ब्रेकिंग
आपदा में दुपट्टे का टुकड़ा बांधा था, अब अहमदाबाद से भेजी राखी: CM पुष्कर सिंह धामी को बहन धनगौरी का ... पीरियड्स के असहनीय दर्द से पाएं राहत: गायनेकोलॉजिस्ट ने बताए 3 जरूरी न्यूट्रिएंट्स; पेनकिलर की नहीं ... इंग्लैंड दौरे पर पाकिस्तान टीम में घमासान: कप्तान बाबर आजम को हुआ तेज बुखार; डॉक्टर ने दी 3 दिन आराम... थाईलैंड के पटाया पहुंचा 5000 सैनिकों वाला अमेरिकी युद्धपोत 'USS अब्राहम लिंकन': रेड लाइट एरिया में प... क्लीन एनर्जी भरपूर, फिर भी कोयले पर निर्भरता क्यों?: ग्रिड क्षमता और बैटरी स्टोरेज की कमी से बर्बाद ... 7,050mAh बैटरी और 144Hz कर्व्ड स्क्रीन के साथ Vivo T5 5G भारत में लॉन्च, ₹4,000 की छूट; देखें कीमत व... जन्माष्टमी पर क्यों बनाए जाते हैं लड्डू गोपाल के नन्हे चरण चिह्न? जानिए धार्मिक महत्व और सही दिशा रोमांस छोड़ सस्पेंस-थ्रिलर की ओर मुड़ीं करीना कपूर: पृथ्वीराज सुकुमारन संग 'दायरा' में आएंगी नजर; पि... सोनभद्र NCL ओवरमैन हत्याकांड का खुलासा: 2 घंटे पहले घर पहुंचे पति ने प्रेमी संग देखा; पत्नी और प्रेम... अयोध्या राम मंदिर के पहले CEO पर आज लगेगी अंतिम मुहर: चंदा चोरी विवाद के बाद प्रशासनिक सुधार, रेस मे...
दिल्ली/NCR

NHAI टोल प्लाजा घोटाले पर ED का बड़ा एक्शन: UP, MP, दिल्ली-NCR समेत 14 ठिकानों पर छापेमारी; फर्जी FASTag से करोड़ों की हेराफेरी

लखनऊ/नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के टोल प्लाजा पर धोखाधड़ी से टोल वसूली और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में व्यापक कार्रवाई शुरू की है।

केंद्रीय जांच एजेंसी ने बुधवार (2 सितंबर) तड़के धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत 14 प्रमुख ठिकानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया। ED के लखनऊ जोनल कार्यालय के नेतृत्व में यह छापेमारी उत्तर प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, जम्मू, मध्य प्रदेश, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) और पश्चिम बंगाल के कोलकाता स्थित संदिग्धों के ठिकानों पर की जा रही है।

💻 फर्जी सॉफ्टवेयर और अनधिकृत रसीदों का खेल: NHAI राजस्व को पहुंचाया भारी नुकसान

घोटाले की कार्यप्रणाली और वित्तीय हेराफेरी:

  • अवैध सॉफ्टवेयर का प्रयोग: जांच में सामने आया है कि आरोपियों द्वारा अनधिकृत (Unauthorized) सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल कर फर्जी टोल रसीदें जारी की जा रही थीं।

  • अकाउंटिंग सिस्टम से छेड़छाड़: वाहनों से वसूला गया राजस्व NHAI के आधिकारिक अकाउंटिंग सिस्टम में दर्ज न करके सीधे निजी खातों में डायवर्ट किया जा रहा था, जिससे सरकारी खजाने को भारी वित्तीय क्षति हुई।

  • फॉरेंसिक पुष्टि: फॉरेंसिक जांच और NHAI के आंतरिक रिकॉर्ड्स में भी ऐसे अवैध सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल की पुष्टि हो चुकी है।

🔍 मनी ट्रेल और बेनामी संपत्तियों की पड़ताल: फर्जी FASTag से निकल रहे थे वाहन

एजेंसी की जांच के प्रमुख बिंदु:

  • सांठगांठ का जाल: टोल संचालकों, आईटी कर्मियों और मुख्य बिचौलियों के बीच घोटाले की रकम के बंटवारे के पुख्ता इनपुट मिले हैं।

  • दस्तावेजों की जब्ती: छापेमारी के दौरान ED की टीमें डिजिटल रिकॉर्ड, बैंक खाते और बेनामी संपत्तियों के दस्तावेज खंगाल रही हैं, ताकि अवैध कमाई के अंतिम लाभार्थियों (End Beneficiaries) की पहचान की जा सके।

  • फर्जी फास्टैग खेल: जांच में यह भी उजागर हुआ है कि फर्जी FASTag के जरिए ओवरलोडेड और कमर्शियल वाहनों को गैरकानूनी तरीके से टोल प्लाजा से पास कराया जा रहा था। इस सिंडिकेट पर UP STF और केंद्रीय एजेंसियां पैनी नजर बनाए हुए हैं।

⛓️ मास्टरमाइंड आलोक सिंह गिरफ्तार: 200 से अधिक टोल प्लाजा जांच के दायरे में

मुख्य आरोपी और जांच का दायरा:

  • मास्टरमाइंड की गिरफ्तारी: वाराणसी से टोल घोटाले के मुख्य सरगना आलोक सिंह को पूर्व में गिरफ्तार किया जा चुका है। उस पर हरहुआ इलाके में बैठकर इस पूरे अवैध नेटवर्क को संचालित करने का आरोप है।

  • लाला नगर टोल पर स्टांप चोरी: वाराणसी के लाला नगर टोल प्लाजा पर ₹62.87 करोड़ की स्टांप ड्यूटी चोरी मामले में भी गहन तफ्तीश चल रही है।

  • विशाल नेटवर्क: देशभर के 200 से अधिक टोल प्लाजा जांच एजेंसियों के रडार पर हैं, जिनमें से लगभग 100 टोल प्लाजा अकेले उत्तर प्रदेश में स्थित हैं।

📂 पिछले महीने भी हुई थी PMLA धारा 17 के तहत कार्रवाई

कार्रवाई की निरंतरता:

  • लगातार शिकंजा: इससे पहले भी केंद्रीय एजेंसी ने इसी मामले से जुड़े वित्तीय लेन-देन की पड़ताल के तहत PMLA, 2002 की धारा 17 के तहत 14 ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन चलाया था।

  • सबूत जुटाने में जुटी टीम: बुधवार को शुरू हुए इस नए सर्च ऑपरेशन से डिजिटल डेटा, लैपटॉप, हार्ड डिस्क और वित्तीय बही-खाते जब्त किए जा रहे हैं, जिसके आधार पर आगे और भी गिरफ्तारियां संभव हैं।

Related Articles

Back to top button