ब्रेकिंग
ILBS का 'लिवर मिशन': दिल्ली मॉडल से होगा हर नागरिक का फ्री चेकअप, सरकार ने खोला मदद का पिटारा कंगना रनौत की बढ़ी मुश्किलें: किसान आंदोलन पर टिप्पणी मामले में कल बठिंडा कोर्ट में होंगी पेश मराठी कार्ड पर छिड़ा घमासान! भाजपा अध्यक्ष बोले- भाषा के नाम पर जहर न घोलें, वोटिंग से पहले सियासी प... मिसाइल से लेकर माइंडसेट तक... सेना प्रमुख ने समझाया क्या है 'शौर्य संप्रवाह', दुश्मनों के लिए बजाई ख... सावधान! उत्तर भारत में जारी है 'कोल्ड वेव' का कहर; रिकॉर्ड तोड़ रही सर्दी, जानें मौसम विभाग की नई चे... प्रयागराज माघ मेला: श्रद्धालुओं के बीच मची चीख-पुकार, दूसरे दिन भी भड़की आग; आखिर कहाँ है सुरक्षा इं... तनाव के बीच तेहरान से आया राहत भरा मैसेज: 'टेंशन मत लेना...', जानें ईरान में फंसे भारतीय छात्रों का ... शमशान से घर पहुंचने से पहले ही उजड़ गया परिवार! सीकर में भीषण हादसा, एक साथ उठीं 6 अर्थियां राणा बलचौरिया मर्डर केस में SSP मोहाली के बड़े खुलासे, गिरफ्तार शूटरों ने बताए चौंकाने वाले सच घने कोहरे और कड़ाके की ठंड के बीच खुले पंजाब के स्कूल, अभिभावकों ने उठाई छुट्टियां बढ़ाने की मांग
देश

12 साल के लड़के ने फिल्मी स्टाइल में टाला बड़ा रेल हादसा, रेड टी शर्ट लहराकर रुकवाई ट्रेन, मिलेगा बड़ा सम्मान

नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में 12 साल के लड़के ने रेलवे पटरी में दरार देखने के बाद अपनी लाल कमीज लहराकर तेज रफ्तार ट्रेन को क्षतिग्रस्त पटरी को पार करने से रोक दिया, जिससे एक रेल हादसा होने से बाल-बाल बच गया। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि लोको-पायलट ने लाल कमीज लहराकर खतरे का संकेत जता रहे मुरसलीन शेख नामक लड़के के इशारे को भांप लिया और सही समय पर ट्रेन को रोकने के लिए आपातकालीन ब्रेक लगाया।

उन्होंने बताया कि घटना पिछले वीरवार को भालुका रोड यार्ड के पास हुई थी। उत्तर पूर्व सीमांत रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सब्यसाची डे ने एक बयान में कहा, ‘‘मालदा में 12 साल के लड़के ने अपनी लाल कमीज लहराकर एक तेज रफ्तार ट्रेन को बारिश की वजह से क्षतिग्रस्त हुई रेलवे पटरी के एक हिस्से को पार होने से रोककर साहस का परिचय दिया।” उन्होंने कहा कि बारिश की वजह से मिट्टी और पत्थर बह जाने से वह स्थान क्षतिग्रस्त हो गया था।

डे ने कहा, ‘‘पास के गांव के एक प्रवासी श्रमिक का बेटा मुरसलीन शेख रेलवे कर्मचारियों के साथ यार्ड में मौजूद था। बारिश की वजह से क्षतिग्रस्त हुए पटरी के हिस्से को देखकर लड़के ने समझदारी से काम लिया और वहां ड्यूटी पर तैनात अन्य रेलवे कर्मचारियों के साथ अपनी लाल शर्ट लहराकर सामने से आ रही ट्रेन के लोको पायलट को सर्तक कर दिया।”

अधिकारी ने बताया कि क्षतिग्रस्त पटरी की मरम्मत की गई तथा बाद में रेल परिचालन फिर से शुरू किया गया। उन्होंने कहा, ‘‘उत्तर पूर्व सीमांत रेलवे के अधिकारियों ने आज लड़के को उसकी बहादुरी के लिए प्रमाण पत्र और नकद पुरस्कार से पुरस्कृत किया। मालदा उत्तर के सांसद खगेन मुर्मू, कटिहार के मंडल रेल प्रबंधक श्री सुरेंद्र कुमार के साथ लड़के के घर पहुंचे और उसे पुरस्कृत किया तथा उसके प्रयास की सराहना की।”

Related Articles

Back to top button