Jharkhand:सामूहिक नरसंहार से चर्चा में आए गांव में पुलिस से मुठभेड़ में मारे गए तीन नक्सली, भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद

सोनुवा। तथाकथित पत्थलगड़ी विवाद में सात लोगों की सामूहिक हत्या के बाद सुर्खियों में रहे कोल्हान प्रमंडल के पश्चिमी सिंहभूम जिले के बुरूगुलीकेरा गांव के रायदा टोला में पुलिस से मुठभेड़ में तीन नक्सली मारे गए हैं।
घटना स्थल से पुलिस ने भारी मात्रा में विस्फोटक भी बरामद किया है। मारे गए नक्सलियों की पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस का अनुमान है कि मारे गए नक्सलियों में कुख्यात नक्सली जीवन कंडुलना का दाहिना हाथ रहा सुरेश मुंडा शामिल है। बताया गया है कि पुलिस को सूचना मिली कि गुदड़ी थाना इलाके के बुरूगुलीकेरा के रायदा टोला में नक्सलियों ने डेरा डाल रहा है। सूचना के बाद पुलिस टीम ने शनिवार अहले सुबह रायदा टोला की घेराबंदी की। पुलिस के पहुंचने की सूचना पर नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की। पुलिस नक्सलियों पर भारी पड़ी और तीन नक्सली मारे गए। जिस जगह मुठभेड़ हुई पोड़ाहाट का जंगली इलाका है और पहाड़ी पर अवस्थित है। पुलिस ने घटनास्थल से भारी मात्रा में विस्फोटक और हथियार बरामद किए हैं। पुलिस इलाके में सर्च ऑपरेशन चला रही है। अनुमान लगाया गया है कि नक्सली किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बनाकर जमा हुए थे।
एसपी मौके के लिए रवाना
मुठभेड़ की सूचना के बाद पश्चिमी सिंहभूम के आरक्षी अधीक्षक इंद्रजीत महथा और प्रखंड विकास पदाधिकारी सुनील कुमार वर्मा घटना स्थल के लिए रवाना हो चुके हैं। घटना स्थल सोनुवा प्रखंड मुख्यालय से कोई 50 किलोमीटर दूर है। इस वजह से विस्तृत जानकारी नहीं मिल पा रही है। मारे गए नक्सलियों की पहचान कराने में पुलिस जुटी है। वैसे जो शुरुआती अनुमान लगाया गया है उसके मुताबिक मारे गए नक्सलियों में कुख्यात जीवन कंडुलना का दाहिना हाथ रहा सुरेश मुंडा शामिल है। मुठभेड़ में तीन नक्सलियों के मारे जाने से माओवादी संगठन को गहरा धक्का लगा है।
जनवरी महीने में हुई थी सात लोगों की सामूहिक हत्या
नक्सल प्रभावित गुदड़ी थाना इलों के बुरूगुलीकेरा गांव में जनवरी महीने में सामूहिक नरसंहार को अंजाम दिया गया था। सात लोगों को गांव से उठाकर जंगल में ले जाकर मार डाला गया था। पत्थलगड़ी के समर्थन और विरोध को लेकर गांव के उप मुखिया जेम्स बूढ़ (30), निर्मल बूढ़ (25), लोम्बा बूढ़ (25), एतवा बूढ़ (27), कोंजो टोपनो (23), जरवा बूढ़ (22) और बोआस लोमगा (35) को मौत के घाट उतारा गया था। मामले में डीआइजी कुलदीप द्विवेदी ने लापरवाही बरतने के आरोप में गुदड़ी के थाना प्रभारी अशोक कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था।





