ब्रेकिंग
Balodabazar News: अनियंत्रित होकर पलटी पिकअप, ई-रिक्शा के उड़े परखच्चे; हादसे में 2 की हालत गंभीर Jharkhand News: 'देर है अंधेर नहीं'; रंजय सिंह मर्डर केस के फैसले पर बोलीं पूर्णिमा नीरज सिंह, दोनों... Sardar Patel Jayanti: राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में शामिल होगी 'झारखंड जगुआर'; देश देखेगा STF का अनुश... Rozgar Mela Ranchi: 20वें रोजगार मेले में बोले पीएम मोदी— '2047 के विकसित भारत का आधार हैं हमारे युव... MP Scooty Yojana 2026: सीएम मोहन यादव ने सरकारी स्कूलों के 7500 टॉपर्स को बांटी ई-स्कूटी; 1.20 लाख त... Ujjain Politics: उज्जैन महापौर मुकेश टटवाल को बीजेपी रथ से उतारा; बाबा साहेब प्रतिमा के पास बैठ जताय... Sanctioning Russia and Iran Act: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नए कानून से भारत पर मंडराया भार... Houthi Attacks on Saudi Arabia: सऊदी अरब पर हूती विद्रोहियों के हमलों की भारत ने की कड़ी निंदा, क्षे... North Korea Nuclear Tests Impact: उत्तर कोरिया के परमाणु परीक्षणों से दहल रहा माउंट मंटाप, लगातार बढ... National News: रोजगार मेले में बोले पीएम नरेंद्र मोदी— 'नागरिक देवो भव:' के भाव से काम करें नवचयनित ...
देश

दिल्ली के लाल किला और कुतुबमीनार समेत देश के सभी 3693 स्मारक 15 मई तक बंद

नई दिल्ली। कोरोना के बिगड़ रहे हालात को देखते हुए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआइ) ने अपने तहत आने वाले देश के सभी स्मारकों में पर्यटकों के प्रवेश पर 15 मई तक के लिए रोक लगा दी है। सभी स्मारक एक माह तक बंद रहेंगे। इस संबंध में बृहस्पतिवार देर शाम एएसआइ के निदेशक (स्मारक) एन के पाठक ने आदेश जारी कर दिए। इसमें इन आदेश को तुरंत प्रभाव से लागू किए जाने की बात कही गई है। इससे पहले लाकडाउन लगने पर मार्च 2020 के अंत से देश के सभी स्मारक बंद कर दिए गए थे। इसके बाद पर्यटकों की संख्या सीमित कर छह जुलाई को टिकट वाले सभी स्मारकों को खोलने की अनुमति दे दी गई थी। कोरोना के मामले कम होने पर 19 दिसंबर को पर्यटकों की संख्या से कैपिंग हटा ली गई थी।

बता दें कि देश में एएसआइ के अंतर्गत 3693 स्मारक हैं। इनमें से दिल्ली में 174 स्मारक हैं। देश भर में 143 स्मारकों में टिकट लगता है। इनमें से दिल्ली में टिकट वाले 11 स्मारक शामिल हैं। दिल्ली में जिन स्मारकों में टिकट लगता है उनमें विश्व धरोहर लाल किला, कुतुबमीनार, हुमायूं का मकबरा सहित राष्ट्रीय स्मारक पुराना किला, खान ए खाना का मकबरा, कोटला फिरोजशाह, जंतर मंतर, सजदरजंग का मकबरा, हौजखास परिसर व तुगलकाबाद का किला आदि शामिल है। लाकडाउन से पहले साल यानी 2019 तक प्रमुख स्मारकों में प्रति साल लाखों पर्यटक पहुंचते रहे हैं। इनमें देश के पर्यटक लालकिला में एक साल में 28 लाख, कुतुब मीनार में 31 लाख, हुमायूं के मकबरा में पांच लाख, जंतर-मंतर में चार लाख, पुराना किला में चार लाख तक पर्यटक पहुंचते रहे हैं। विदेशी पर्यटक सबसे अधिक हुमायूं के मकबरे में पहुंचते रहे हैं। यहां एक साल में 4 लाख, कुतुब मीनार में साढ़े 3 लाख, लालकिला में डेढ़ लाख तक पहुंचते रहे हैं।

Related Articles

Back to top button