ब्रेकिंग
Haryana PGT Seniority List Revised: हरियाणा में दिव्यांग श्रेणी के 19 पीजीटी शिक्षकों की वरिष्ठता सू... Haryana Road Safety Initiative: हरियाणा में सड़क किनारे खड़े अनुपयोगी बिजली खंभों को हटाने का अभियान... HPSC HCS Final Result 2026: हरियाणा सिविल सेवा परीक्षा का फाइनल रिजल्ट जारी, अभिषेक सरोहा ने किया टॉ... बेटी से छेड़खानी करने वाले का हाथ काटने वाले को 2 लाख का इनाम देंगे सांसद पप्पू यादव Kasganj Crime News: कासगंज में डेढ़ माह के मासूम बच्चे की खरीद-फरोख्त का खुलासा, मां समेत पांच आरोपी... Shiva Sharma Murder Case: लखनऊ में शिवा हत्याकांड की मुख्य आरोपी श्रद्धा दुबे कर सकती है सरेंडर, पुल... कुरुक्षेत्र के पास जम्मू-कश्मीर जा रही बस पर पथराव, सीएम उमर अब्दुल्ला ने जताई नाराजगी साधारण परिवार की बेटी से कैसे अंडरवर्ल्ड और माफिया के संपर्क में आई श्रद्धा दुबे? जानिए पूरी क्राइम ... आंध्र प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग, जगन ने नायडू सरकार पर लगाया ‘जंगल राज’ का आरोप ग्वालियर सड़क हादसे पर सीएम मोहन यादव का कड़ा एक्शन, सीएसपी हटाए गए और 3 थाना प्रभारियों समेत 8 पुलि...
देश

ममता-अभिषेक सड़क पर! पश्चिम बंगाल में SIR के विरोध में TMC का हल्ला बोल, कहा- “यह हमें स्वीकार नहीं”

बंगाल में एसआईआर प्रक्रिया शुरू हो गई है. फॉर्म वितरण भी शुरू हो गया है. इसी माहौल में आज ममता-अभिषेक सड़क पर हैं. तृणमूल मंगलवार को एसआईआर के विरोध में एक विशाल जुलूस निकाली गई. यह जुलूस अंबेडकर प्रतिमा के नीचे से शुरू होकर जोड़ासांको स्थित ठाकुरबाड़ी निकाला गया. जुलूस में उत्तर 24 परगना, दक्षिण 24 परगना, हावड़ा, हुगली के आम लोग और समर्थक शामिल हुए हैं. टीएमसी नेताओं और समर्थकों का कहना है कि SIR स्वीकार नहीं है. हम दीदी के रास्ते पर चलेंगे. जुलूस में तृणमूल के कई मंत्री और शीर्ष नेता मौजूद रहे.

जुलूस में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी दोनों ही नारेबाजी के साथ SIR की प्रक्रिया का विरोध किया. इस जुलूस में अलग-अलग धर्मों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे. एक तरह से जुलूस में सभी धर्मों के बीच सद्भाव का संदेश भी दिया गया. बंगाल में एसआईआर को लेकर टीएमसी का कहना है कि इसके लिए चुनाव आयोग की ओर से जिन डॉक्यूमेंट और 2002-2003 वोटर लिस्ट की बात कही गई है वो फिट नहीं बैठता है.

चुनाव आयोग के फैसले का हो रहा विरोध

दरअसल, चुनाव आयोग की ओर से कहा गया है कि 2002-03 के वोटर लिस्ट में जिसका नाम होगा उन्हें कोई कागजात दिखाने की जरूरत नहीं है. उन्हें इस बार के एसआईआर में अपने आप शामिल कर लिया जाएगा, लेकिन जिनका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है उन्हें आयोग की ओर से मांगे गए कागजात के साथ बीएलओ से संपर्क करना होगा. बीएलओ घर-घर भी जाएंगे और डॉक्यूमेंट्स इकट्ठा करेंगे.

पुरानी वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का लगाया आरोप

दूसरी ओर टीएमसी का कहना है कि 2002-2003 में किए गए एसआईआर के बाद जो वोटर लिस्ट बनी थी उसमें भी गड़बड़ी थी. ऐसी स्थिति में त्रुटिपूर्ण वोटर लिस्ट को आधार मानकर कैसे इस प्रक्रिया को अंजाम दिया जा सकता है. पार्टी का कहना है कि चुनाव आयोग बीजेपी के इशारे पर काम कर रहा है. उसके प्रक्रिया में बदलाव करना चाहिए.

7.66 करोड़ गणना प्रपत्र तैयार

पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) मंगलवार को शुरू हो गया है. बूथ स्तर के अधिकारी (बीएलओ) मतदाताओं के घरों पर जाकर उन्हें गणना प्रपत्र वितरित कर रहे हैं. एक अधिकारी ने बताया कि इस प्रक्रिया के लिए कुल 80681 बीएलओ की तैनाती की गई है. राज्य के 294 विधानसभा क्षेत्रों के लिए अब तक कुल 7.66 करोड़ गणना प्रपत्र तैयार किए जा चुके हैं और प्रत्येक मतदाता को दो प्रपत्र मिलेंगे.

Related Articles

Back to top button