ब्रेकिंग
Baba Sodal Mela Security Plan: 25 सितंबर को लगेगा बाबा सोढल मेला; सीसीटीवी, बम व डॉग स्क्वाड संभालें... BJP Punjab Drug Free Rally: 'पंजाब के भविष्य की दिशा तय करेगी यह रैली'; अशोक सरीन हिक्की ने 50 एकड़ ... BJP Organizational Appointments: बीजेपी ने पंजाब और चंडीगढ़ के प्रभारी-सह प्रभारी किए नियुक्त; देखें... Poonch Security Alert: पुंछ में एलओसी से सटे गांवों में मिलीं 3 लैंडमाइन; सुरक्षाबलों का सर्च ऑपरेशन... Jodhpur Chemical Factory Fire: जोधपुर में केमिकल फैक्ट्री में भीषण आग के बाद ब्लास्ट; आग बुझाने में ... IIT Bombay Student Suicide: परीक्षा केंद्र का CCTV फुटेज आया सामने; साहिल वाकोडे मामले में बड़ा खुला... Bhoramdeo Sugar Factory Award: भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने को लगातार दूसरी बार मिला 'नेशनल एफिशिएंस... Jashpur News: जशपुर पुलिस की मिसाल! दिवंगत आरक्षक देव नारायण सिंह के पुत्र को मिला आरक्षक पद का नियु... Korba Crime News: जमीन विवाद में बुजुर्ग चाचा की कुल्हाड़ी मारकर हत्या; अगले ही दिन पत्थर से कुचलकर ... Balod Electricity News: बिना सूचना कट रहे पंचायत कनेक्शन; बालोद में बारिश के बीच सरपंच संघ का बड़ा प...
देश

भाजपा ने महिला नेताओं के पोस्टर जारी कर कहा- बुआ नहीं बेटी चाहिए

कोलकाता। चुनाव तारीखों के एलान के बाद बंगाल की लड़ाई अब बुआ और बेटी पर आ गई है। बंगाल भाजपा ने महिला नेताओं के पोस्टर जारी कर कहा है कि बंगाल को बुआ नहीं बेटी चाहिए। वहीं टीएमसी ने भी जवाब में कहा कि बंगाल को अपनी बेटी पसंद है। भाजपा ने पोस्टर में बंगाल की नौ पार्टी महिला नेताओं के चेहरे लगाए हैं। जिनमें रूपा गांगुली, देबश्री चौधरी, लॉकेट चटर्जी, भारती घोष, अग्निमित्रा पॉल शामिल हैं। भाजपा के पोस्टर में लिखा है, ‘बंगाल अपनी खुद की बेटी चाहता है, पिशी (बुआ) नहीं।’

दूसरी तरफ भाजपा के इस पोस्टर पर तृणमूल ने कटाक्ष किया है। इस संबंध में तृणमूल नेत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने कहा, “बुआ भी बंगाल की बेटी ही है। सभी की एक बुआ होती है। जिनके चेहरे का उन्होंने इस्तेमाल किया है, वे भी किसी की बुआ हैं ?”टीएमसी ने ममता बनर्जी को ‘बंगाल की बेटी’ के रूप में दर्शाया है। हाल ही में टीएमसी ने ममता को ‘बंगाल की बेटी’ के रूप में दिखाते हुए अपना मुख्य अभियान ‘बांग्ला निजेर मेयेके चाय’ की शुरुआत की थी।

टीएमसी ने ममता की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा था, “उनका जीवन न्याय के लिए संघर्षरत रहा है।उनकी मानवता ने बंगाल के हर व्यक्ति के दिल को छू लिया है। उनकी सादगी और दोस्ती ने उन्हें घर की बेटी बना दिया है। उनके नेतृत्व में बंगाल प्रगति के पथ पर आगे बढ़ा। इसीलिए हर कोई कह रहा है -‘बांग्ला निजेर मेयेके चाय। ‘

बंगाल में कब-कब हैं चुनाव

बंगाल की 294 सीटों पर आठ चरणों में चुनाव होगा. पहले चरण के तहत राज्य के पांच जिलों की 30 विधानसभा सीटों पर 27 मार्च को, दूसरे चरण के तहत चार जिलों की 30 विधानसभा सीटों पर एक अप्रैल, तीसरे चरण के तहत 31 विधानसभा सीटों पर छह अप्रैल, चौथे चरण के तहत पांच जिलों की 44 सीटों पर 10 अप्रैल, पांचवें चरण के तहत छह जिलों की 45 सीटों पर 17 अप्रैल, छठे चरण के तहत चार जिलों की 43 सीटों पर 22 अप्रैल, सातवें चरण के तहत पांच जिलों की 36 सीटों पर 26 अप्रैल और आठवें चरण के तहत चार जिलों की 35 सीटों पर 29 अप्रैल को मतदान होगा।

Related Articles

Back to top button