ब्रेकिंग
Indore News: इंदौर में पानी बचाने पर मिलेगा प्रॉपर्टी टैक्स में 10% डिस्काउंट, नगर निगम की नई पहल Jabalpur News: IAS संतोष वर्मा के खिलाफ NSA की मांग वाली याचिका हाईकोर्ट ने की खारिज, जानें क्या है ... MP Monsoon Update: मध्य प्रदेश में 1 जुलाई से शुरू होगा झमाझम बारिश का दौर, 42 जिलों के लिए येलो अलर... Sleeping Drooling: सोते वक्त तकिया क्यों हो जाता है गीला? जानें कारण और बचाव के उपाय मानसून अपडेट: दिल्ली समेत इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, जानें आपके शहर का हाल पलामू: एक ही परिवार के 5 लोगों की रहस्यमयी मौत, 'एपिडेमिक ड्रॉप्सी' की आशंका नासिक: मटन और दही खाने के बाद बुजुर्ग महिला की मौत, पति की हालत गंभीर झालावाड़ कोर्ट का बड़ा फैसला: पति की हत्या में पत्नी और प्रेमी को उम्रकैद मथुरा: यमुना एक्सप्रेसवे पर भीषण बस हादसा, 4 की मौत और 25 यात्री घायल गोरखपुर: शादी में पहुंची 'लुटेरी दुल्हन', नकली पुलिस बनकर दूल्हे के परिवार को लूटा
देश

2 दिन के लिए देशभर में हो सकती है बिजली गायब, जानिए वजह

नई दिल्‍ली: केंद्र सरकार की निजीकरण की नीतियों के विरोध में देश भर के बिजली कर्मचारी (power sector employees) 28 और 29 मार्च को हड़ताल करने का फैसला लिया है. इस देशव्‍यापी हड़ताल का फैसला बुधवार को बिजली कर्मचारियों और इंजीनियरों की नेशनल कोऑर्डिनेशन कमिटी (NCCOEEE) की बैठक में लिया गया है. इसलिए बताया जा रहा है कि इन दो दिनों में देश भर में बिजली की समस्या आ सकती है.

जानिए क्या है मुख्‍य मांगें

शैलेंद्र दूबे ने बताया कि केंद्र की निजीकरण की नीतियों से कर्मचारियों में निराशा है. बिजली कर्मचारियों और इंजीनियरों की मुख्य मांगें हैं कि बिजली (संशोधन) विधेयक 2021 को वापस लिया जाए और सभी प्रकार की निजीकरण प्रक्रिया को बंद की जाए. इसके अलावा केंद्र शासित प्रदेशों खासकर मुनाफा कमाने वाले चंडीगढ़, दादरा नगर हवेली दमन दिउ तथा पुडुचेरी में बिजली के निजीकरण करने के निर्णय को तुरंत रद्द करे. बिजली बोर्डों के विघटन के बाद नियुक्त किए गए सभी बिजली कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना का लाभ दिया जाए

बैंक कर्मचारी भी रहेंगे हड़ताल पर

दूसरी तरफ निजीकरण के विरोध में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के कर्मचारी 28-29 मार्च की हड़ताल में शामिल होंगे. इसके अलावा विभिन्‍न बैंकों के कर्मचारी संगठनों ने 28-29 मार्च को दो दिन की हड़ताल का आह्वान किया है. इससे बैंक सेवाओं पर असर पड़ सकता है. एसबीआई ने ग्राहकों को और शेयर बाजार के निवेशकों को इसके लिए अलर्ट भी किया है. हड़ताल का आह्वान सरकारी बैंकों के निजीकरण और बैंक कानून संशोधन विधेयक 2021 के विरोध में किया गया है.

Related Articles

Back to top button