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पाकिस्तान का सांसद भारत में बेच रहा है मूंगफली व कुल्‍फी, CAB पास होने से जागी नई उम्मीद

फतेहाबाद- पाकिस्तानी मुस्लिमों के अत्याचार से तंग आकर भारत में आकर बसे एक परिवार में इन दिनों खुशी का माहौल है। वजह है लोकसभा और राज्यभा में नागरिकता संशोधन बिल का पास होना इन्ही में से एक है पाकिस्तान में बेनजीर भुट्टो के शासनकाल में सांसद रहे डिवायाराम जो हरियाणा के फतेहाबाद में रह रहे हैं। पाकिस्‍तान में प्रताडि़त किए जाने के बाद वह वहां से जान बचाकर फतेहाबाद के गांव रतनगढ़ पहुंचे।  वह सर्दियों में मूंगफली तो गर्मियों में कुल्फी बेचकर अपने परिवार का गुजर-बसर कर रहे हैं। संसद में ना‍गरिकता संशोधन विधेयक पारित होने से डिवायाराम बहुत खुश हैं और जश्न मना रहे हैं। इससे उनको खुद और परिवार को भारत की नागरिकता की उम्‍मीद है।

पाकिस्तान में आए दिन हो रहे अत्याचारों से तंग आकर वे अपने परिवार के साथ भारत आ गए और अपने पीछे अपनी तमाम संंपति, जमीन जायदाद छोड़ आए। उन्होंने बताया कि इंडिया आने के बाद वे रोहतक जिले में रहे जहां वीजा अवधि समाप्त होने के बाद वे पाकिस्तान वापिस नहीं लौटे और वहां के तत्कालीन उपायुक्त के समक्ष पेश होकर भारत में रहने की अनुमति मांगी। इसके बाद वे वर्ष 2006 में फतेहाबाद के रतिया कस्बे के निकट गांव रतनगढ़ में आकर रहने लगे। 74 वर्षीय डिवायाराम ने बताया कि पाकिस्तान में उनके परिवार के पास 25 बीघे जमीन थी। जब उन्होंने मुस्लिम धर्म अपनाने से मना कर दिया तो मुसलमानों ने कई तरह से शोषण करना शुरू कर दिया। मजबूरन जमीन व घर छोड़ भारत आना पड़ा। उन्होंने बताया कि विधेयक पेश होने से वे खुश हैं। उन्हें उम्मीद है कि अब भारत की नागरिकता मिल जाएगी।

आपकी जानकारी के लिए बता दे कि इस विधेयक के पास होने के बाद उनको उम्मीद जगी है कि भारत की नागरिकता पाकर अब उनके परिवार का भी राशन कार्ड बनेगा और वे सरकार से मिलने वाली सुविधाओं का भी लाभ उठा सकेंगे।

मीडिया से बातचीत में डिवायाराम ने बताया कि पाकिस्तान में गैर मुस्लिमों के लिए कुछ सीट रिजर्व रहती हैय़ बेनजीर भुट्टो अपने पिता की मौत के बाद जब राजनीति में आई थीं तो उन्होंने अपने क्षेत्र में उनके स्वागत में भाषण दिया थाष  इसके अलावा डिवायाराम ने बताया कि उनका यह मामला पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट भी पहुंचा। डिवायाराम बताते हैं कि सुप्रीम कोर्ट के जज ने भी उन्हें समझौता करने और धर्म परिवर्तन कर मामला खत्म करने की नसीहत दी।

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