ब्रेकिंग
Swami Avimukteshwaranand on Gen Z: सादगी और मासूमियत ने दिला दिया मंत्री से इस्तीफा, मुख्य चुनाव आयु... Dewas Naka Flyover Indore: जाम से मिलेगी राहत, दिसंबर 2026 या जनवरी 2027 तक शुरू होने की संभावना MP Shujalpur Incident: चौबे मार्ग पर डीजे के कंपन से गिरा पैतृक मकान का हिस्सा, शांति समिति के नियमो... Bhojshala Satyagrah Dhar: संत समाज हिंदू आस्था के इस केंद्र के लिए पूरी तरह समर्पित, मां सरस्वती की ... UPI ट्रांजैक्शन पर 0.4% MDR चार्ज का विरोध: 2 अक्टूबर को 'नो UPI डे' मनाने की तैयारी में मोबाइल रिटे... Shahdol News: बिजली कटने से नाराज युवक शराब के नशे में ट्रांसफॉर्मर पर चढ़ा, सब-स्टेशन में मचाया जमक... Bilaspur News: मस्तूरी के स्कूल में बड़ा हंगामा, लेक्चरर ने प्रिंसिपल से की गाली-गलौज और जान से मारन... Ujjain Simhastha 2028: विकास कार्यों के लिए सीएम मोहन यादव ने खुद तोड़ा अपना पैतृक मकान, कहा- जनहित ... Ganesh Visarjan Accident Bhind: भारी बारिश के बीच नदी में फिसले पैर, एनडीआरएफ की टीम भी अब तक नहीं ढ... MPPSC Success Story: असफलता से हार नहीं मानी, 5 बार नेट क्वालीफाई कर राजीव कुशवाहा ने हासिल किया मुक...
देश

किसान आंदोलन- कांग्रेस का हल्ला बोल, हिरासत में ली गईं प्रियंका गांधी समेत कांग्रेसी नेता रिहा

कृषि कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रही कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा समेत कई कांग्रेसी नेताओं को गुरुवार को पुलिस ने हिरासत में लिया था, हालांकि बाद में सभी को रिहा कर दिया गया। दरअसल कांग्रेसी नेता किसानों के समर्थन में मार्च निकालना चाहते थे जिसकी उनको परमिशन नहीं मिली। नई दिल्ली में धारा 144 लगी हुई है और मार्च को निकालने की इजाजत नहीं मिलने के बावजूद प्रियंका गांधी समेत कई कांग्रेसी नेता राष्ट्रपति भवन की तरफ रवाना होने पर अड़े थे जिसके चलते पुलिस ने उनको हिरासत में लिया था। हिरासत से छूटने के बाद प्रियंका गांधी समेत अन्य कांग्रेसी नेता सड़क पर ही धरने पर बैठ गए।

PunjabKesari

इस दौरान प्रियंका गांधी ने कहा कि मोदी सरकार अपनी जिद्द पर अड़ी हुई है। मोदी सरकार दिल से किसानों की इज्जत नहीं करती। साथ ही प्रियंका ने कहा कि जब भी कोई सरकार से सवाल करता है, उसे देशद्रोही बता दिया जाता है।

बता दें कि इससे पहले कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी पार्टी के वरिष्ठ नेता गुलाब नबी आजाद और अधीर रंजन के साथ राष्ट्रपति को मिलने पहुंचे और उनको ज्ञापन सौंप कर तीनों कृषि कानून वापिस लेने की मांग की। बता दें कि हजारों की संख्या में किसान दिल्ली के सिंघू बॉर्डर पर धरने पर बैठे हुए हैं। किसान केंद्र से तीनों कृषि कानून वापिस लेने की मांग पर अड़े हुए हैं। वहीं सरकार किसानों को कई बार कह चुकी है कि इस कानून से उनको लाभ ही होगा और विपक्ष इस मामले में सिर्फ राजनीति कर रहा है।

Related Articles

Back to top button