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छत्तीसगढ़

Chhattisgarh Driver Protest: महासमुंद में ड्राइवरों की विशाल रैली; 15 सूत्रीय मांगों के लिए कलेक्ट्रेट में सौंपा ज्ञापन

महासमुंद: अपनी विभिन्न समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर सोमवार को छत्तीसगढ़ ड्राइवर महासंघ ने महासमुंद शहर में एक विशाल रैली निकाली। लोहिया चौक से शुरू हुई यह रैली नेहरू चौक, बरोंडा चौक और शास्त्री चौक से होते हुए कलेक्ट्रेट परिसर पहुंची, जहाँ महासंघ के प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर को अपनी 15 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा।

📋 महासंघ की प्रमुख मांगें

प्रदर्शन के दौरान ड्राइवरों ने अपनी सुरक्षा और कल्याण के लिए कई महत्वपूर्ण मांगें रखीं:

  • बीमा सुरक्षा: दुर्घटना में मृत्यु होने पर 20 लाख और अपंगता होने पर 10 लाख रुपये का बीमा।

  • सड़क सुरक्षा: सड़कों से मवेशियों और आवारा पशुओं को हटाना।

  • सुविधाएं: ड्राइवरों के लिए विश्राम कक्ष (Rest Room) की व्यवस्था।

  • आर्थिक सहायता: आवास निर्माण के लिए 5 लाख रुपये की सहायता राशि।

  • विशेष दर्जा: 1 सितंबर को आधिकारिक रूप से “ड्राइवर दिवस” घोषित करना।

  • अनावश्यक परेशानी पर रोक: सड़कों पर चालकों को तंग न करना।

📢 “चालक अर्थव्यवस्था की रीढ़, लेकिन उपेक्षित”

महासंघ की प्रदेश अध्यक्ष पूनम क्षत्रिय ने कहा, “प्रदेश के सभी 33 जिलों में एक साथ यह आंदोलन किया जा रहा है। ड्राइवर समाज देश और प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, लेकिन उनकी समस्याओं के समाधान के लिए कोई ठोस प्रयास नहीं किए जा रहे हैं।” उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इन मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।

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