गुजरात में 24 घंटे में तीसरी बार भूकंप के झटके, दहशत में घरों से बाहर भागे लोग

गांधीनगरः गुजरात में आज 24 घंटे में तीसरी बार भूकंप के झटके महसूस किए गए। इनकी तीव्रता 4.1 मापी गई है। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (एनसीएस) ने बताया है कि आज सबसे पहले भूकंप के झटके 12:57 बजे महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 4.4 रही। भूकंप का केंद्र कच्छ से 15 किलोमीटर दूर रहा। भूकंप के झटके के बाद लोग घर से बाहर आ गए। धरती के थर्राने से लोग सहम गए और घरों से निकल कर भागने लगे।
इससे पहले गुजरात में आज रात भूकंप की मध्यम तीव्रता का एक झटका महसूस किया गया जिससे कई स्थानों पर लोग भयवश घरों से बाहर निकल आये। आधिकारिक सूचना के अनुसार भूकंप की द्दष्टि से बेहद संवेदनशील माने जाने वाले कच्छ जिले के भचाऊ से 8 किमी उत्तर उत्तर पूर्व में अधिकेंद्र वाले इस भूकंप को रात लगभग आठ बज कर 13 मिनट पर महसूस किया गया। रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 5.2 आंकी गई। हालांकि अब तक जान माल के किसी नुकसान की सूचना नहीं है।

इसे कच्छ, राजकोट, जामनगर, गिर सोमनाथ, जूनागढ़ के अलावा अहमदाबाद समेत अन्य स्थानों पर भी महसूस किया गया। इसके चलते कई स्थानों पर लोग घरों से बाहर निकल आये। कुछ स्थानों पर गाड़यिों को भी हिलते हुए सीसीटीवी कैमरे में कैद किया गया था।बता दें कि गुजरात में विशेष रूप से कच्छ में लगभग रोजाना हल्के भूकंप के झटके महसूस किए जाते हैं। उनकी तीव्रता 1 से 3 के बीच होती है। पर आज का झटका कुछ तीव्र था।
2001 में भूकंप से हुआ था बड़ा नुकसान
उपमुख्यमंत्री नीतिन पटेल ने बताया कि अब तक जान माल के किसी नुकसान की कोई सूचना नहीं है। गुजरात कोरोना का एक बड़ा हॉट स्पॉट बना हुआ है और अधिकतर लोग घरों में ही रह रहे हैं। ऐसे में भूकंप के चलते लोग कुछ अधिक दहशत में दिखायी दिये। कुछ अस्पतालों के पास भी लोग बाहर निकल आये। गुजरात में आज कई इलाकों में वर्षा भी हो रही है। राज्य में इससे पहले 2001 में कच्छ में बहुत बड़ा भूकंप आया था जिसमें बड़ी संख्या में जानमाल का नुकसान हुआ था। वर्ष 2011 में तलाला में पांच तीव्रता का भूकंप आया था।





