ब्रेकिंग
Raxaul News: भारत-नेपाल सीमा पर संदिग्ध चीनी नागरिक गिरफ्तार, ई-रिक्शा से जा रहा था नेपाल, SSB ने दब... Telangana POCSO Case: पॉक्सो मामले में बंदी भगीरथ को झटका, हाईकोर्ट से राहत नहीं मिलने के बाद किया स... Bengal Politics: सॉल्ट लेक में टीएमसी दफ्तर से बरामद हुए कई आधार कार्ड, बीजेपी के ताला खोलने के बाद ... Ulhasnagar Crime News: उल्हासनगर में इंसानियत शर्मसार! मंदिर प्रवेश विवाद में महिलाओं के बाल काटे, च... Samba Narco Demolition: सांबा में ड्रग तस्करों के 'नार्को महलों' पर चला बुलडोजर, 60 करोड़ की 50 कनाल... Delhi Startup Scheme: दिल्ली में महिलाओं को स्टार्टअप के लिए मिलेगा ₹10 करोड़ का बिना गारंटी लोन, सी... Bharatmala Expressway Accident: बालोतरा में भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर पलटी स्कॉर्पियो, गुजरात के 3 श्... केरल शपथ ग्रहण: सीएम वी डी सतीशन के साथ 20 मंत्री भी लेंगे शपथ; राहुल, प्रियंका और खरगे रहेंगे मौजूद CBSE 12th Result: सीबीएसई ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) विवाद पर शिक्षा सचिव संजय कुमार का बड़ा बयान, फी... Jamui Viral News: जमुई में बुढ़ापे के अकेलेपन से तंग आकर 65 के बुजुर्ग और 62 की महिला ने मंदिर में र...
देश

जानें- आपके राज्य में कब से खुलेंगे स्‍कूल, क्या है एक्सपर्ट की राय; ताजा गाइडलाइंस जारी

नई दिल्ली। कोरोना महामारी की दूसरी लहर के धीमा पड़ने पर राज्‍यों में स्कूल खोलने की तैयारी शुरु हो गई है। कई राज्यों में स्कूल खुल गए हैं तो कई राज्यों में प्रक्रिया चल रही है। स्कूल खोलने वाले राज्यों में बिहार, गुजरात, मध्‍य प्रदेश, महाराष्‍ट्र, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, छत्‍तीसगढ़ जैसे राज्‍य शामिल हैं। अधिकतर जगह शुरू में कक्षा 10-12 के छात्रों के लिए 50 फीसद उपस्थिति के साथ स्‍कूल खोले जा रहे हैं। इसके अलावा भी कुछ नियम तय किए गए हैं जिनका पालन स्‍कूल खुलने के बाद जरूरी है।

अब जब दूसरी लहर भी नियंत्रण में दिख रही है तो कुछ राज्यों ने जुलाई के आखिर और अगस्त की पहले-दूसरे हफ्ते में फिर से स्कूल खोलने की प्लानिंग कर रखी है। लेकिन, सवाल यह उठता है कि जब कोविड-19 की तीसरी लहर आने की आशंका जताई जा रहा है तो क्या स्कूल खोलने का फैसला उचित है? आइए जानते हैं कि स्कूल खोलने को लेकर स्वास्थ्य विशेषज्ञों की क्या राय है और कौन-कौन से राज्यों में स्कूल खुलने की संभावना है…

 दिल्‍ली में आखिर कब खुलेंगे स्‍कूल?

राजधानी दिल्‍ली में स्कूल खोलने को लेकर स्थिति साफ नहीं है। मुख्‍यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दो-टूक कहा है कि अच्‍छा तो यही होगा कि वैक्‍सीनेशन पूरा होने के बाद ही स्‍कूल खुलें। सीएम केजरीवाल से जब इस बारे में सवाल किया गया तो उन्‍होंने इसका साफ-साफ जवाब दिया। उन्‍होंने कहा पहले हमने कहा था कि सही तो यह है कि वैक्‍सीनेशन कम्‍प्‍लीट होने के बाद स्‍कूलों को खोला जाए। बाकी राज्‍यों में अगर स्‍कूल खुल रहे हैं तो हम उनके अनुभवों को देख सकते हैं। केजरीवाल ने कहा कि पैरेंट्स अपने बच्‍चों की सेफ्टी को लेकर अब भी डरे हुए हैं। उनके पास कई पैरेंट्स के मैसेज आए हैं जिसमें उन्‍होंने चिंता जताई है।

हिमाचल प्रदेश में दो अगस्त से स्‍कूल खोलने की हो रही तैयारी

हिमाचल प्रदेश कैबिनेट ने भी अगले महीने से स्‍कूल खोलने का फैसला किया है। हालांकि 2 अगस्‍त से कक्षा 10-12 तक के स्‍कूल ही खुलेंगे। कोविड-19 से जुड़ी गाइडलाइन का पालन करना होगा। कक्षा 5 से 8 तक के छात्रों को भी 2 अगस्‍त से स्‍कूल आने की इजाजत होगी। राज्‍य में कोचिंग, ट्यूशन और ट्रेनिंग संस्‍थानों को 26 जुलाई से खोल दिया जाएगा।

गुजरात में 26 जुलाई से खुलेंगे हायर सेकेंडरी स्‍कूल

गुजरात में पिछले हफ्ते (15 जुलाई) कक्षा 12 और कॉलेजेस को ऑफलाइन क्‍लासेज शुरू करने की अनुमति दी जा चुकी है। गुजरात सरकार ने कहा कि 26 जुलाई से कक्षा 9-11 की कक्षाएं भी शुरू हो जाएंगी। अभी 50 फीसद उपस्थिति (अनिवार्य नहीं) रखी जाएगी और छात्रों को अभिभावकों से अनुमति के बाद ही स्‍कूल में प्रवेश मिलेगी। सभी स्‍कूल के स्‍टाफ को वैक्‍सीन की कम से कम एक डोज जरूरी लगी होनी चाहिए।

बिहार में अगस्‍त से शुरू होगी जूनियर्स की पढ़ाई

बिहार में कक्षा 1 से 10 तक के सभी स्‍कूलों को अगस्‍त के दूसरे सप्‍ताह से खोला जा सकता है। राज्‍य के शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि स्थितियां अनुकल रहीं तो अगस्‍त के दूसरे सप्‍ताह से स्‍कूल खोलने की खातिर आपदा प्रबंधन समूह की बैठक में फैसला लिया जाएगा। सीनियर क्‍लासेज के स्‍कूल पहले ही खुल चुके हैं।

मध्‍य प्रदेश में 26 जुलाई से खुलने हैं स्‍कूल

मध्‍य प्रदेश में कक्षा 11 और 12 की कक्षाएं और हॉस्‍टल 26 जुलाई से खोलने का फैसला हुआ है। कक्षा 9 और 10 के छात्रों की खातिर स्‍कूल 5 अगस्‍त से खुलेंगे मगर अभिभावकों की सहमति जरूरी होगी। अभी 50 फीसद उपस्थिति के साथ स्‍कूल खुलेंगे और हफ्ते में चार दिन कक्षाएं चलेंगी। हालांकि अभी तक कोविड गाइडलाइन जारी नहीं हो पाई है।

पंजाब में कक्षा 10-12 के स्‍कूल खोलने की इजाजत

पंजाब में 26 जुलाई से कक्षा 10, 11 और 12 के स्‍कूल खुल रहे हैं। हालांकि सिर्फ उन्‍हीं टीचर्स और स्‍टाफ को स्‍कूल में एंट्री मिलेगी जो पूरी तरह वैक्‍सीनेट हो चुके होंगे। छात्र स्‍कूल आएं या नहीं, इसपर अभिभावकों का निर्णय अंतिम होगा। अगर हालात काबू में रहते हैं तो बाकी कक्षाओं को 2 अगस्‍त से खोला जा सकता है।

छत्‍तीसगढ़ में भी दो अगस्‍त से खुल रहे स्‍कूल

छत्‍तीसगढ़ ने 2 अगस्‍त से कक्षा 10 और 12 के स्‍कूल खुल जाएंगे। अभी 50 फीसद उपस्थिति की अनुमति होगी। कॉलेज भी इसी तारीख से खुलेंगे। छात्रों को एक दिन के अंतराल पर क्‍लासेज के लिए बुलाया जाएगा। हालांकि यह अनिवार्य नहीं होंगी। अभिभावकों की अनुमति जरूरी होगी।

आंध्र प्रदेश में 16 अगस्‍त से खुलेंगे स्‍कूल

आंध्र प्रदेश सरकार ने बुधवार को कहा कि 16 अगस्‍त से स्‍कूल खोल दिए जाएंगे। अभी यहां पर अध्यापक ही एक दिन के अंतराल पर स्‍कूल जा रहे हैं। बच्‍चों को डाउट्स क्लियर करने के लिए स्‍कूल जाने की इजाजत है।

​क्या कहते हैं हेल्थ एक्सपर्ट

एक तरफ तीसरी लहर की आशंका तो दूसरी लहर बच्चों की पढ़ाई की चिंता, इनके बीच कई स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने स्कूल खोलने को लेकर अपनी राय दी है। दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) के डायरेक्टर डॉ. रणदीप गुलेरिया का कहना है कि बच्चों का क्लास में जाकर शिक्षकों से सीधे सवाल-जवाब करना बहुत जरूरी है, इसलिए स्कूल खुलने चाहिए। वैसे भी बहुत से बच्चों के पास ऑनलाइन क्लास लेने की सुविधा नहीं है, लेकिन इस बात का ख्याल भी रखना होगा कि बच्चे स्कूल जाएं तो वहां दूसरे बच्चों से बहुत घुलें-मिलें नहीं, उचित दूरी बनाकर रखें, खाने-पीने या अन्य सामानों का लेन-देन नहीं करें, यानी कुल मिलाकर कोविड प्रॉटोकॉल का ज्यादा से ज्यादा ध्यान रखें।

स्कूल खोलने को लेकर आईसीएमआर की गाइडलाइंस

बता दें कि सरकार ने पिछले महीने में कहा था कि अगर स्कूल के ज्यादातर स्टाफ टीका लगवा लें तो स्कूल खोले जा सकते हैं। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के महानिदेशक डॉ. बलराम भार्गव ने कहा था कि प्राइमरी कक्षा के बच्चों को स्कूल बुलाया जा सकता है। उन्होंने कहा था कि बच्चे कोरोना वायरस से बड़ों के मुकाबले बेहतर तरीके से लड़ पाते हैं, इसलिए पहले उन्हें ही स्कूल बुलाना चाहिए और फिर धीरे-धीरे मिडल और हाई स्कूल भी खोले जा सकते हैं। लेकिन, ज्यादातर राज्य इस सलाह के उलट कक्षा 9 से 12वीं के बच्चों को स्कूल बुलाने का मन बना रहे हैं। दरअसल, सरकार बोर्ड एग्जाम के मद्देनजर सीनियर छात्रों को पहले स्कूल बुलाना चाहते हैं।

Related Articles

Back to top button