ब्रेकिंग
Gwalior Crime Report: ग्वालियर में दहलीज के भीतर 'लाडली' बेहाल; दहेज हत्या के मामले घटे, लेकिन घरेलू... Khargone News: खरगोन में वेदा नदी के पुराने पुल की प्लेट धंसी; वाहन गुजरते समय कांप रहा है ब्रिज, बड... Crime in Bhopal: राजधानी में खौफनाक वारदात! ई-रिक्शा चालक ने दोस्तों के साथ मिलकर युवक को चाकू से रे... AIIMS News: एम्स से मोहभंग! आखिर क्यों संस्थान छोड़ रहे हैं दिग्गज डॉक्टर्स? जानें इस्तीफे की 5 बड़ी... PM Modi in Bengaluru: "कांग्रेस सत्ता की भूखी है!" बेंगलुरु में पीएम मोदी का वार— कहा, मौका मिलते ही... Shocking Murder: मासूम भतीजे की कातिल निकली बड़ी मम्मी; जान से मारकर कचरे में छिपाया शव, पुलिस ने कि... Sultanpur Crime: पति गया था बेटे-बहू से मिलने, पीछे से बुजुर्ग पत्नी की बेरहमी से हत्या; सुल्तानपुर ... IPL 2026: 15 साल के वैभव सूर्यवंशी के आगे बेबस हुए गेंदबाज! दिग्गज राशिद खान ने ऐसे किया शिकार, वीडि... Raja Shivaji Box Office Day 9: रितेश देशमुख की 'राजा शिवाजी' ने पकड़ी रफ्तार; दूसरे शनिवार को की जबर... Pakistan Terror Attack: पाकिस्तान में पुलिस स्टेशन पर बड़ा आतंकी हमला; फिदायीन धमाके में 3 पुलिसकर्म...
देश

जम्मू-कश्मीर के डीजीपी बोले, 2018 और 2019 की अपेक्षा इस साल कम हुई आतंकी घटनाएं

जम्मू-कश्मीर के डीजीपी दिलबाग सिंह ने साल के आखिरी दिन पाकिस्तान की नापाक हरकतों का पर्दाफाश किया है। डीजीपी सिंह ने बताया कि, ‘2018 और 2019 की अपेक्षा इस साल घाटी में कम आतंकी घटनाएं हुई हैं। हालांकि 2019 की तुलना में इस साल स्थानीय युवाओं के आतंकी संगठन में शामिल होने की संख्या में इजाफा हुआ है।’ हालांकि, सकारात्मक पहलू यह है कि उनमें से 70 प्रतिशत या तो समाप्त हो गए या गिरफ्तार कर लिए गए।

जम्मू-कश्मीर में इस साल आतंकी घटनाओं में तेजी से कमी नजर आई है। इस साल पाकिस्तान की ओर से अधिकतर घुसपैठ की घटनाएं नाकाम हुई हैं। दूसरी ओर सुरक्षाबलों की ओर से चलाए जा रहे ऑपरेशन ऑलआउट से घाटी से आतंकियों का सफाया जारी है। कुल 100 से अधिक ऑपेरशन हुए, इनमें से 90 कश्मीर हुए। इन ऑपरेशन में कुल 225 आतंकी मार गिराए गए हैं, जिसमें 46 टॉप कमांडर भी शामिल हैं। आज हर तंज़ीम का टॉप कमांडर मारा गया है। लेकिन अभी भी वहां के स्थानीय युवाओं का आतंकी संगठन में शामिल होने की घटनाओं में बढ़ौत्तरी हुई। है।

पाकिस्तान की ओर से जारी आतंकियों गतिविधियों पर बात करते हुए डीजीपी ने बताया कि घुसपैठ की कोशिशें नाकाम होने के बाद पाक को स्थानीय आतंकियों पर निर्भर होना पड़ा है। ऐसे में उन्होंने इनके पास तक हथियार विस्फोटक सामग्री और नकदी सप्लाइ करने के लिए ड्रोन का सहारा लिया जिन्हें सुरक्षाबलों ने नाकाम कर दिया। सिंह ने बताया कि जम्मू क्षेत्र में दर्जन भर आतंकी सक्रिय थे, जिनकी संख्या अब घटकर तीन रह गई है। फिलहाल ये आतंकी अभी किश्तवाड़ जिले में छिपे हुए हैं जिन्हें ट्रैक किया जा रहा है।

Related Articles

Back to top button