मध्यप्रदेश
उमरिया में 3 माह में पांच बाघों की मौत, वन विभाग कर रहा जांच
उमरिया। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में मानपुर परिक्षेत्र के ग्राम पटेहरा के पास शुक्रवार रात एक नाले में बाघ का कई दिन पुराना शव रेत में दबा मिला है। अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है कि बाघ की मौत की वजह क्या है। बांधवगढ़ में पिछले तीन माह में पांच बाघों की मौत हो चुकी है। मानपुर रेंज में ही चार बाघों की जान गई है। 2023 के साढ़े आठ माह में बांधवगढ़ में 10 बाघ मर चुके हैं।
मानपुर वन परिक्षेत्र अधिकारी मुकेश अहिरवार ने बताया कि तेलियाडांड स्थित जंगल के नाले में देर रात गश्ती दल को बाघ का शव दिखा था। इसकी जानकारी बांधवगढ़ टाइगर रिज़र्व के अधिकारियों को दी। पार्क की टीम में शामिल डाग स्क्वाड ने आसपास का निरीक्षण किया। हालांकि, अभी वन विभाग ने किसी भी तरह की कोई संदिग्ध स्थिति मिलने की जानकारी नहीं दी है।
तीन माह में मारे गए बाघ
16 जुलाई को मानपुर रेंज के देवरी बीट में ग्राम मढ़उ के पास घायल बाघिन की इलाज के दौरान मौत हो गई। 21 जुलाई को मानपुर रेंज के देवरी बीट आरएफ 363 में बाघ का एक सप्ताह पुराना शव पाया गया। नौ अगस्त को बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के पनपथा कोर परिक्षेत्र के पथरहटा बीट में बाघिन का कई दिन पुराना शव मिला। 27 अगस्त को मानपुर बफर रेंज के बीट पटेहरा के पीएफ क्रमांक 641 में चार वर्षीय बाघ का शव पाया गया।






