ब्रेकिंग
जनरेश्वर मिश्र पार्क, लखनऊ स्थित “जुरासिक पार्क” या डायनासोर पार्क को लेकर गंभीर सवाल ? Hyderabad Fire Tragedy: हैदराबाद फर्नीचर शोरूम में भीषण आग, बेसमेंट में जिंदा जले 5 लोग, 22 घंटे बाद... अकील अख्तर ने थामा पतंग का साथ! झारखंड में AIMIM का बड़ा दांव, पाकुड़ की राजनीति में मचेगी हलचल मिर्जापुर जिम धर्मांतरण मामला: कोर्ट ने आरोपी इमरान को भेजा जेल, 14 दिन की जुडिशियल रिमांड पर फैसला Singrauli Mine Collapse: सिंगरौली में बड़ा हादसा, मिट्टी की खदान धंसने से 3 लोगों की मौत, 2 की हालत ... MBMC Election Results 2026: मीरा भयंदर में बीजेपी का दबदबा, लेकिन मेयर की कुर्सी के लिए विपक्षी एकजु... Suicide Case: पिता ने टोकना तो नाराज हुआ बेटा, ऑटो के अंदर फंदा लगाकर दी जान; परिजनों का रो-रोकर बुर... Gwalior Crime: ग्वालियर में 'लुटेरी दुल्हन' गैंग का भंडाफोड़, शादी के नाम पर ठगने वाली दुल्हन समेत 7... ईरान: आयतुल्ला खामेनेई का बड़ा फैसला, बेटे मसूद को बनाया सुप्रीम लीडर दफ्तर का प्रमुख; जानें वजह Natural Pest Control: चींटी, कॉकरोच और मच्छरों से छुटकारा पाने के घरेलू उपाय, नोट करें ये नेचुरल टिप...
देश

COVID-19: संकट के इस समय में सूरत की हीरा इंडस्ट्री ने बढ़ाथा आर्थिक मदद के लिए हाथ, यहां देखें कैसी मिलेगी मदद

सूरत। कोरोना वायरस के चलते देशभर में लोगों को काफी परेशानियों का सामना कर पड़ रहा है। संक्रमण के चलते प्रत्येक दिन लोगों की जान जा रही है। संकट की इस घड़ी में लोगों को अपनी नौकरी से भी हाथ  धोना पड़ रहा है, जिससे परेशान होकर लोग आत्महत्या करने पर भी मजबूर हो रहे हैं। ऐसे में सूरत के हीरा उद्योग ने ऐसे लोगों की मदद के लिए हाथ बढ़ाया है। वह इस इस क्षेत्र में काम करनेवाले श्रर्मिकों की आर्थिक मदद करने का एलान किया है।

डायमंड इंडस्ट्री करियर फाउंडेशन (DICF) मृतक के परिवारों को आर्थिक मदद देने की योजना लेकर आया है। संयुक्त राज्य अमेरिका के इस फाउंडेशन से जुड़े व्यक्तियों ने कोरोनोवायरस के कारण या हीरा उद्योग में नौकरी गंवाने के बाद आत्महत्या करने वाले लोगों के परिवारों की मदद करने का फैसला किया।

इस योजना के तहत एक अधिसूचना पारित की गई और मृतकों के परिवारों से ऑनलाइन पोर्टल पर खुद को पंजीकृत करने का अनुरोध किया गया और ऐसे परिवारों को 10,000 से 35,000 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है।

एक व्यापारी नीलेश बोडके ने कहा, “हम 10,000 से 35,000 रुपये की सहायता दे रहे हैं। हमने ऐसे 37 परिवारों का सर्वेक्षण किया है और 32 परिवारों को सहायता प्रदान की है।” उन्होंने कहा, “कुछ लोगों को राशन की जरूरत होती है, इसलिए हम उन्हें छह से सात महीने के लिए राशन का सामान भी उपलब्ध कराते हैं।”

फाउंडेशन से आर्थिक मदद और भोजन प्राप्त करने वाले मृतकों के परिवार के सदस्यों में से एक ने कहा कि यह फाउंडेशन इस समय कठिनाई के दौरान उनके परिवार के लिए मददगार साबित हुआ है। उन्होंने कहा कि उन्हें खाद्य किट मिले हैं, जो आठ महीने तक चलेगी । इसके साथ ही और 25,000 रुपये की आर्थिक सहायत भी मिली है।

मृतक के परिवार के सदस्य नीला प्रकाश काकडिया ने एएनआई को बताया, “मेरे पति का  कोरोना टेस्ट पॉजिटिव आया था। इस संगठन ने हमें आठ महीने के लिए राशन किट के साथ 25,000 रुपये का चेक प्रदान किया है

Related Articles

Back to top button