ब्रेकिंग
Medical Fraud: सात्विक के खून की रिपोर्ट में गड़बड़ी का आरोप, कोर्ट के दखल के बाद पुलिस ने की कार्रव... Uttarakhand Murder Case: वनंतरा रिसॉर्ट कांड के दोषियों को सजा के खिलाफ दिल्ली में प्रदर्शन, अंकिता ... Madhya Pradesh Navratri: अन्न-जल त्यागकर मौन व्रत और शरीर पर जवारे बोए, रीवा के भक्त की अद्भुत भक्ति... Barwani News: बड़वानी के प्रसिद्ध मां मोटी माता मंदिर में उमड़ी भक्तों की भीड़, 200 साल पुरानी स्वयं... Legal Notice: दशहरे पर रावण दहन की परंपरा पर उठे सवाल, क्या अश्विन शुक्ल पक्ष की दशमी को हुआ था वध? Digvijay Singh Padayatra: 20 अक्टूबर से उज्जैन से शुरू होगी 'सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा', अयोध्या त... Damoh Dog Bite News: दमोह में पागल कुत्तों का आतंक, एक ही वार्ड में डेढ़ दर्जन से अधिक लोगों को बनाय... Shivpuri News: कंकाल की प्रतिमा और अजब रहस्यों से जुड़ा बलारी माता मंदिर, नवरात्रि में उमड़ती है भार... Jagdalpur Adawal School: दिव्यांग छात्रों ने किया चक्काजाम और प्रदर्शन, समाज कल्याण विभाग के आश्वासन... PMGSY Plastic Roads: कोरबा में प्लास्टिक कचरे से डामर की सड़कें बनाने की तैयारी, स्वसहायता समूहों को...
देश

जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क पर छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने हटाई रोक

बिलासपुर। धरसींवा के पूर्व विधायक देवजी भाई पटेल की याचिका पर सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क के निर्माण पर लगी रोक को हटा दिया है। याचिका की प्रारंभिक सुनवाई के बाद कोर्ट ने रोक लगा दी थी।

वर्ष 2020 में पूर्व विधायक देवजी भाई पटेल ने छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी। याचिकाकर्ता ने छत्तीसगढ़ शासन द्वारा जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क के लिए आवंटित की गई कृषि उपज मंडी की भूमि जो कि पांडातराई रायपुर में स्थित है को चुनौती दी गई थी। याचिका में कहा था कि कृषि उपज मंडी के लिए आरक्षित जमीन को राज्य शासन ने जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क के लिए आवंटित कर दिया है। कृषि उपज मंडी ने अपने संसाधनों से उक्त जमीन को खरीदा है।

मामले की पैरवी महाधिवक्ता सतीशचन्द्र वर्मा, अतिरिक्त महाधिवक्ता चन्द्रेश श्रीवास्तव व उप शासकीय अधिवक्ता विक्रम शर्मा ने की। महाधिवक्ता द्वारा यह आधार लिया गया कि शासन द्वारा आवंटित कृषि उपज मंडी की भूमि छत्तीसगढ़ कृषि उपज अधिनियम, 1972 तथा राजस्व पुस्तक परिपत्र के प्रविधानों के तहत की गई है। उनके द्वारा यह भी आधार लिया गया कि शासन द्वारा अपनी याचिका के जवाब में इस बात का स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि पूर्व में भी तत्कालीन भाजपा सरकार के द्वारा मंडी बोर्ड की भूमि को विभिन्न प्रयोजनों के लिए राज्य सरकार द्वारा आवंटित की गई थी, जिसे याचिकाकर्ता द्वारा अपनी याचिका दाखिल करते समय छुपाया गया तथा न्यायालय के समक्ष पुरी जानकारी न देते हुए स्थगन आदेश लिया गया।

वर्तमान की स्थिति में महाधिवक्ता द्वारा यह बताया गया कि कृषि उपज मंडी, पांडातराई को ग्राम तुलसी में स्थानांतरित कर दी गई है, जिससे याचिकाकर्ता की याचिका स्वयमेव ही निरस्त होने योग्य है। मामले की सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने पूर्व में जारी स्थगन आदेश को हटाते हुए याचिका को खारिज कर दिया है। हाई कोर्ट के इस फैसले के बाद शासन की महत्वपूर्ण औद्योगिक नीति जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क पांडातराई रायपुर में खोले जाने का रास्ता साफ हो गया है।

Related Articles

Back to top button