INX Media Case: तिहाड़ में जगकर कट रहीं चिदंबरम की रातें, गर्मी और बदबू से परेशान

नई दिल्ली. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम (P. Chidambaram) INX मीडिया केस (INX Media Case) में सीबीआई (CBI) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) की जांच का सामना कर रहे हैं. उन्हें राउज एवेन्यू कोर्ट की तरफ से 19 सितंबर तक के लिए न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेजा गया है. जेल में चिदंबरम की नींद उड़ी हुई है. जेल में उमस और गर्मी की वजह से चिदंबरम ठीक से सो नहीं पा रहें. इसके अलावा वह बदबू से भी परेशान हैं.
पी. चिदंबरम को (P.Chidambaram) तिहाड़ की जेल नंबर 7 में रखा गया है. यहां वह विचाराधीन कैदी नंबर-1449 हैं. जेल नंबर-7 में वैसे तो 350 कैदियों को रखने की क्षमता है, लेकिन यहां करीब 650 कैदी बंद हैं. इनमें विचाराधीन और सजायाफ्ता दोनों ही तरह के कैदी शामिल हैं. जेल में बदबू की वजह कैदियों की बढ़ती भीड़ और गंदगी भी हो सकती है. हालांकि, चिदंबरम ने अभी तक जेल प्रशासन से ऐसी बदबू की शिकायत नहीं की है.
जेल में क्या खा रहे हैं चिदंबरम?
अंग्रेजी अखबार ‘द हिंदू’ की रिपोर्ट के मुताबिक, जेल में चिदंबरम नाश्ते में पोहा, ब्रेड और चाय ले रहे हैं. दोपहर के खाने में उन्हें रोटी, चावल, दाल और एक सब्जी दी जा रही है. रात में भी यही खाना परोसा जा रहा है. लेकिन, रिपोर्ट के मुताबिक, चिदंबरम को जेल की रोटी पसंद नहीं आ रही. वह खाने में दाल-चावल ले रहे हैं.कैसे वक्त गुजार रहे हैं?
रिपोर्ट के मुताबिक, तिहाड़ जेल के सूत्रों का कहना है कि चिदंबरम का शेड्यूल सेट है. वह समय पर उठते और समय पर बिस्तर में होते हैं. तय वक्त पर खाना भी खा लेते हैं. दूध से ज्यादा चाय पीना पसंद कर रहे हैं. जेल सूत्रों का कहना है कि जब से वह जेल में आए हैं, तब से अभी तक उन्होंने जेल प्रशासन से किसी भी चीज की कोई मांग नहीं की है. उनका पूरा वक्त अपनी ही सेल में कट रहा है. वह ज्यादातर अखबार और किताबें पढ़ते हैं.
चिदंबरम INX मीडिया केस में सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय (ED) की जांच का सामना कर रहे हैं.
जेल नंबर 7 में बंद है यासीन मलिक
रिपोर्ट के मुताबिक, सूत्रों का कहना है कि जेल नंबर-7 में कश्मीर के अलगाववादी नेता यासीन मलिक को रखा गया है. जेल अधिकारियों का कहना है कि वह चिदंबरम से काफी दूर दूसरे सेल में बंद है. अभी तक चिदंबरम ने किसी अन्य कैदी से कोई बातचीत नहीं की है. देश-दुनिया की जानकारी लेने के लिए वह कभी-कभी गैलरी में लगे टीवी पर न्यूज़ देख लेते हैं.
क्या है INX मीडिया केस?
साल 2007 में इंद्राणी मुखर्जी और पीटर मुखर्जी ने आईएनएक्स मीडिया नाम से कंपनी बनाई. फॉरेन इन्वेस्टमेंट प्रमोशन बोर्ड (FIPB) ने आईएनएक्स मीडिया को 4.62 करोड़ रुपये के विदेशी निवेश की परमिशन दी थी. मगर आईएनएक्स मीडिया ने 305.36 करोड़ रुपये का विदेशी निवेश हासिल किया. इस रकम में से आईएनएक्स मीडिया ने गलत तरीके से 26% हिस्सा आईएनएक्स न्यूज में लगा दिया. इसके लिए FIPB की परमिशन नहीं ली गई. सीबीआई से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, वित्त मंत्रालय की फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट ने पाया कि आईएनएक्स मीडिया के पास मॉरिशस स्थित तीन कंपनियों से गलत तरीके पैसे आ रहे हैं.15 मई 2017 को केंद्रीय जांच ब्यूरो ने फॉरेन इन्वेस्टमेंट प्रमोशन बोर्ड (FIPB) की अनियमितता के आरोप में एफआईआर दर्ज की. आरोप था कि FIPB ने आईएनएक्स मीडिया को 2007 में वित्त मंत्री के तौर पर पी चिदंबरम के कार्यकाल के दौरान विदेश से 305 करोड़ रुपये फंड देने के लिए क्लियरेंस देने में अनियमितता बरती थी. इस तरह पहली बार इस केस में पी. चिदंबरम का नाम आया.
3 फरवरी को कानून मंत्रालय ने दिए CBI जांच के आदेश
इसके बाद चिदंबरम के खिलाफ जांच चलती रही. समय-समय पर छापे भी मारे गए, लेकिन पुख्ता सबूत नहीं मिल पा रहा था. इसी साल 3 फरवरी को कानून मंत्रालय ने सीबीआई को चिदंबरम के खिलाफ जांच के आदेश दे दिए. ईडी ने पहले कार्ति चिदंबरम के ठिकानों पर छापेमारी की और 54 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की. सूत्रों के मुताबिक, इसी दौरान ईडी को जांच में पता चला है कि FIPB से मंजूरी के लिए आईएनएक्स मीडिया के डायरेक्टरों पीटर मुखर्जी और इंद्राणी मुखर्जी ने किसी सीनियर कांग्रेस नेता से मुलाकात की थी. सीबीआई के मुताबिक इंद्राणी का कहना है कि ये सीनियर कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ही थे.
चिदंबरम आईएनएक्स मीडिया घोटाला और एयरसेल-मैक्सिस 2जी स्कैम में अपने बेटे कार्ति के साथ सह-अभियुक्त हैं.
इंद्राणी मुखर्जी के बयान के बाद गिरफ्तार हुए चिदंबरम
इंद्राणी ने अपने बयान में कहा, ‘पीटर ने चिदंबरम के साथ बातचीत शुरू की और INX मीडिया की एफडीआई के लिए अर्जी की प्रति भी उन्हें सौंपी. FIPB की मंजूरी के बदले चिदंबरम ने पीटर से कहा कि उनके बेटे कार्ति के बिजनेस में मदद करनी होगी.’ इस बयान को ईडी ने चार्जशीट में दर्ज किया और कोर्ट में भी इसे सबूत के तौर पर पेश किया गया.
देश-विदेश में खरीदीं 54 करोड़ की संपत्तियां
ईडी का आरोप है कि चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम (Karti Chidambaram) ने स्पेन में टेनिस क्लब, यूके में कॉटेज के साथ-साथ देश-विदेश में कुल 54 करोड़ की संपत्तियां खरीदी हैं. ईडी जानना चाहती है कि कार्ति के पास ये संपत्तियां खरीदने के पैसे कहां से आए. ईडी ने अक्टूबर 2018 में एक अटैचमेंट ऑर्डर पास किया था. इसके मुताबिक ये सारी संपत्तियां आईएनएक्स मीडिया केस में मिली रिश्वत की रकम से खरीदी गई हैं.
बता दें पी चिदंबरम आईएनएक्स मीडिया घोटाला और एयरसेल-मैक्सिस 2जी स्कैम में अपने बेटे कार्ति के साथ सह-अभियुक्त हैं. दोनों से सीबीआई और ईडी पहले पूछताछ कर चुकी हैं. हालांकि, इस केस में दोनों को अग्रिम जमानत मिल गई है.






