लैंड पुलिंग पर किसान संघ ने फिर भरी हुंकार, इस बार स्थानीय BJP MLA की अंतरात्मा जागी
उज्जैन : सिंहस्थ 2028 से पूर्व लैंड पुलिंग एक्ट मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है. भारतीय किसान संघ ने 26 दिसंबर से उज्जैन के कलेक्टर एवं कमिश्नर कार्यालय प्रशासनिक संकुल भवन में 18 जिलों के किसानो के साथ 2376 हेक्टर भूमि बचाने के विरोध में “घेरा डालो डेरा डालो” आंदोलन शुरू करने का ऐलान किया है.
अब उज्जैन उत्तर से भाजपा विधायक अनिल जैन कालूहेड़ा ने खुलकर किसानो को समर्थन देने की घोषणा की है. उनका कहना है “वह अंतरात्मा की आवाज पर किसानों का साथ देंगे.”
मुख्यमंत्री व प्रदेशाध्यक्ष को लिखा पत्र
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा, प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा को पत्र जारी कर भाजपा विधायक अनिल जैन ने कहा “वह किसानों के साथ हैं. जनता ने हमें चुना है. सरकार ने नहीं. लैंड पुलिंग एक्ट अगर निरस्त हो गया होता तो किसान 26 दिसंबर से आंदोलन की राह पर क्यों निकलने की योजना बनाते.” पत्र में लिखा है उज्जैन में शासन द्वारा सिंहस्थ को ध्यान में रखते हुए लैंडपूलिंग योजना लाई गई है.
“योजना का समर्थन मैंने विधानसभा एवं विधानसभा के बाहर किया है. लेकिन 17 नवंबर 2025 को भोपाल में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खण्डेलवाल एवं किसान संघ के प्रतिनिधियों के साथ मुख्यमंत्री की उपस्थिति में बैठक में निर्णय लिया गया था कि लैंडपूलिंग योजना वापस ली जाती है.”

किसानों के साथ आंदोलन में उतरेंगे
भाजपा विधायक अनिल जैन का कहना है “लैंड पुलिंग एक्ट वापस होने पर किसान किसान संघ ने उत्सव रैली का उज्जैन में आयोजन किया. जिसमें मैं स्वयं भी शामिल हुआ. अब पता चला है कि लैंड पुलिंग योजना यथावत है. इस कारण किसान संघ ने 14 दिसंबर 2025 की बैठक में दोबारा 26 दिसम्बर 2025 को लैंडपूलिंग योजना के विरोध में आंदोलन करने का निर्णय लिया है. इस आंदोलन में वह स्वयं किसानों के सम्मान में एवं किसानों के हित में सम्मिलित होंगे.”
उज्जैन में रोडों के चौड़ीकरण का भी विरोध
विधायक अनिल जैन ने मांग की है “उज्जैन में सिंहस्थ भूमि पर जो रहवासी बस गये हैं, उन्हें अवासीय प्रयोजन का लाभ मिले. उस भूमि को सिंहस्थ यूज से फ्री की जाए. इस क्षेत्र में लगभग एक लाख की आबादी बस चुकी हैं. यह मेरे चुनावी घोषणा में शामिल है. पिपलिनाका क्षेत्र की 3 रोडों के चौड़ीकरण पर दोबारा विचार किया जाए.”
“सरकारें जनता बनाती है और जनता ने ही हमे जनप्रतिनिधि बनाया है. मेरा भी दायित्व है कि जनता और किसानों के समर्थन में उतरकर उनकी बात उठाएं. मैं चाहता हूं कि सिंहस्थ क्षेत्र में जितनी भी पूर्व से बनी हुई सड़कें हैं, उन सभी को चौड़ा किया जाए. इसके अलावा कोई पक्के निर्माण कार्य सिंहस्थ क्षेत्र में नहीं किए जाएं.”
लैंड पुलिंग एक्ट में संशोधन नहीं, निरस्त किया जाए
विधायक अनिल जैन का कहना है “यह सरकार के खिलाफ जाने का निर्णय नहीं है. सरकार ने ही निर्णय लिया था बीते 17 नवंबर की शाम भोपाल में लैंड पूलिंग एक्ट निरस्त करने का. अब किसानों ने दोबारा आंदोलन की भूमिका बनाई है 26 दिसंबर से. मतलब लैंड पूलिंग एक्ट निरस्त नहीं हुआ है. मैं किसी भी संशोधन के समर्थन में नहीं हूं.”






