ब्रेकिंग
Mahakaleshwar Temple News: उज्जैन में महाकाल दर्शन करने आए युवक-युवती के साथ मंदिर परिसर में धक्का-म... Neemuch News: महज 3 फीट जमीन के लिए भाई ने भाई को उतारा मौत के घाट; कुल्हाड़ी और लाठियों से बेरहम हत्... Child Labour Case: बाल श्रम के खिलाफ खंडवा प्रशासन सख्त; बीयर बार संचालक पर FIR, बच्चों का होगा पुनर... Sonam Raghuvanshi Bail: पति की हत्या कर प्रेमी संग फरार हुई थी सोनम; जमानत मिलते ही छलका मृतक की मां... NEET Re-Exam 2026: मध्य प्रदेश में नीट पुनर्परीक्षा की तैयारी; इंदौर में सबसे ज्यादा केंद्र, सीएम के... MP Road Accidents: मध्य प्रदेश में हर दिन 283 लोग हो रहे सड़क हादसों का शिकार; 108 एंबुलेंस की रिपोर्... Big Operation in Burhanpur: सालभर के दर्द से मिली मुक्ति; बुज़ुर्ग महिला की जान बचाकर जिला अस्पताल की... Chhatarpur News: सपा अध्यक्ष की बेटी पर सोशल मीडिया टिप्पणी बनी मुसीबत; हिंदूवादी नेता प्रशांत मेहतो... MP Assembly Session: मानसून सत्र में पेश होगा अनुपूरक बजट; 5 दिनों के सत्र को लेकर विपक्ष का सरकार प... ED Action in Bhopal: मेडिकल एजुकेशन विभाग के क्लर्क पर ED का शिकंजा; 1.47 करोड़ की संपत्ति अटैच
मध्यप्रदेश

Big Operation in Burhanpur: सालभर के दर्द से मिली मुक्ति; बुज़ुर्ग महिला की जान बचाकर जिला अस्पताल की टीम ने किया नाम रोशन

बुरहानपुर: जिले के स्वास्थ्य विभाग के लिए यह एक बड़ी उपलब्धि है। जिला अस्पताल के शल्य विशेषज्ञों ने एक बेहद जटिल ऑपरेशन को अंजाम देते हुए 61 वर्षीय बुजुर्ग महिला के पेट से 7 किलोग्राम वजनी ट्यूमर (गांठ) सफलतापूर्वक बाहर निकाला है। सिविल सर्जन डॉ. दर्पण टोके और उनकी टीम के इस प्रयास ने न केवल मरीज की जान बचाई, बल्कि जिले की स्वास्थ्य सेवाओं पर लोगों का भरोसा भी बढ़ाया है।

📋 लंबे समय से था असहनीय दर्द

परिजनों ने जानकारी दी कि महिला वर्षों से पेट दर्द की समस्या से जूझ रही थी, लेकिन उसे किसी भी दवा से राहत नहीं मिल रही थी। जब महिला ने जिला अस्पताल में चेकअप कराया, तो जांच में पेट के अंदर बहुत बड़ी गठान का पता चला। डॉक्टरों ने तत्काल ऑपरेशन की सलाह दी और परिजनों की सहमति के बाद इस चुनौतीपूर्ण सर्जरी को सफलतापूर्वक पूरा किया गया।

🛡️ जिला अस्पताल में बेहतर होती चिकित्सा सुविधाएं

सिविल सर्जन डॉ. दर्पण टोके ने बताया कि जिला अस्पताल में लगातार चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य है कि मरीजों को जटिल बीमारियों के इलाज के लिए बड़े महानगरों की ओर न भागना पड़े। विशेषज्ञों की हमारी टीम अत्याधुनिक तकनीक और सावधानी के साथ जिला अस्पताल में ही बेहतर उपचार प्रदान कर रही है।”

👩‍⚕️ महिला अब खतरे से बाहर

डॉक्टरों के अनुसार, यह एक जोखिम भरा और जटिल ऑपरेशन था, जिसमें घंटों तक सावधानी बरती गई। सात किलो वजन की गठान बाहर निकलने के बाद अब महिला को असहनीय दर्द से पूरी तरह निजात मिल गई है और उनकी स्थिति खतरे से बाहर है। इस सफल सर्जरी ने जिला अस्पताल के प्रति स्थानीय लोगों का विश्वास और अधिक मजबूत कर दिया है।

Related Articles

Back to top button