ब्रेकिंग
BJP नेता कैलाश विजयवर्गीय ने डोनाल्ड ट्रंप को कहा फूफा, बताया मैकडॉनल्ड्स छोड़ क्या खाएं एक क्लासरूम में बच्चे, दूसरे में सो रहे मास्टर… वीडियो वायरल होने के बाद मचा बवाल ट्रैक्टर से स्टंटबाजी पड़ी महंगी… जुलूस के दौरान खाई पलटी, वीडियो हुआ वायरल 7 साल बाद चीन दौरे पर पीएम मोदी, राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बैठक जारी, रूस समेत 20 से ज्यादा देशों... PM मोदी की मां को अपशब्द कहने वाले का BJP से कनेक्शन, दिग्विजय सिंह ने किया बड़ा दावा इस मामले में रूस और चीन से पीछे है अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और कनाडा का भी बजता है डंका विवादों के बीच छलका पवन सिंह का दर्द, सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए जाहिर किए जज्बात एक ही मैच में 2 हैट्रिक से चूककर भी छाए इमरान ताहिर, 46 की उम्र में वो किया, जो कोई सोच भी नहीं सकता क्या सच में TikTok से हट जाएगा बैन? कंपनी भारत में शुरू कर रही हायरिंग राधा अष्टमी आज, जानें इस दिन का महत्व और व्रत कथा
देश

निर्भया के गुनहगारों को अब 20 मार्च सुबह 5:30 पर होगी फांसी, नया डेथ वारंट जारी

नई दिल्लीः साल 2012 के निर्भया गैंगेरेप और मर्डर मामले के दोषियों के बचने के सारे विकल्प खत्म होने के बाद गुरुवार को एक बार फिर से नया डेथ वारंट जारी किया गया। निर्भया के गुनहगारों को सुबह 5:30 बजे फांसी पर लटकाया जाएगा। बता दें कि इससे पहले बुधवार को दोषी की आखिरी बची दया याचिका भी राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद द्वारा खारिज कर दी गई जिसके बाद दिल्ली सरकार ने मामले के चारों दोषियों की फांसी के लिए नई तारीख जारी करने का अनुरोध करते हुए दिल्ली पटियाला हाउस कोर्ट का रुख किया था।

पटिलाया हाउस कोर्ट ने आज निर्भया के दोषियों को फांसी देने के लिए नया डेथ वारंट जारी करते हुए कहा कि गुनहगारों को 20 फांसी को फांसी होगी। बता दें कि दिल्ली जेल मैनुअल के मुताबिक मौत की सजा का सामना कर रहे किसी दोषी की दया याचिका खारिज होने के बाद उसे फांसी देने से पहले 14 दिन का समय दिया जाता है।

निर्भया के सभी चारों दोषियों को एकसाथ फांसी दी जानी है। बुधवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 25 साल के दोषी पवन कुमार गुप्ता की दया याचिका खारिज कर दी है। पवन कुमार गुप्ता इस मामले के चार दोषियों में से एक है। दिल्ली सरकार ने अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश धर्मेंद्र राणा को बताया कि दोषियों के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो गए हैं और अब कोई विकल्प नहीं बचा है। बता दें कि इससे पहले निर्भया के दोषियों की तीन बार फांसी टल चुकी है क्योंकि दोषी अपने कानूनी विकल्पों का इस्तेमाल कर रहे थे।

मुकेश, विनय और अक्षय की दया याचिका राष्ट्रपति पहले ही खारिज कर चुके हैं। निर्भया से 16 दिसंबर, 2012 को दक्षिणी दिल्ली में एक चलती बस में गैंगरेप के साथ ही उस पर बर्बरता से हमला किया गया था। निर्भया की बाद में सिंगापुर के माउंट एलिजाबेथ अस्पताल में मौत हो गई थी। दिल्ली की एक अदालत ने 13 सितंबर 2013 को चारों दोषियों को मौत की सजा सुनाई थी। उसके बाद से इस मामले में कई मोड़ आए।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button