा है कि राकेश अहिरवार की पत्नी कई साल पहले गुजर चुकी है। राकेश अहिरवार ही अपनी बेटी और दो बेटों का एकमात्र सहारा था। उसकी मौत के बाद बच्चे अब पूरी तरह अनाथ हो चुके हैं। फिलहाल दुर्घटना को अंजाम देने वाले शख्स और वाहन की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरु कर दी है।

Related Articles

Back to top button