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केंद्रीय मंत्री प्रताप सारंगी बोले, जिन्‍हें वंदे मातरम स्‍वीकार नहीं, उन्‍हें भारत में रहने का अधिकार नहीं

सूरत। केंद्रीय मंत्री प्रताप सारंगी (Union Minister Pratap Chandra Sarangi) ने कहा है कि जिन लोगों को भी वंदे मातरम स्‍वीकार नहीं उनको भारत में रहने का कोई अधिकार नहीं है। सारंगी ने सूरत में कांग्रेस पर नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के मसले पर लोगों को गुमराह करने का भी आरोप लगाया। उन्‍होंने कहा कि लोगों को भड़काने वाले देशभक्त नहीं हैं जो भारत की स्वतंत्रता, एकता और वंदे मातरम को स्वीकार नहीं करते उनको इस देश में रहने का कोई अधिकार नहीं है। देखें वीडियो कि सारंगी ने क्‍या कहा…

ANI

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Union Minister Pratap Sarangi in Surat, Gujarat: Those who do not accept Vande Mataram have no right to live in India. (18.01.2020)

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केंद्रीय मंत्री ने कहा कि लोगों को CAA लाने के लिए PM Modi का आभार मानना चाहिए। नए नागरिकता कानून से अब पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश में धार्मिक उत्पीड़न का सामना करने वाले हिंदू, सिख, जैन, पारसी, बौद्ध और ईसाइयों को भारत की नागरिकता मिल सकेगी। उन्‍होंने कहा कि CAA को 70 साल पहले ही लाया जाना चाहिए था। यह कानून कांग्रेस नेताओं द्वारा किए गए पाप का प्रायश्चित करने का एक तरीका है। देश के विभाजन के समय कांग्रेस ने पाप किया और अब हम इसका प्रायश्चित कर रहे हैं।

 

गौरतलब है कि CAA पर सियासी विवाद के बीच वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भी रविवार को बयान दिया। उन्‍होंने बताया कि पिछले छह वर्षों में 2,838 पाकिस्तानी, 914 अफगानिस्तानी, 172 बांग्लादेशी शरणार्थियों को भारत की नागरिकता मिली है। उन्‍होंने यह भी कहा कि जिन लोगों को नागरिकता दी गई है उनमें मुसलमान शरणार्थी भी शामिल हैं। साल 1964 से 2008 तक श्रीलंका के चार लाख तमिलों को भी नागरिकता दी गई। साल 2014 तक पाक, बांग्लादेश और अफगानिस्तान के 566 मुसलमानों को भी देश की नागरिकता मिली थी। केंद्रीय वित्त मंत्री ने नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) को लेकर बड़ा बयान दिया है।

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