ब्रेकिंग
दरभंगा में PM मोदी पर अभद्र टिप्पणी करने वाला गिरफ्तार, कांग्रेस से है जुड़ा देश के लिए सिर कटा देंगे, लेकिन सत्ता के लिए समझौता नहीं करेंगे- केजरीवाल ने साधा बीजेपी पर निशाना PM मोदी पर टिप्पणी कांग्रेस-RJD की निंदनीय हरकत, राहुल गांधी माफी मांगे- भजनलाल शर्मा जम्मू में कुदरत का त्राहिमाम: बारिश से मची तबाही में 45 की मौत, उजड़े सैकड़ों आशियाने… स्कूल-कॉलेज ब... रांची: स्कूल जा रही मां-बेटी को तेज रफ्तार ट्रक ने रौंदा, मौके पर ही दोनों की मौत दामाद को पिलाया मिर्च का पानी, कान में डाली तेल से भिगोई रूई, फिर आंखों में झोंका चिली पाउडर… जादू ट... घर में था दोष, दूर करने के लिए दादा ने की पोते की हत्या, शव के टुकड़े कर फेंके… पुलिस की पूछताछ में ... प्रयागराज होकर चलेगी देश की पहली स्लीपर वंदे भारत, राजधानी एक्सप्रेस से इतना महंगा होगा किराया, ये ह... दिल्ली मेट्रो की येलो लाइन में तकनीकी खराबी, ब्लू लाइन पर भी असर… दिखी भारी भीड़, DMRC ने दिया ये अप... मेट्रो से मैन्युफैक्चरिंग, सेमीकंडक्टर से स्टार्टअप्स तक… पीएम मोदी ने बताया भारत के लिए जापान कितना...
देश

वर्ष 2025 तक भारत दुनिया में 5 ट्रिलियन डॉलर वाली इकोनॉमी बनेगा : अनुराग

चंडीगढ़: वर्ष 2025 तक भारत पूरी दुनिया में 5 ट्रिलियन डॉलर वाली इकोनॉमी बनेगी। केंद्र सरकार की ओर से यह लक्ष्य रखा गया है। यह बात केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने सैक्टर-31 में सी.आई.आई. में आयोजित एक सत्र के दौरान कही।

भारतीय कराधान प्रणाली में विवादों की विरासत को संबोधित करते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा कि सरकार ने लंबित कर विवादों के समाधान के लिए एक बार विवाद से विश्वास योजना को लागू किया है, जो ब्याज और जुर्माने से छूट देती है।

कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि विभाग के पास लंबित मामलों में से 90 प्रतिशत तक हल करने की उम्मीद है। उन्होंने कहा इस सत्र का उद्देश्य हितधारकों के विचारों को समझना और व्यापारियों और उद्योग द्वारा सामना की जाने वाली विभिन्न नीति और प्रक्रियात्मक मुद्दों पर सीधे अपनी प्रतिक्रिया देना है।

ऋण पुनर्गठन को एक वर्ष के लिए 31 मार्च तक बढ़ाया :
बैंकिंग क्षेत्र के सुधारों को सरकार की प्राथमिकता बताते हुए ठाकुर ने बताया कि 2014 के बाद से बैंकों की खराब परिसंपत्ति की गुणवत्ता खराब थी, जिसकी समीक्षा की गई है और 70,000 करोड़ रुपए में से लगभग 63,000 करोड़ रुपए पुनर्पूंजीकरण के साथ पहले ही किए जा चुके हैं।

4 सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक शीघ्र सुधारक कार्रवाई से बाहर होंगे। एम.एस.एम.ई. के प्रति भारत सरकार की प्रतिबद्धता पर प्रकाश डालते हुए ठाकुर ने कहा कि वन टाइम सैटलमैंट पॉलिसी पहले ही तैयार की जा चुकी है। इसके बाद सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों के लिए ऋण पुनर्गठन को एक वर्ष के लिए 31 मार्च तक बढ़ा दिया गया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button