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मध्यप्रदेश

14 को बंगाल की खाड़ी में बनेगा नया सिस्टम स्वतंत्रता दिवस पर बदलेगा मौसम

ग्वालियर। बंगाल की खाड़ी से आया सिस्टम शांत होने के बाद शहर में वर्षा पर ब्रेक लग गया है। इसके चलते उमस भरी गर्मी लोगों को बेहाल कर रही है। हालांकि हवाओं के कारण तापमान में मामूली कमी दर्ज हुई और पारा सामान्य से नीचे ही बना रहा। मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल अगले चार दिन तक वर्षा होने के कोई आसार नहीं है। इसके चलते उमस व गर्मी परेशान करेगी। 14 अगस्त को बंगाल की खाड़ी में बनने वाले नए सिस्टम और मानसून ट्रफ लाइन के सामान्य होने पर स्वतंत्रता दिवस पर गरज-चमक के साथ वर्षा हो सकती है।

बारिश न होने से उमस कर रही है परेशान

पिछले तीन दिन से मानसून निष्क्रिय है और पारा 33 डिग्री सेल्सियस से ऊपर टिका हुआ है। हालांकि तापमान अभी सामान्य स्तर पर है, लेकिन लोगों को उमस परेशान करने लगी है इसलिए लोग राहत की बारिश के लिए एक बार फिर आसमान की ओर ताकने लगे हैं। मौसम के जानकारों का कहना है कि बारिश के लिए अभी पांच से छह दिन इंतजार करना पड़ सकता है। दरअसल, मानसून की ट्रफ लाइन का पश्चिमी छोर इस समय हिमालय की तराई में है, जबकि पूर्वी छोर पंजाब के अमृतसर, चंडीगढ़ होते हुए नजीराबाद, गोरखपुर, सुपौल से मणिपुर तक गुजर रहा है।

ग्वालियर चंबल संभाग में नहीं अभी मौसम प्रणाली

उत्तर-पूर्वी बिहार में चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र भी मौजूद है, लेकिन इन मौसम प्रणालियों का असर ग्वालियर-चंबल संभाग में नहीं है। ऐसे में अभी पांच से छह दिन तक बारिश की उम्मीद कम है। हालांकि वातावरण में अभी नमी मौजूद है इसलिए हल्के से मध्यम बादल आते-जाते रहेंगे। इसके चलते स्थानीय प्रभाव से कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। आगामी 14 या 15 अगस्त को बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बनने की उम्मीद की जा रही है। यदि पिछले कम दबाव क्षेत्र की तरह यह भी मजबूत बना तो 15 या 16 अगस्त से संभाग में तेज बारिश का क्रम फिर से शुरू होने की संभावना है।

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