ब्रेकिंग
HSVP Plot Scam: ओस्टिज कोटे में फर्जी आवंटन पर ACB का बड़ा एक्शन, 2 रिटायर्ड IAS समेत 9 पर FIR दर्ज Gurugram Crime News: फर्रुखनगर में महिला ने पीजी की छत से कूदकर की आत्महत्या, पति पर दहेज उत्पीड़न क... हरियाणा में विशेष मतदाता पुनरीक्षण अभियान: 12-13 और 26-27 सितंबर को सभी बूथों पर बैठेंगे BLO अहमदाबाद में युगल गर्ग ने लहराया परचम: वर्ल्ड पैरा आर्चरी सीरीज 2026 में जीता कांस्य पदक Sonipat Police Encounter: नंदू गैंग के नाम पर मांगी 2 करोड़ की फिरौती, खरखौदा में फायरिंग के बाद मुठ... ग्रामीण सफाई कर्मियों के मानदेय में 2100 रुपये की बढ़ोतरी: जनवरी 2026 से मिलेगा बकाया एरियर यमुनानगर के पावनी रोड पर पुलिस और बदमाशों में मुठभेड़: जवाबी फायरिंग में दो आरोपी घायल महिला अनुबंध कर्मचारियों की अतिरिक्त CL की सुविधा वापस: उच्च शिक्षा निदेशालय ने निरस्त किया आदेश हरियाणा के राइस मिलर्स को बड़ी राहत: चावल वापसी की अंतिम तिथि 30 सितंबर तक बढ़ी Chhattisgarh Police Cyber Cell: कोरबा में 8 महीने में 400 से ज्यादा खोए फोन बरामद, डीएसपी ने सौंपा 2...
हरियाणा

UP के बाद अब पंजाब-हरियाणा के किसानों का दिल्ली कूच, शंभू बॉर्डर पर बढ़ी हलचल; बात के लिए रात 11 बजे तक का अल्टीमेटम

पंजाब और हरियाणा के किसान एक बार फिर से दिल्ली कूच करने के लिए तैयार हैं. किसान नेताओं ने कहा है कि इस बार वह दिल्ली के लिए पैदल ही कूच करेंगे. पंजाब-हरियाणा के शंभू बॉर्डर से शुक्रवार को 101 किसानों का जत्था दिल्ली के लिए निकलेगा. किसान नेताओं का कहना है कि सरकार इस पर क्या एक्शन लेगी यह सरकार जानें वह दिल्ली की ओर 6 दिसंबर को मार्च शुरू करेंगे. किसानों का एक जत्था हर दिन रवाना होगा.

किसान नेता सरवन सिंह पंधेर और मनजीत सिंह ने बताया है कि इस बार कई किसान जत्थों में शामिल होंगे. पहला जत्था दिल्ली के लिए 6 दिसंबर को शंभू बॉर्डर से ही रवाना होगा. इसकी अगुवाई सतनाम सिंह पन्नू, सरबजीत सिंह फूल, और सुरेंद्र चौटाला करेंगे. उनके अलावा अन्य किसान नेता भी इस जत्थे में शामिल होंगे. अगर सरकार की ओर से पैदल किसानों को रोका गया और बल प्रयोग किया गया तो फैसला लिया जाएगा कि दूसरे दिन जत्था आगे भेजना है या नहीं.

शंभू बॉर्डर से ही होगी मार्च

किसान नेताओं का कहना है कि पंजाब-हरियाणा की सीमाओं को जोड़ने वाले शंभू बॉर्डर पर बने पुल पर हरियाणा पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्सेस तैनात हैं. उसी रास्ते पर किसान आगे बढ़ेंगे. उन्होंने कहा कि इस बॉर्डर को इंटरनेशनल बॉर्डर की तरह सुरक्षित रखा गया है. सरकार किसानों के साथ दूसरे देश के नागरिकों जैसा व्यवहार कर रही है. शंभू बॉर्डर के अलावा खन्नौरी बॉर्डर पर भी भारी सुरक्षा के इंतजाम किए गए हैं. हालांकि उन्होंने उस रास्ते से आगे बढ़ने पर फिलहाल इनकार किया है. संयुक्त किसान मोर्चा (गैर-राजनीतिक) और किसान मजदूर मोर्चा ने उन 101 किसानों की लिस्ट जारी की है जो कि दिल्ली की ओर रवाना होंगे. सरवन सिंह पंधेर ने कहा है कि सरकार अगर बात करना चाहती है तो 5 दिसंबर को रात 11 बजे तक जानकारी एसकेएम और केएमएम को लिखित रूप से दें. उन्होंने कहा कि पिछली बार की तरह वह इस बार केंद्र की रणनीति में नहीं फंसेंगे.

Related Articles

Back to top button