सूरजपुर संयुक्त कार्यालय में नहीं शिफ्ट हुए विभाग, अपने काम के लिए भटक रही जनता
सूरजपुर : सूरजपुर जिला बने 13 साल बीत चुके हैं.लेकिन अब तक जिले में संयुक्त कार्यालय पूरी तरह से एक्टिव नहीं हो सका है.इस वजह से विभागीय काम करवाने के लिए जनता एक विभाग से दूसरे विभाग भटक रही है. साल 2012 में सरगुजा से विभाजित कर सूरजपुर को जिला बनाया गया था. इसके बाद ये लगने लगा था कि लोगों की मुश्किलें अब कम होंगी.सरकारी काम जो अंबिकापुर से होते थे,वो अब सूरजपुर में ही हो जाया करेंगे.इसी उद्देश्य से साल 2017-18 में संयुक्त कार्यालय भवन बनाया गया.लेकिन 8 साल बाद भी इस संयुक्त कार्यालय में विभागों की शिफ्टिंग नहीं हो सकी है.
विभाग एक जगह नही होने से परेशानी : सूरजपुर जिले में जो विभाग संचालित हैं,वो एक जगह पर नहीं है. एक से दूसरे विभाग में आने जाने में लोगों को काफी परेशानी होती है.खासकर महिलाओं को क्योंकि कनेक्टिविटी की बाद करें तो कार्यालयों तक सीधा ट्रांसपोर्ट नहीं मिलता है.इसलिए गाड़ी रिजर्व करके ही कार्यालय तक जाना होता है.उस पर भी यदि अधिकारी है या नहीं इस बात की भी चिंता सताती है.
यहां आने के लिए साधन नहीं मिलता है.जो विभाग यहां संचालित होने थे,वो भी शिफ्ट नहीं हुए.हम खुद यहां तक चलकर आए हैं.अब जिस विभाग में काम है,वहां जाएंगे- रीमा, छात्रा
जिम्मेदारों ने माना शिफ्टिंग नहीं हो सकी : सूरजपुर में जो विभाग संचालित हो रहे हैं,उनके भवनों की हालत भी खस्ता है.बावजूद इसके कार्यालयों को शिफ्ट करने को लेकर किसी तरह की कोई पहल नहीं की गई है.आठ साल में यदि जिले में आधे से भी ज्यादा दफ्तरों को संयुक्त कार्यालय में शिफ्ट किया जाता तो इसे बड़ी उपलब्धि माना जाता.लेकिन ऐसा हो ना सका. जब मीडिया ने संयुक्त कार्यालय को लेकर जिम्मेदारों से सवाल पूछा तो उन्होंने जल्द से जल्द कार्यालयों को शिफ्ट करने की बात कही.
आपके माध्यम से संयुक्त कार्यालय की जानकारी मिली है. हमारे जिले में संयुक्त कार्यालय है लेकिन उसमें कुछ ही विभाग संचालित हैं.मैं इस बारे में माननीय मुख्यमंत्री और प्रभारी मंत्री तक बात पहुंचाऊंगा – मुरली मनोहर सोनी, बीजेपी जिलाध्यक्ष
संयुक्त कार्यालय में हर विभाग होने चाहिए. विभाग एक जगह नहीं होने से लोगों को भटकना पड़ता है.खासकर ग्रामीण जनता जो सूरजपुर जिले में काफी दूर से आते हैं.शासन प्रशासन को चाहिए कि जल्द से जल्द संयुक्त कार्यालय में विभागों की शिफ्टिंग कर दे- रामकृष्ण ओझा, जिला उपाध्यक्ष कांग्रेस
आपको बता दें कि सूरजपुर जिले में जितने भी शासकीय दफ्तर हैं,उनकी बिल्डिंग की हालत खस्ता है.फिर भी विभाग संयुक्त कार्यालय में शिफ्ट नहीं हो रहा है. मीडिया में खबर आने के बाद जनप्रतिनिधियों ने इस ओर ध्यान देने की बात कही है.लेकिन प्रशासन को चाहिए कि यदि संयुक्त कार्यालय के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च करके बिल्डिंग बनाई गई है तो उसका इस्तेमाल हो, ताकि आम जनता को लाभ मिल सके.






