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Koriya News: कोरिया के सोनहत में हाथियों का तांडव, गांव में घुसा झुंड, रात भर दहशत में रहे लोग

कोरिया: किसान सालभर खेतों में मेहनत कर अन्न उपजाता है. इसी अन्न को बेचकर उसकी साल भर जीवन की गाड़ी चलती है. लेकिन जब किसानों की खून पसीने की मेहनत से उपजाई फसल को हाथी रौंद देते हैं तो किसान पूरी तरह से टूट जाता है. ऐसे में किसानों का गुस्सा सीधा वन विभाग की नाकामी पर फूटता है. कोरिया के सोनहत वन परिक्षेत्र से लगे कांटो गांव में कुछ इसी तरह का मामला सामने आया है.

गांव में घुसा हाथियों का झुंड

कोरिया वन मंडल के सोनहत परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम कांटो में 14 फरवरी की रात जंगली हाथियों के दल ने भारी तबाही मचाई. करीब 16 हाथियों का झुंड देर रात गांव में घुस आया और यहां मौजूद चार मकानों को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया. सीमित आबादी और मात्र 9 मतदाताओं वाले इस छोटे से गांव में अफरा-तफरी मच गई. ग्रामीण किसी तरह जान बचाकर भागे, जिससे बड़ी जनहानि टल गई, लेकिन गांव लगभग पूरी तरह से उजड़ चुका है.

खेत में लगी फसलों को हाथियों ने रौंदा

गांव वालों ने बताया कि हाथियों ने मकानों की दीवारें और छप्परों को तोड़ दिया. घर के भीतर जो भी सामान रखा था उसे तबाह और बर्बाद कर दिया. इतना ही नहीं, खेतों में खड़ी गेहूं की फसल को भी रौंद डाला, जिससे प्रभावित परिवारों की आजीविका पर गंभीर संकट खड़ा हो गया. खेती-किसानी और मजदूरी के सहारे जीवन यापन करने वाले ग्रामीण अब घर और रोजगार दोनों मोर्चों पर मुश्किलों का सामना कर रहे हैं.

ग्रामीणों में भय का माहौल

गांव वालों का कहना है कि कुछ माह पूर्व भी हाथियों का झुंड गांव में आ धमका था. तब भी काफी नुकसान हुआ था. लगातार हो रही घटनाओं से गांव में भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है. ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से तत्काल राहत, समुचित मुआवजा और सुरक्षित पुनर्वास की मांग की है. वन विभाग के अनुसार, हाथियों का दल फिलहाल चपलीपानी बीट क्षेत्र में घूम रहा है. वन विभाग के मुताबिक वन परिक्षेत्र-बिहारपुर अंतर्गत कक्ष क्रमांक 851, 852 और 857 के आसपास उनकी गतिविधियां देखी गई हैं.

किसानों को दिया गया मुआवजा, अन्य नुकसान का मूल्यांकन जारी

बीती रात बीट झामाडांड (कक्ष 853) से लगे ग्राम कांटो में हाथियों के झुंड ने फसल और मकानों को नुकसान पहुंचाया है. इसके बाद हाथी वहां से जंगल की ओर निकल गए. प्राथमिक जानकारी के मुताबिक गेहूं की फसल को हाथियों ने काफी नुकसान पहुंचाया है. वन विभाग की ओर से नुकसान का वाजिब मुआवजा भी किसानों को दिया गया है. वहीं बाकि जो नुकसान हुआ है उसका भी आंकलन किया जा जा रहा है.

गांवों में मुनादी के जरिए किया जा रहा अलर्ट

वन विभाग ने कांटो बैरागी, बसखोहार, मनियारी, शिवपुर और नवाडीह गांवों में मुनादी के जरिए लोगों को सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है. ग्रामीणों को हाथियों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की समझाइश दी जा रही है. इस संबंध में चन्द्रशेखर सिंह परदेसी, डीएफओ, कोरिया वन मंडल ने बताया कि राजस्व अभिलेखों में ग्राम कांटो कोरिया जिले में दर्ज है, जबकि वन क्षेत्र की दृष्टि से यह बिहारपुर रेंज के अंतर्गत आता है. उन्होंने कहा कि संबंधित विभागों के समन्वय से मुआवजा प्रकरण तैयार करने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है, प्रभावित परिवारों को नियमानुसार सहायता दी जाएगी.

क्या कहते हैं एक्सपर्ट

लगातार बढ़ रही हाथियों की गतिविधियों ने वन क्षेत्र से सटे गांवों में चिंता बढ़ा दी है. विशेषज्ञों का मानना है कि मानव-हाथी संघर्ष की घटनाओं को रोकने के लिए दीर्घकालिक योजना, निगरानी तंत्र की मजबूती और त्वरित राहत व्यवस्था आवश्यक है, ताकि ग्रामीणों की सुरक्षा और आजीविका दोनों सुनिश्चित की जा सके.

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