छिंदवाड़ा: परासिया नगर पालिका अध्यक्ष को BJP ने दिखाया बाहर का रास्ता, 6 साल के निष्कासन से सियासी गलियारों में हड़कंप

छिंदवाड़ा: कुछ दिनों पहले डोंगर परासिया के नगर पालिका अध्यक्ष विनोद मालवीय का एक कथित ऑडियो सोशल मीडिया पर सर्कुलेट हो रहा था, जिसमें वे नागपुर के ठेकेदार से 5 प्रतिशत कमीशन देने की बात कहते सुने गये थे. इस ऑडियो से भारतीय जनता पार्टी की काफी किरकिरी हो रही थी, जिसके परिणाम स्वरूप पार्टी ने अध्यक्ष विनोद मालवीय को 6 सालों के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया है. वहीं कथित ऑडियो मामले में विनोद का कहना है कि किसी ने फर्जी तरीके से ऑडियो बनाकर मुझे बदनाम किया है.
हाईकमान के निर्देश पर हुई निष्कासन की कार्रवाई
इस कार्रवाई पर भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष शेषराव यादव ने कहा, “डोंगर परासिया के नगर पालिका अध्यक्ष विनोद मालवीय का एक ऑडियो वायरल हुआ था, जो जांच में सही में पाया गया है. इसके साथ ही पहले भी पार्टी के कार्यकर्ताओं के विरुद्ध कई ऐसी गतिविधियां उनके द्वारा की गई है, जिससे पार्टी को नुकसान हुआ है. इसकी शिकायत प्रदेश स्तर पर की गई थी. प्रदेश स्तर से छानबीन के बाद नगर पालिका अध्यक्ष को 6 साल के लिए निष्कासित करने के निर्देश मिले थे, इसलिए यह कार्रवाई की गई है.”

पार्षद को मारने की सुपारी देने का लगा था आरोप
करीब 3 महीने पहले डोंगर परासिया नगर पालिका के पार्षद अनुज पाटकर ने भी नगर पालिका अध्यक्ष की शिकायत थाने में दर्ज कराई थी. जिसमें उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा था कि “नगर पालिका अध्यक्ष विनोद मालवीय द्वारा उनकी मुखबारी कराकर उन्हें मारने की सुपारी दी गई है. इसको लेकर भी पार्टी स्तर पर काफी बवाल हुआ था. इन सब को देखते हुए भारतीय जनता पार्टी द्वारा अध्यक्ष विनोद मालवीय के खिलाफ कार्रवाई की गई.
‘मेरे ऊपर लगे सभी आरोप बेबुनियाद हैं’
अध्यक्ष विनोद मालवीय ने ईटीवी भारत से बातचीत में बताया कि “पार्टी के द्वारा उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया था. उन्होंने अपना पक्ष पार्टी के सामने रखा था, उन पर लगाए गए सभी आरोप बेबुनियाद हैं. इसके बाद भी पार्टी ने ऐसी कार्रवाई क्यों की है, उन्हें समझ नहीं आ रहा.”






