ब्रेकिंग
नाम के आगे 'शंकराचार्य' कैसे लगाया? मेला प्रशासन के नोटिस पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का करारा जवाब,... सुखबीर बादल का CM मान पर बड़ा हमला: बोले- मुख्यमंत्री में लोगों का सामना करने की हिम्मत नहीं, वादों ... कातिल चाइना डोर का कहर! युवक के चेहरे और नाक पर आए दर्जनों टांके, मौत के मुंह से बचकर लौटा पीड़ित Jalandhar Crime: रिटायर्ड कर्नल के साथ धोखाधड़ी, 9 लोगों पर FIR दर्ज; जानें जालंधर में ठगी का पूरा म... भगवंत मान सरकार के रोजगार के दावे फेल! पंजाब में फैला फर्जी ट्रैवल एजेंटों का मकड़जाल, विदेश भेजने क... Drug Smuggling Case: पुलिस की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों रुपये की हेरोइन बरामद; 2 तस्करों को रंगे हाथों ... शिक्षा क्रांति के दावों की खुली पोल! सरकारी स्कूलों में लेक्चरर्स का टोटा, बिना एक्सपर्ट्स के कैसे प... Ludhiana Weather: कोहरे की सफेद चादर में लिपटा लुधियाना, 22 और 23 जनवरी को आंधी-बारिश का डबल अटैक; म... आयुष्मान कार्ड धारकों को बड़ा झटका! 45 निजी अस्पताल योजना के पैनल से बाहर, इलाज के लिए दर-दर भटकने क... Haryana Agniveer Quota: हरियाणा में अग्निवीरों के लिए बड़ी खुशखबरी! इस सरकारी भर्ती में मिलेगी प्राथ...
पंजाब

भगवंत मान सरकार के रोजगार के दावे फेल! पंजाब में फैला फर्जी ट्रैवल एजेंटों का मकड़जाल, विदेश भेजने के नाम पर करोड़ों की ठगी

अमृतसर: पंजाब में रोजगार कम होने के कारण युवाओं में विदेश जाने का क्रेज बढ़ गया है, जिससे सरकार के पंजाब में युवाओं को रोजगार दिलवाने के दावे हवा-हवाई नजर आ रहे हैं। राज्य का लगभग हर युवा अब देश में रहने के बजाय विदेश जाकर डॉलर कमाने के लालच में आ रहा है। अमेरिका, कनाडा, यू.के. और ऑस्ट्रेलिया जहां विदेश जाने के इच्छुक पंजाबियों की पहली पसंद बने हुए हैं, वहीं पंजाबी युवा अब यूरोपीय देशों में जाने के लिए अपनी जान जोखिम में डालने से भी नहीं हिचकिचा रहे हैं।

पूरे राज्य में फर्जी ट्रैवल एजेंटों का नेटवर्क फैला हुआ है। ये ट्रैवल एजेंट पंजाब की अर्थव्यवस्था को दीमक की तरह खोखला करने का कोई मौका नहीं छोड़ रहे। ट्रैवल एजेंट युवाओं की विदेश जाने की चाहत का फायदा उठा रहे हैं, जो इसके लिए कुछ भी करने को तैयार रहते हैं, यहां तक कि गैर-कानूनी तरीके से भी। नकली ट्रैवल एजेंट भोले-भाले लोगों की मेहनत की कमाई दोनों हाथों से लूट रहे हैं। बाद में ठगे गए लोग अपना पैसा वापस पाने के लिए पुलिस थानों और अदालतों के चक्कर काटते रहते हैं।

इमिग्रेशन इंडस्ट्री में फैले इस फ्रॉड ने पंजाब में कई घर बर्बाद कर दिए हैं। अपने बच्चों को विदेश में सेटल करने के लिए मजबूर माता-पिता अपनी जमा-पूंजी तक गंवा रहे हैं, लेकिन ट्रैवल एजेंट उनकी मजबूरी का पूरा फायदा उठाते हैं और भावनाओं को ठेस पहुंचाते हैं।

कई युवा गैर-कानूनी तरीके से विदेश जाकर गंवा चुके हैं जान

एक रिपोर्ट के मुताबिक नकली ट्रैवल एजेंट आम तौर पर लोगों से 1.5 से 2 लाख रुपये तक ठग लेते हैं। जो युवा गैर-कानूनी तरीकों (डंकी लगाकर) से विदेश जाते हैं, उनमें से कुछ विदेशी पुलिस की नजरों से बचकर अंडरग्राउंड रहते हैं, जबकि ज्यादातर युवा विदेशी पुलिस के हाथों जेलों और डिटेंशन कैंपों में पहुंच जाते हैं। गांवों के युवाओं पर विदेश जाने का ऐसा जुनून सवार है कि वे अपनी जमीनें बेचने से भी नहीं हिचकिचाते। कई युवा गैर-कानूनी तरीके से विदेश जाकर अपनी जान तक गंवा चुके हैं।

अनपढ़ और कम पढ़े-लिखे युवा बनते हैं सॉफ्ट टारगेट

ट्रैवल एजेंटों के शिकार करीब 70 प्रतिशत अनपढ़ और कम पढ़े-लिखे बेरोजगार युवा होते हैं। ये नकली एजेंट गांवों के युवाओं को डॉलर कमाने के बड़े-बड़े सपने दिखाकर अपने जाल में फंसाते हैं और फिर उनसे पैसे ठगकर उनके सपनों को चकनाचूर कर देते हैं। जब तक युवाओं को सच्चाई का एहसास होता है, तब तक उनकी मेहनत की कमाई लुट चुकी होती है।

चेन सिस्टम से जुड़े हैं नकली ट्रैवल एजेंट

इस गैर-कानूनी धंधे में ज्यादातर ट्रैवल एजेंट चेन सिस्टम से जुड़े हुए हैं। इन्होंने बाजार में अपने एजेंट छोड़ रखे हैं, जो शहरों के होटल, सेंटर और कॉलेजों पर पैनी नजर रखते हैं। कुछ एजेंटों के पास लड़कियां भी होती हैं, जो फोन कॉल के जरिए हर तरह के वीजा पर विदेश भेजने का झांसा देती हैं। जिन लोगों की फाइलें पहले रिजेक्ट हो चुकी होती हैं, वे इनके आसान शिकार बन जाते हैं। हालात ऐसे हैं कि अब पढ़े-लिखे युवा भी सिस्टम से तंग आकर विदेश जाने के लिए कुछ भी करने को तैयार नजर आ रहे हैं।

सरकारी विभागों में पद खाली, सवालों के घेरे में सरकार

आम आदमी पार्टी की पंजाब सरकार ने चुनावों से पहले दावा किया था कि पंजाब के युवा विदेश नहीं जाएंगे, बल्कि विदेशी लोग पंजाब में आकर काम करेंगे। हालांकि ये दावे अब खोखले साबित होते दिख रहे हैं। आज भी शिक्षित युवा नौकरियों की तलाश में भटक रहे हैं। संपन्न परिवार अपने बच्चों को विदेश भेज रहे हैं, जबकि मध्यम और निम्न वर्ग के युवाओं को रोजगार के लिए दिल्ली, मुंबई और दक्षिण भारत की ओर रुख करना पड़ रहा है। जानकारी के अनुसार कई सरकारी विभागों में आज भी सैकड़ों पद रिक्त हैं, लेकिन सरकार इन्हें भरने में रुचि नहीं दिखा रही, जो अपने आप में बड़ा सवाल है।

Related Articles

Back to top button