ब्रेकिंग
MP Scooty Yojana 2026: सीएम मोहन यादव ने सरकारी स्कूलों के 7500 टॉपर्स को बांटी ई-स्कूटी; 1.20 लाख त... Ujjain Politics: उज्जैन महापौर मुकेश टटवाल को बीजेपी रथ से उतारा; बाबा साहेब प्रतिमा के पास बैठ जताय... Sanctioning Russia and Iran Act: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नए कानून से भारत पर मंडराया भार... Houthi Attacks on Saudi Arabia: सऊदी अरब पर हूती विद्रोहियों के हमलों की भारत ने की कड़ी निंदा, क्षे... North Korea Nuclear Tests Impact: उत्तर कोरिया के परमाणु परीक्षणों से दहल रहा माउंट मंटाप, लगातार बढ... National News: रोजगार मेले में बोले पीएम नरेंद्र मोदी— 'नागरिक देवो भव:' के भाव से काम करें नवचयनित ... Delhi Police Action: केशवपुरम और स्वरूप नगर में सनसनीखेज वारदातें, दुष्कर्म और हत्या के मामलों में आ... Delhi Fire Accident: मोतीनगर में मकान में लगी भीषण आग, एलपीजी सिलेंडर फटने से एक शख्स की मौत Bahadurgarh News: घंटों लाइन में खड़े रहने को मजबूर लोग, आधार अपडेशन के लिए टोकन सिस्टम लागू करने की... Punjab Singer R Nait: कमालपुर में हुई थी शूटिंग, हथियारों वाला वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने शुर...
देश

एनसीपी नेता आव्हाड ने शिवाजी महाराज, श्रीराम और श्रीकृष्ण को लेकर दिया विवादित बयान

मुंबई । एनसीपी के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री जितेंद्र आव्हाड फिर विवादों में घिरे हैं। बीते कुछ दिनों से आव्हाड अपने बयानों की वजह से सियासी चर्चा का केंद्र में हैं। अब उन्होंने शिवाजी महाराज, श्रीराम और श्रीकृष्ण को लेकर विवादित बयान दिया है। आव्हाड के बयान की वजह से पूरे महाराष्ट्र में भारी नाराजगी महसूस की जा रही है। आव्हाड के बयान के बाद बीजेपी नेता कपिल दहेकर ने उनकी जीभ काट कर लाने वाले को दस लाख रुपये इनाम देने की घोषणा की है। दरअसल आव्हाड ने एक ट्वीट में लिखा है कि मुगलों के बिना शिवाजी महाराज का इतिहास कौन जानेगा, रावण के बिना श्रीराम को कौन जानेगा?  दहेकर महाराष्ट्र के जालना जिले के बीजेपी ओबीसी मोर्चा के नेता हैं। कार्यक्रम के दौरान महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि आव्हाड कभी-कभी सारी सीमाओं को पार कर देते हैं।
आव्हाड ने ट्वीट में लिखा है कि अगर रावण को रामायण से निकाल दिया जाए, तब श्रीराम के चरित्र का क्या महत्व रहेगा। दुर्योधन, कर्ण को महाभारत से हटा दे तब कृष्ण और अर्जुन का क्या महत्व रहेगा। मुगलों और आदिलशाह को छोड़ दें तब फिर शिवाजी महाराज के इतिहास को कैसे समझेंगे? ठीक इसतरह अंग्रजों को अलग कर दिया, तब भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महत्व को कैसे समझेंगे? आव्हाड का यही ट्वीट अब उनके लिए गले की हड्डी बनता हुआ नजर आ रहा है। उनके इस बयान के खिलाफ विरोध के सुर उठ रहे हैं। यह कोई पहला मामला नहीं है, इसके पहले भी जितेंद्र आव्हाड विवादित बयान देते रहे हैं। कुछ दिनों पहले उन्होंने कहा था कि औरंगजेब हिंदू विरोधी शासक नहीं था। अगर वह हिंदू विरोधी होता तब जिस जगह पर छत्रपति संभाजी महाराज की हत्या की गई थी। वहां पर मौजूद विष्णु मंदिर को भी उसमें तोड़ दिया होता।

Related Articles

Back to top button