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दिल्ली/NCR

सूर्य नगर में आयुर्वेद और प्राकृतिक चिकित्सा की नई सुविधा, ‘आयु आरोग्य’ के जरिए स्थानीय लोगों को मिलेगा उपचार का विकल्प

सूर्य नगर, गाजियाबाद, 11 अक्टूबर 2026 : अभिनंदन जनकल्याण सोसाइटी के अध्यक्ष सनातनी विनोद कुमार बिंदल ने सूर्य नगर में शुरू किए गए ‘आयु आरोग्य’ डे-केयर सेंटर की प्राथमिकताओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि केंद्र की स्थापना आयुर्वेद एवं प्राकृतिक चिकित्सा सेवाओं को अधिक लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। मोदीनगर में संचालित सोसाइटी के चैरिटेबल संस्थान की सेवाओं का विस्तार करते हुए शुरू किए गए इस केंद्र से सूर्य नगर और आसपास के लोगों को स्थानीय स्तर पर उपचार सेवाओं का विकल्प उपलब्ध होगा।

उपचार के साथ स्वास्थ्य जागरूकता

बिंदल ने कहा कि चिकित्सा संस्थान का कार्य केवल उपचार उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं होना चाहिए। रोगियों को अपनी स्वास्थ्य स्थिति, खानपान और दिनचर्या के बारे में भी जानकारी मिलनी चाहिए। उन्होंने बताया कि ‘आयु आरोग्य’ में उपचार के साथ स्वास्थ्य संबंधी मार्गदर्शन पर ध्यान दिया जाएगा। संस्थान का प्रयास रहेगा कि रोगियों को उनकी जरूरत के अनुसार जानकारी मिले और वे अपनी जीवनशैली में आवश्यक बदलावों के महत्व को समझ सकें।

आहार चिकित्सा को उपचार से जोड़ने का प्रयास

आयुर्वेद एवं प्राकृतिक चिकित्सा में आहार के महत्व पर बिंदल ने कहा कि खानपान और दिनचर्या स्वास्थ्य प्रबंधन के महत्वपूर्ण पहलू हैं। केंद्र में आहार चिकित्सा को भी उपचार प्रक्रिया से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। उनके अनुसार, रोगी की व्यक्तिगत स्थिति को ध्यान में रखकर खानपान और जीवनशैली संबंधी मार्गदर्शन देना उपयोगी हो सकता है। उन्होंने कहा कि आधुनिक चिकित्सा तकनीकों के विकास के बीच भी रोगी की स्थिति का सही आकलन और उपयुक्त उपचार का चयन महत्वपूर्ण बना रहता है।

गंभीर बीमारियों में चिकित्सकीय सलाह जरूरी

लंबे समय से दवाइयां लेने वाले रोगियों के संबंध में बिंदल ने कहा कि हर व्यक्ति की शारीरिक स्थिति और उपचार की जरूरत अलग होती है। बीमारी की प्रकृति, गंभीरता और व्यक्तिगत स्वास्थ्य परिस्थितियों के आधार पर सुधार में लगने वाला समय बदल सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि रोगियों को चिकित्सकीय परामर्श के बिना अपनी नियमित दवाइयां बंद नहीं करनी चाहिए। गंभीर बीमारियों में आवश्यक जांच, विशेषज्ञ चिकित्सक की सलाह और प्रमाणित उपचार जारी रखना जरूरी है। उन्होंने रोगियों को उपचार की प्रभावशीलता और सीमाओं के बारे में स्पष्ट जानकारी देने की आवश्यकता भी बताई।

जनसेवा और चिकित्सकों की योग्यता

चैरिटेबल संस्थान की प्राथमिकताओं पर बिंदल ने कहा कि अभिनंदन जनकल्याण सोसाइटी जनसेवा को महत्व देती है। संस्थान में उपचार शुल्क संचालन की लागत और आवश्यक खर्चों को ध्यान में रखकर निर्धारित किया जाता है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की सहायता के लिए उपलब्ध संसाधनों के अनुसार विकल्पों पर विचार किया जा सकता है। चिकित्सकों की योग्यता पर उन्होंने बताया कि संस्थान में योग्य चिकित्सक सेवाएं दे रहे हैं, जिनमें एमडी उपाधि प्राप्त चिकित्सक भी शामिल हैं। उनके अनुसार, कुछ चिकित्सकों को लगभग 40 वर्षों का अनुभव है। निःशुल्क उपचार या नियमित स्वास्थ्य शिविरों की निश्चित व्यवस्था का विवरण हालांकि उपलब्ध नहीं कराया गया।

दिल्ली-एनसीआर में सेवाओं के विस्तार की संभावना

बिंदल ने बताया कि नोएडा और दिल्ली-एनसीआर के अन्य क्षेत्रों के लोग मोदीनगर स्थित संस्थान की सुविधाओं का लाभ ले सकते हैं। सूर्य नगर में केंद्र शुरू होने से स्थानीय लोगों को उपचार का अतिरिक्त विकल्प मिला है। उन्होंने भविष्य में सेवाओं के विस्तार को समय, परिस्थितियों और उपलब्ध संसाधनों पर निर्भर बताया। साक्षात्कार के समापन पर उन्होंने हनुमान जी के प्रति आभार व्यक्त किया और कहा कि उन्हें जनसेवा का अवसर मिला है। उन्होंने लोगों से केंद्र में उपलब्ध सेवाओं की जानकारी लेने की अपील करते हुए जय हिंद और भारत माता की जय के उद्घोष के साथ अपना संदेश समाप्त किया।

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