ब्रेकिंग
नाम के आगे 'शंकराचार्य' कैसे लगाया? मेला प्रशासन के नोटिस पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का करारा जवाब,... सुखबीर बादल का CM मान पर बड़ा हमला: बोले- मुख्यमंत्री में लोगों का सामना करने की हिम्मत नहीं, वादों ... कातिल चाइना डोर का कहर! युवक के चेहरे और नाक पर आए दर्जनों टांके, मौत के मुंह से बचकर लौटा पीड़ित Jalandhar Crime: रिटायर्ड कर्नल के साथ धोखाधड़ी, 9 लोगों पर FIR दर्ज; जानें जालंधर में ठगी का पूरा म... भगवंत मान सरकार के रोजगार के दावे फेल! पंजाब में फैला फर्जी ट्रैवल एजेंटों का मकड़जाल, विदेश भेजने क... Drug Smuggling Case: पुलिस की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों रुपये की हेरोइन बरामद; 2 तस्करों को रंगे हाथों ... शिक्षा क्रांति के दावों की खुली पोल! सरकारी स्कूलों में लेक्चरर्स का टोटा, बिना एक्सपर्ट्स के कैसे प... Ludhiana Weather: कोहरे की सफेद चादर में लिपटा लुधियाना, 22 और 23 जनवरी को आंधी-बारिश का डबल अटैक; म... आयुष्मान कार्ड धारकों को बड़ा झटका! 45 निजी अस्पताल योजना के पैनल से बाहर, इलाज के लिए दर-दर भटकने क... Haryana Agniveer Quota: हरियाणा में अग्निवीरों के लिए बड़ी खुशखबरी! इस सरकारी भर्ती में मिलेगी प्राथ...
महाराष्ट्र

अमरावती: फैक्ट्री के अंदर 100 से ज्यादा महिलाओं को दिया गया ‘जहर’, हॉस्पिटल में चल रहा इलाज

महाराष्ट्र के अमरावती में एक फैक्ट्री के अंदर 100 से ज्यादा महिलाओं को जहर देने का मामला सामने आया है. महिलाओं की तबीयत बिगड़ने के बाद हंगामा हो गया. जिसके बाद महिलाओं को आनन-फानन में हॉस्पिटल में भर्ती किया गया है. महिलाओं को पानी या नाश्ते में जहर जैसा कोई पदार्थ देने की आशंका है. जिसकी वजह से महिलाओं की तबीयत बिगड़ी और उन्हें पेट दर्द, उल्टियां, मतली जैसे लक्षण दिखाई देने लगे.

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार पूरा मामला अमरावती के नंदगांव पेठ में स्थित गोल्डन फाइबर कंपनी का है. इस कंपनी में 100 से ज्यादा महिलाओं की कंपनी के अंदर अचानक तबीयत बिगड़ गई. सभी महिलाओं को गंभीर हालत में अमरावती जिला हॉस्पिटल में भर्ती किया गया है. सभी का इलाज चल रहा है. पीड़ित महिलाओं ने बताया है कि कंपनी के नाश्ते में या फिर पानी में जहर जैसा कुछ मिला हो सकता है जिसकी वजह से सबकी तबीयत बिगड़ी है.

महिलाओं ने बताया कि कंपनी में करीब 700 महिलाओं काम करती हैं. महिलाओं को सुबह करीब 9 बजे से ही मतली आना, उल्टियां होने और पेट दर्द जैसे लक्षण दिखाई दे रहे थे. कंपनी संचालकों की लापरवाही की हद तो तब हो गई जब इतनी सारी महिलाओं की तबीयत बिगड़ने के बाद भी उन्हें कंपनी से बाहर नहीं जाने दिया बल्कि वहीं पर डॉक्टर बुलाकर उनका इलाज कराया गया. कुछ महिलाओं को कंपनी से छुट्टी दे दी गई.

मनसे पदाधिकारी ने की पहल

स्थानीय मनसे के पदाधिकारी ने इस पूरे मामले में पहल की. उन्हें इस बात की जानकारी लगी कि कंपनी के अंदर जहर देने जैसे हालात बने हुए हैं. जिन महिलाओं को छुट्टी दी गई थी उनके जरिए यह बात फैल गई. मनसे पदाधिकारी तुरंत कंपनी में गए और पुलिस को सूचित किया. जिसके बाद बाकी महिलाओं को भी जिला हॉस्पिटल में भर्ती किया गया है. कुछ महिलाओं की हालत नाजुक बताई जा रही है. उन्होंने कंपनी के मालिक पर लापरवाही बरतने का आरोप भी लगाया है.

Related Articles

Back to top button