भोपाल-छिंदवाड़ा-इंदौर सहित 17 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, IMD ने जारी की चेतावनी

भोपाल। छत्तीसगढ़ के मध्य भाग में कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय हो गया है। वहीं, मानसून द्रोणिका दमोह से होकर गुजर रही है। इन दोनों मौसम प्रणालियों के असर से मध्यप्रदेश में एक बार फिर बारिश का दौर शुरू हो गया है।
गुरुवार को सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक रायसेन में 45 मिमी, छिंदवाड़ा में 30 मिमी, भोपाल में 11 मिमी, मंडला में सात मिमी, इंदौर में पांच मिमी, खजुराहो व उमरिया में दो-दो मिमी और दमोह में एक मिमी वर्षा दर्ज की गई।
मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक वी.एस. यादव के अनुसार, वर्तमान में छत्तीसगढ़ के मध्य में बने कम दबाव के क्षेत्र के साथ-साथ मानसून द्रोणिका श्रीगंगानगर, शिवपुरी, दमोह, छत्तीसगढ़ और कलिंगपट्टनम से होते हुए बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है। वहीं, उत्तरी पाकिस्तान और पंजाब पर चक्रवात के रूप में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। इन सभी मौसम प्रणालियों के संयुक्त असर से प्रदेश में अच्छी वर्षा की स्थिति बनी हुई है।
मौसम विभाग ने शुक्रवार को इंदौर, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग के जिलों में कहीं-कहीं भारी वर्षा की संभावना जताई है। शेष क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ मध्यम स्तर की वर्षा हो सकती है। वहीं, भोपाल, उज्जैन और मालवा-निमाड़ क्षेत्र में भी शुक्रवार और शनिवार को झमाझम बारिश के आसार हैं।
मौसम विशेषज्ञ अजय शुक्ला ने बताया कि प्रदेश में रुक-रुककर बारिश का सिलसिला अगले तीन दिन तक जारी रह सकता है। उधर, पिछले 24 घंटों के दौरान गुरुवार सुबह साढ़े आठ बजे तक सिवनी में 75.4 मिमी, रतलाम में 56 मिमी, छिंदवाड़ा में 28 मिमी, शिवपुरी में 26 मिमी, उज्जैन में 16.6 मिमी, श्योपुर में 12.4 मिमी और खंडवा में 11 मिमी वर्षा दर्ज की गई।