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अफगान की यासमीना अली रास नहीं आई इस्लामी कट्टरता, बन गई ‘शीर्ष पॉर्न स्टार’ 

काबुल । अफगानिस्तान की एक प्रगतिवादी युवती को शायद इस्लामी रूढ़ियां रास नहीं आई जिहाजा उसने अपने मां-बाप के द्वारा उसकी जबरन शादी करने से प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया। युवती ने अपने माता-पिता से कहा कि वह पॉर्न इंडस्ट्री में काम करना चाहती है। 1990 के दशक में तालिबान के सत्ता में आने के बाद यासमीना अली और उनके परिवार ने अफगानिस्तान छोड़ दिया। वे ब्रिटेन चले गए जहां यासमीना ने शिक्षा हासिल की। उनके माता-पिता चाहते थे कि वह 19 साल की उम्र में दुल्हन बन जाएं लेकिन यासमीना को यह मंजूर नहीं था। यासमीना ने इस्लाम को त्याग दिया और नास्तिक बन गईं जिसके बाद उन्होंने पॉर्न इंडस्ट्री में कदम रखा। मीडिया से बात करते हुए 28 साल की यासमीना ने बताया कि घर छोड़ने के बाद से उन्होंने अपने परिवार से बात नहीं की है। उन्होंने कहा, ‘मैं 19 साल की उम्र में भाग गई थी क्योंकि वे मेरी मर्जी के खिलाफ शादी करवाना चाहते हैं। उन्होंने यह जानने की कोशिश नहीं की कि मैं क्या चाहती हूं।’ उन्होंने बताया, ‘मैंने उनमें (माता-पिता) से किसी से भी बात नहीं की है और न ही मेरा उनसे फिर कभी बात करने का इरादा है।’
यासमीना ने कहती हैं, ‘वह चैप्टर अब खत्म हो चुका है क्योंकि परिवार का मतलब साथ देना और हिम्मत बढ़ाना होता है। हमारे मूल्य एक जैसे नहीं हैं और मुझे इस बात की परवाह नहीं कि वे मेरे पॉर्न इंडस्ट्री में जाने के बारे में क्या सोचते हैं। मुझे यकीन है कि वे मेरे बारे में बहुत बुरा सोचते हैं।’ तालिबान ने 1990 के दशक में जब काबुल पर कब्जा किया तब यासमीना अली सड़क के किनारे खड़ी एक छोटी सी खौफजदा बच्ची थी। यासमीना ने अफगानिस्तान में महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों के खिलाफ हिंसा देखी जिसके बाद वह पढ़ाई के लिए ब्रिटेन चली गईं। अफगानिस्तान के लिए लगभग 30 साल का समय किसी सपने की तरह बीता और तालिबान एक बार फिर सत्ता में वापस आ गया। लेकिन अब यासमीना मासूम बच्ची के नहीं है बल्कि एक शक्तिशाली महिला और अफगान कार्यकर्ता बन चुकी हैं। यासमीना अफगानिस्तान की ‘नंबर वन पॉर्न स्टार’ के रूप ने जानी जाती हैं। फेमिनिस्ट सेक्स एक्टिविस्ट यासमीना का तो मानना है कि वह देश की इकलौती पॉर्न स्टार हैं। यासमीना ने नास्तिक बनने के लिए अपनी मुस्लिम धर्म की जड़ों को त्याग दिया है। उनका मानना है कि तालिबान पॉर्न वेबसाइट के माध्यम से उनके बारे में सब कुछ जानता है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक यासमीना ने कहा कि तालिबानी ज्यादातर मेरे कंटेंट से नफरत करते हैं क्योंकि वे नहीं चाहते कि अफगानिस्तान पॉर्न के लिए जाना जाए।
 

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